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Ambala News: नग्गल पीएचसी को बाढ़ में लाखों का नुकसान
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अंबाला। स्वास्थ्य विभाग बाढ़ के बाद अपने नुकसान का आंकलन करने में जुटा है। इसके तहत स्वास्थ्य विभाग को सबसे अधिक नग्गल स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में सात से आठ फीट जलभराव होने के कारण भारी नुकसान हुआ है। यहां शुरुआती तौर पर 15 लाख तक के नुकसान का आंकलन किया है।
इससे पहले अंबाला छावनी के इंडस्ट्रियल एरिया में बने वेयरहाउस में 25 करोड़ रुपये का विभाग को नुकसान हुआ था। इससे अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर में दवाओं की सप्लाई प्रभावित हुई। इस वेयर हाउस में कुछ गंभीर बीमारियों की दवा भी शामिल थी। इन दवाओं की कमी न हो इसके लिए कंपनी को बनाने को कह दिया है। इसके साथ ही जो दवाएं खराब हुईं हैं उसके निस्तारण की योजना भी स्वास्थ्य विभाग बना रहा है।
इंश्योरेंस से कवर होगा स्वास्थ्य विभाग का नुकसान
वेयर हाउस में स्वास्थ्य विभाग को जो 25 करोड़ की दवाओं का नुकसान हुआ है उसकी भरपाई इंश्योरेंस से कराई जाएगी। क्योंकि विभाग ने पहले ही अपने वेयरहाउस का बीमा कराया हुआ था। अभी तक किसी भी बीमारी का आउटब्रेक स्वास्थ्य विभाग के सामने नहीं आया है। मगर फिर भी चूक न हो इसके लिए विभाग की सभी टीमें अवकाश के दिन फील्ड में उतरी दिखाई दी। सिविल अस्पताल से नोडल अधिकारी डॉ सुखप्रीत सिंह ने बताया कि स्वास्थ्य टीमें लगातार अपने-अपने तय क्षेत्रों में जाएंगी और शिविर लगाकर लोगों के स्वास्थ्य का परीक्षण करेंगी। इस कार्य को रोका नहीं जा सकता है क्योंकि अभी भी हम बीमारी के मुहाने पर हैं। अभी तक विभाग 750 कैंप लगा चुका है जिसमें 16000 से अधिक मरीजों की जांच की जा चुकी है। इसमें सबसे अधिक त्वचा रोग से संबंधित केस मिले हैं। वहीं पानी के 2100 ओटी टेस्ट व 160 बैक्टोरियल परीक्षण हो चुके हैं।
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इससे पहले अंबाला छावनी के इंडस्ट्रियल एरिया में बने वेयरहाउस में 25 करोड़ रुपये का विभाग को नुकसान हुआ था। इससे अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर में दवाओं की सप्लाई प्रभावित हुई। इस वेयर हाउस में कुछ गंभीर बीमारियों की दवा भी शामिल थी। इन दवाओं की कमी न हो इसके लिए कंपनी को बनाने को कह दिया है। इसके साथ ही जो दवाएं खराब हुईं हैं उसके निस्तारण की योजना भी स्वास्थ्य विभाग बना रहा है।
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इंश्योरेंस से कवर होगा स्वास्थ्य विभाग का नुकसान
वेयर हाउस में स्वास्थ्य विभाग को जो 25 करोड़ की दवाओं का नुकसान हुआ है उसकी भरपाई इंश्योरेंस से कराई जाएगी। क्योंकि विभाग ने पहले ही अपने वेयरहाउस का बीमा कराया हुआ था। अभी तक किसी भी बीमारी का आउटब्रेक स्वास्थ्य विभाग के सामने नहीं आया है। मगर फिर भी चूक न हो इसके लिए विभाग की सभी टीमें अवकाश के दिन फील्ड में उतरी दिखाई दी। सिविल अस्पताल से नोडल अधिकारी डॉ सुखप्रीत सिंह ने बताया कि स्वास्थ्य टीमें लगातार अपने-अपने तय क्षेत्रों में जाएंगी और शिविर लगाकर लोगों के स्वास्थ्य का परीक्षण करेंगी। इस कार्य को रोका नहीं जा सकता है क्योंकि अभी भी हम बीमारी के मुहाने पर हैं। अभी तक विभाग 750 कैंप लगा चुका है जिसमें 16000 से अधिक मरीजों की जांच की जा चुकी है। इसमें सबसे अधिक त्वचा रोग से संबंधित केस मिले हैं। वहीं पानी के 2100 ओटी टेस्ट व 160 बैक्टोरियल परीक्षण हो चुके हैं।
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