{"_id":"615370be8ebc3e0b9d08ed74","slug":"link-express-running-from-amritsar-and-chandigarh-closed-soon-passengers-of-ekta-express-will-also-get-facility-ambala-news-knl84760952","type":"story","status":"publish","title_hn":"अमृतसर और चंडीगढ़ से चलने वाली लिंक एक्सप्रेस बंद, जल्द ही एकता एक्सप्रेस के यात्रियों को भी मिलेगी सुविधा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अमृतसर और चंडीगढ़ से चलने वाली लिंक एक्सप्रेस बंद, जल्द ही एकता एक्सप्रेस के यात्रियों को भी मिलेगी सुविधा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अंबाला। अमृतसर और चंडीगढ़ से छावनी जंक्शन पर पहुंचने वाली लिंक एक्सप्रेस का संचालन कुछ समय पहले ही खत्म हुआ है, अब ट्रेन सीधा अमृतसर से चलकर चंडीगढ़ होते हुए ब्रांदा टर्मिनस की तरफ जा रही है। इससे यात्रियों के समय में काफी बचत हुई है। पहले ट्रेन एक घंटा पहले ही स्टेशन पहुंच कर अमृतसर से आने वाली ट्रेन का इंतजार करती थी, लेकिन अब सिर्फ 5 मिनट के ठहराव के बाद ही ट्रेन गंतव्य की तरफ रवाना हो रही है। जल्द ही इसी प्रकार की सुविधा एकता एक्सप्रेस सहित कुछ अन्य ट्रेनों में भी मिल सकती है।
1 अक्तूबर से लागू हो रही नई समय सारिणी में यात्रियों को यह बदलाव देखने को मिलेंगे। लिंक ट्रेनों का संचालन पूर्ण तौर पर समाप्त हो जाएगा, वहीं अधिकांश ट्रेनों के समय में भी बदलाव होगा। रेलवे ने नई समय सारिणी को इस बार डिजिटल तरीके से जारी करने का फैसला किया है ताकि यात्री अपने मोबाइल पर ही ट्रेन से संबंधित समय सारिणी, आरक्षण की स्थिति और अन्य अहम जानकारी प्राप्त कर सकें। यह समय सारिणी पिछले वर्ष कोविड के कारण जारी नहीं हो पाई थी, लेकिन अब धीरे-धीरे ट्रेनों का संचालन शुरू हो गया है। फिलहाल सभी ट्रेनें 0 नंबर यानी बतौर स्पेशल ट्रेन चल रही हैं।
लिंक ट्रेन हुई बंद
रेलवे ने यात्रियों के समय में बचत करते हुए दो बदलाव किए हैं। इसमें लिंक एक्सप्रेस और इसमें लगने वाले अतिरक्ति कोच की सुविधा को बंद करने का फैसला किया है। इसकी शुरुआत छावनी जंक्शन से निकलने वाली 2 जोड़ी ट्रेनों से हो गई है। इसमें पहली ट्रेन पश्चिम एक्सप्रेस 02925/26 है जोकि पहले अमृतसर और चंडीगढ़ की तरफ से आकर छावनी जंक्शन पर पहुंचती थी और यहां से एक ट्रेन बनकर गंतव्य की तरफ रवाना होती थी, लेकिन अब यह ट्रेन अमृतसर से चंडीगढ़ होते हुए मुंबई की तरफ जा रही है। इसी प्रकार बाड़मेर-कालका-ऋषिकेश के बीच चलने वाली लिंक एक्सप्रेस को भी बदल दिया है। अब हरिद्वार व कालका से आने वाली अलग-अलग ट्रेन की जगह अब बाड़मेर से ऋषिकेश और बाड़मेर से कालका के बीच अलग-अलग ट्रेन चल रही हैं।
विज्ञापन
क्या होती है लिंक एक्सप्रेस
लिंक एक्सप्रेस का मतलब होता है, जब दो ट्रेन एक कॉमन स्टेशन पर आकर जुड़ती हैं और वह एक ट्रेन बनकर गंतव्य की ओर रवाना होती है। यह ट्रेन वापसी के समय जिस स्टेशन पर जुड़ी थी, वहीं अलग भी हो जाती है, और अलग-अलग रूट पर रवाना हो जाती है। इसे स्लीप कोच भी कहते हैं।
इन लिंक ट्रेनों में होगा बदलाव
नई समय सारिणी घोषित होने के बाद लिंक एक्सप्रेस व स्लीप कोच की सेवाएं बंद होने से कई ट्रेनें प्रभावित होंगी। प्राप्त सूचना के अनुसार हरिद्वार-ऊना हिमाचल जनशताब्दी, कालका-श्रीगंगानगर और कालका-भिवानी एकता एक्सप्रेस के लिंक को बंद किया जा सकता है। इनकी जगह दो मार्ग पर अलग-अलग ट्रेनों का संचालन करने की योजना है।
डिजिटल टाइम टेबल
रेलवे स्टेशन के बुक स्टालों पर मिलने वाली ट्रेनों की समय सारिणी की बजाय नया टाइम टेबल डिजिटल एट ए ग्लांस पर दिखेगा। रेल यात्रियों को इसी माध्यम से ट्रेनों के आगमन-प्रस्थान की जानकारी मिलेगी। आईआरसीटीसी इसकी देखरेख करेगी। रेलवे बोर्ड के डिप्टी डायरेक्टर कोचिंग राजेश कुमार ने इस संबंध में सीएमडी आईआरसीटीसी को पत्र भी भेज दिया है।
