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Ambala News: सिटी और कैंट में खिला कमल, बराड़ा में नहीं दिखा कमाल
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अंबाला। शहर और छावनी के नगर निकाय चुनावों में भाजपा ने कमबैक किया है। नगर निगम में मेयर के पद पर पूर्व में हजपा ने चुनाव जीता था, मगर इस बार भाजपा ने मेयर पद जीतकर शहर में वापसी की है। भाजपा से शैलजा सचदेवा मेयर बनने जा रही हैं।
खास बात है कि कम मतदान प्रतिशत के बावजूद शैलजा सचदेवा ने 20,487 मतों से कांग्रेस प्रत्याशी अमीषा चावला को हराया। इसी प्रकार कैंट नगर परिषद में कांग्रेस का दबदबा रहा है। मगर इस बार कांग्रेस ने अपने प्रत्याशी नहीं उतारे और इसी बात का फायदा उठाते हुए भाजपा ने यह चुनाव जीत लिया। यहां पूर्व में पार्षद रहीं स्वर्ण कौर ने अब अध्यक्ष पद पर 26,923 जीत दर्ज कराई है।
अंबाला सिटी और कैंट दोनों ही नगर निकायों की इकाइयों में भाजपा को लोगों ने भरपूर तरीके से पसंद किया है। मगर भाजपा का यह जादू नगर पालिका बराड़ा के अध्यक्ष पद पर नहीं चल सका। यहां पर भाजपा से बगावत कर आजाद मैदान में उतरे रजत मलिक ने भाजपा के उम्मीदवार को पटकनी दी।
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सिटी और कैंट में थी दिग्गजों की साख
शहर के मेयर उपचुनाव में पूर्व राज्यमंत्री असीम गोयल और कैंट के नगर परिषद के चुनाव में कैबिनेट मंत्री अनिल विज की साख दांव पर लगी थी। शहर में कांग्रेस से विधायक निर्मल सिंह भाजपा के मेयर प्रत्याशी को घेर रहे थे तो कैंट में उनकी बेटी चित्रा सरवारा ने सभी पदों पर अपने प्रत्याशी उतारकर सभी को चौंका दिया था। वह कैंट में मंत्री विज के प्रत्याशियों पर निशाना लगाए थी। ऐसे में मंत्री विज और पूर्व मंत्री गोयल अपने-अपने क्षेत्रों में प्रत्याशी के लिए जोड़-तोड़ से लेकर जनसभाएं करने के कार्यों में खूब दम लगाते दिखे। कैंट में जहां मंत्री विज अपने विकास कार्यों को छोटी सरकार के साथ बढ़ाने का मंत्र लेकर मैदान में थे तो सिटी में सरकार से नजदीक रिश्ते की बात कहकर विकास का दावा किया जा रहा था। दोनों ही बातों को जनता ने स्वीकार किया और भाजपा के प्रत्याशियों को झोलीभर कर वोट भी दिए।
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खास बात है कि कम मतदान प्रतिशत के बावजूद शैलजा सचदेवा ने 20,487 मतों से कांग्रेस प्रत्याशी अमीषा चावला को हराया। इसी प्रकार कैंट नगर परिषद में कांग्रेस का दबदबा रहा है। मगर इस बार कांग्रेस ने अपने प्रत्याशी नहीं उतारे और इसी बात का फायदा उठाते हुए भाजपा ने यह चुनाव जीत लिया। यहां पूर्व में पार्षद रहीं स्वर्ण कौर ने अब अध्यक्ष पद पर 26,923 जीत दर्ज कराई है।
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अंबाला सिटी और कैंट दोनों ही नगर निकायों की इकाइयों में भाजपा को लोगों ने भरपूर तरीके से पसंद किया है। मगर भाजपा का यह जादू नगर पालिका बराड़ा के अध्यक्ष पद पर नहीं चल सका। यहां पर भाजपा से बगावत कर आजाद मैदान में उतरे रजत मलिक ने भाजपा के उम्मीदवार को पटकनी दी।
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सिटी और कैंट में थी दिग्गजों की साख
शहर के मेयर उपचुनाव में पूर्व राज्यमंत्री असीम गोयल और कैंट के नगर परिषद के चुनाव में कैबिनेट मंत्री अनिल विज की साख दांव पर लगी थी। शहर में कांग्रेस से विधायक निर्मल सिंह भाजपा के मेयर प्रत्याशी को घेर रहे थे तो कैंट में उनकी बेटी चित्रा सरवारा ने सभी पदों पर अपने प्रत्याशी उतारकर सभी को चौंका दिया था। वह कैंट में मंत्री विज के प्रत्याशियों पर निशाना लगाए थी। ऐसे में मंत्री विज और पूर्व मंत्री गोयल अपने-अपने क्षेत्रों में प्रत्याशी के लिए जोड़-तोड़ से लेकर जनसभाएं करने के कार्यों में खूब दम लगाते दिखे। कैंट में जहां मंत्री विज अपने विकास कार्यों को छोटी सरकार के साथ बढ़ाने का मंत्र लेकर मैदान में थे तो सिटी में सरकार से नजदीक रिश्ते की बात कहकर विकास का दावा किया जा रहा था। दोनों ही बातों को जनता ने स्वीकार किया और भाजपा के प्रत्याशियों को झोलीभर कर वोट भी दिए।