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Ambala News: सात महीने बाद शुरू हुए चश्मे मिलना
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अंबाला सिटी। अंबाला शहर सीएमओ कार्यालय में स्थित नेत्र विभाग में मरीजों को नजदीक की नजर के चश्मे मिलना लगभग सात माह बाद शुरू हो गए हैं। बीते सात महीनों से मरीजों को चश्मे ना मिलने के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। अब विभाग के पास दो हजार चश्मे आए हैं।
इनमें से एक हजार अंबाला छावनी और एक हजार चश्मे अंबाला शहर के नेत्र विभाग को मिले हैं। अभी तक विभाग ने 42 मरीजों को यह चश्मे दिए हैं। नेत्र विभाग में रोजाना 100 से 150 मरीज ऐसे आते हैं जिन्हें आंखों से संबंधित बीमारी या परेशानी होती है। इनमें अधिकतर लोग चश्मा बनवाने भी आते हैं।
विभाग की ओर से मरीज की जांच करवाई जाती है। इसके आधार पर ही उसे चश्मे का नंबर बताया जाता है। विभाग की ओर से ही चश्मा दिया जाता है। डॉ़ राजेश कुमार ने बताया कि नजदीक की नजर का चश्मा अधिकतर 45 वर्ष से अधिक आयु के लोगों को दिया जाता है। उन्हीं में नजदीक की नजर की परेशानी होती है।
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स्कूली बच्चाें को भी चश्मे मिलने हुए शुरू
राष्ट्रीय बाल सुरक्षा कार्यक्रम के तहत सरकारी स्कूलाें में पढ़ने वाले बच्चों को भी नजर के चश्मे दिए जा रहे हैं। इनमें बच्चों की दृष्टि के आधार पर उन्हें चश्मे दिए जा रहे हैं। विभाग द्वारा अभी तक 227 बच्चों को चश्मे दिए जा चुके हैं। इसके साथ विभाग की ओर से टीमें सर्वे कर रही हैं। सर्वे के आधार पर स्कूली बच्चों को चश्मे दिए जा रहे हैं।
विभाग की ओर से चश्मों की डिमांड भेजी गई थी। जो अब मरीजों को मिलने शुरू हो गए है। जिस भी मरीज को नजदीक की नजर की समस्या हो तो वह नेत्र वार्ड से चश्मे प्राप्त कर सकता है।
डॉ राजेश कुमार, नेत्र रोग विशेषज्ञ, नागरिक अस्पताल, अंबाला शहर।
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इनमें से एक हजार अंबाला छावनी और एक हजार चश्मे अंबाला शहर के नेत्र विभाग को मिले हैं। अभी तक विभाग ने 42 मरीजों को यह चश्मे दिए हैं। नेत्र विभाग में रोजाना 100 से 150 मरीज ऐसे आते हैं जिन्हें आंखों से संबंधित बीमारी या परेशानी होती है। इनमें अधिकतर लोग चश्मा बनवाने भी आते हैं।
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विभाग की ओर से मरीज की जांच करवाई जाती है। इसके आधार पर ही उसे चश्मे का नंबर बताया जाता है। विभाग की ओर से ही चश्मा दिया जाता है। डॉ़ राजेश कुमार ने बताया कि नजदीक की नजर का चश्मा अधिकतर 45 वर्ष से अधिक आयु के लोगों को दिया जाता है। उन्हीं में नजदीक की नजर की परेशानी होती है।
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स्कूली बच्चाें को भी चश्मे मिलने हुए शुरू
राष्ट्रीय बाल सुरक्षा कार्यक्रम के तहत सरकारी स्कूलाें में पढ़ने वाले बच्चों को भी नजर के चश्मे दिए जा रहे हैं। इनमें बच्चों की दृष्टि के आधार पर उन्हें चश्मे दिए जा रहे हैं। विभाग द्वारा अभी तक 227 बच्चों को चश्मे दिए जा चुके हैं। इसके साथ विभाग की ओर से टीमें सर्वे कर रही हैं। सर्वे के आधार पर स्कूली बच्चों को चश्मे दिए जा रहे हैं।
विभाग की ओर से चश्मों की डिमांड भेजी गई थी। जो अब मरीजों को मिलने शुरू हो गए है। जिस भी मरीज को नजदीक की नजर की समस्या हो तो वह नेत्र वार्ड से चश्मे प्राप्त कर सकता है।
डॉ राजेश कुमार, नेत्र रोग विशेषज्ञ, नागरिक अस्पताल, अंबाला शहर।