ट्रेनों की समय सारिणी व संचालन में होगा बदलाव
रेलवे द्वारा 1 अक्तूबर से जारी की जा रही नई सारणी के लागू होने से कई ट्रेनों की समय सारिणी में बदलाव होगा। कुछ लिंक एक्सप्रेस ट्रेनों को भी बंद किया जा सकता है जो भी आदेश रेलवे की तरफ से प्राप्त हो रहे हैं, उनकी जानकारी साझा की जा रही है।
-दीपक कुमार, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, उत्तर रेलवे।
विज्ञापन
1 अक्तूबर से लागू हो रही नई समय सारिणी में यात्रियों को यह बदलाव देखने को मिलेंगे। लिंक ट्रेनों का संचालन पूर्ण तौर पर समाप्त हो जाएगा, वहीं अधिकांश ट्रेनों के समय में भी बदलाव होगा। रेलवे ने नई समय सारिणी को इस बार डिजिटल तरीके से जारी करने का फैसला किया है ताकि यात्री अपने मोबाइल पर ही ट्रेन से संबंधित समय सारिणी, आरक्षण की स्थिति और अन्य अहम जानकारी प्राप्त कर सकें। यह समय सारिणी पिछले वर्ष कोविड के कारण जारी नहीं हो पाई थी, लेकिन अब धीरे-धीरे ट्रेनों का संचालन शुरू हो गया है। फिलहाल सभी ट्रेनें 0 नंबर यानी बतौर स्पेशल ट्रेन चल रही हैं।
विज्ञापन
लिंक ट्रेन हुई बंद
रेलवे ने यात्रियों के समय में बचत करते हुए दो बदलाव किए हैं। इसमें लिंक एक्सप्रेस और इसमें लगने वाले अतिरक्ति कोच की सुविधा को बंद करने का फैसला किया है। इसकी शुरुआत छावनी जंक्शन से निकलने वाली 2 जोड़ी ट्रेनों से हो गई है। इसमें पहली ट्रेन पश्चिम एक्सप्रेस 02925/26 है जोकि पहले अमृतसर और चंडीगढ़ की तरफ से आकर छावनी जंक्शन पर पहुंचती थी और यहां से एक ट्रेन बनकर गंतव्य की तरफ रवाना होती थी, लेकिन अब यह ट्रेन अमृतसर से चंडीगढ़ होते हुए मुंबई की तरफ जा रही है। इसी प्रकार बाड़मेर-कालका-ऋषिकेश के बीच चलने वाली लिंक एक्सप्रेस को भी बदल दिया है। अब हरिद्वार व कालका से आने वाली अलग-अलग ट्रेन की जगह अब बाड़मेर से ऋषिकेश और बाड़मेर से कालका के बीच अलग-अलग ट्रेन चल रही हैं।
विज्ञापन
क्या होती है लिंक एक्सप्रेस
लिंक एक्सप्रेस का मतलब होता है, जब दो ट्रेन एक कॉमन स्टेशन पर आकर जुड़ती हैं और वह एक ट्रेन बनकर गंतव्य की ओर रवाना होती है। यह ट्रेन वापसी के समय जिस स्टेशन पर जुड़ी थी, वहीं अलग भी हो जाती है, और अलग-अलग रूट पर रवाना हो जाती है। इसे स्लीप कोच भी कहते हैं।
इन लिंक ट्रेनों में होगा बदलाव
नई समय सारिणी घोषित होने के बाद लिंक एक्सप्रेस व स्लीप कोच की सेवाएं बंद होने से कई ट्रेनें प्रभावित होंगी। प्राप्त सूचना के अनुसार हरिद्वार-ऊना हिमाचल जनशताब्दी, कालका-श्रीगंगानगर और कालका-भिवानी एकता एक्सप्रेस के लिंक को बंद किया जा सकता है। इनकी जगह दो मार्ग पर अलग-अलग ट्रेनों का संचालन करने की योजना है।
डिजिटल टाइम टेबल
रेलवे स्टेशन के बुक स्टालों पर मिलने वाली ट्रेनों की समय सारिणी की बजाय नया टाइम टेबल डिजिटल एट ए ग्लांस पर दिखेगा। रेल यात्रियों को इसी माध्यम से ट्रेनों के आगमन-प्रस्थान की जानकारी मिलेगी। आईआरसीटीसी इसकी देखरेख करेगी। रेलवे बोर्ड के डिप्टी डायरेक्टर कोचिंग राजेश कुमार ने इस संबंध में सीएमडी आईआरसीटीसी को पत्र भी भेज दिया है।
ट्रेनों की समय सारिणी व संचालन में होगा बदलाव
रेलवे द्वारा 1 अक्तूबर से जारी की जा रही नई सारणी के लागू होने से कई ट्रेनों की समय सारिणी में बदलाव होगा। कुछ लिंक एक्सप्रेस ट्रेनों को भी बंद किया जा सकता है जो भी आदेश रेलवे की तरफ से प्राप्त हो रहे हैं, उनकी जानकारी साझा की जा रही है।
-दीपक कुमार, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, उत्तर रेलवे।