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ट्रेन से भी दूर रही दिल्ली, मंडल को एक करोड़ की चपत
ब्यूरो/अमर उजाला,करनाल
Updated Wed, 24 Feb 2016 01:15 AM IST
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अंबाला में जाट आंदोलन के पांचवें दिन हालांकि सड़कों से जाम तो खुला रहा, साथ ही रोडवेज ने अंबाला से दिल्ली तक कुछेक बसों को भी चलाया, लेकिन ट्रेन के जरिए अंबाला से अभी दिल्ली दूर ही रही। रेलवे ने पांचवें दिन भी अंबाला से दिल्ली और अंबाला से वाया पानीपत, रोहतक राजस्थान निकलने वाली ट्रेनों को भी रद रखा। एहतिहातन इन रूट को अभी बंद ही रखा गया है।
उधर, अंबाला रेल मंडल भी इस जाट आंदोलन के दौरान हुए नुकसान की समीक्षा करने में जुट गया है। रेलवे के आला अफसर रोजाना नुकसान की समीक्षा करते हुए हालातों पर नजर रखे हुए हैं। अंबाला के डीआरएम दिनेश कुमार लगातार कंट्रोल रूम से बने हुए हैं और रेल आवागमन को आ रही दिक्कतों का अपडेट ले रहे हैं। लेकिन उनका दावा है कि जब तक हालात पूरी तरह से नियंत्रण में नहीं होते, तब तक रेल सेवा बहाल नहीं की जा सकती। क्योंकि रेलवे यात्रियों की जिंदगी को खतरे में नहीं डाल सकता।
इस तरह लगी एक करोड़ की चपत
अंबाला रेल मंडल को इस जाट आंदोलन के दौरान करीबन एक करोड़ की चपत लग चुकी है। अंबाला से दो बड़े रेल मार्ग बंद पड़े हैं। इसलिए इस रूट की सवा सौ के करीबन ट्रेनों को रद करना पड़ा। अभी भी अधिकतर ट्रेनें रद ही चल रही है। इस दौरान मंगलवार तक अंबाला मंडल में रेलवे के अनरिजर्व टिकट सिस्टम (यूटीएस) काउंटरों से 30 लाख और पैसेंजर रिजर्वेशन सिस्टम (पीआरएस)काउंटरों से करीबन 70 लाख के टिकट रद हो चुके हैं।
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रद हुई ट्रेनों का पूरा मिलेगा रिफंड: डीआरएम
अंबाला के डीआरएम दिनेश कुमार ने कहा कि रेलवे यात्रियों की असुविधा को लेकर खेद व्यक्त करता है, लेकिन ऐसी स्थिति में यात्रियों की जान खतरे में नहीं डाली जा सकती। इसलिए जब तक स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में नहीं रहती, तब तक रेलवे ट्रेनें नहीं चलाएगा। उनके अनुसार जल्द ही व्यवस्था को दुरुस्त करने का प्रयास कर रहा है। इतना ही नहीं जिन ट्रेनों को रेलवे ने आंदोलन के चलते रद किया है, उन ट्रेनों की टिकट का पूरा रिफंड रेलवे पैसेंजर को दे रहा है।
आज चंडीगढ़ शताब्दी वाया सहारनपुर दिल्ली जाएगी
डीआरएम दिनेश कुमार ने बताया कि चंडीगढ़ शताब्दी भी लगातार रद चल रही है। जिस वजह से यात्री खासे परेशान हो रहे हैं। इसी को देखते हुए अब चंडीगढ़ शताब्दी को दिल्ली के लिए सहारनपुर रूट से रवाना किया जाएगा। जबकि वापसी में चंडीगढ़ शताब्दी और कालका शताब्दी को अपने नियमित रूट से दिल्ली से चंडीगढ़ और कालका तक लाया जाएगा।
आज खुल जाएगा दिल्ली रेल मार्ग
डीआरएम दिनेश कुमार ने बताया कि दरअसल, उपद्रवियों ने सोनीपत इलाके में करीबन दो किलोमीटर की ओएचई (इलेक्ट्रनिक तार) को क्षतिग्रस्त कर दिया था। जिस वजह से मंगलवार को भी इस रूट को बंद रखा गया। लेकिन मंगलवार शाम को इस रूट पर एक ट्रायल के तौर पर शाम सवा पांच बजे दिल्ली से अंबाला तक एक मालगाड़ी को रवाना किया गया, ताकि देखा जा सके कि अब इस रूट तक कोई परेशानी तो नहीं है, उनके अनुसार उम्मीद है कि क्षतिग्रस्त ओएचई को भी मंगलवार रात तक ठीक कर दिया जाएगा, उसके बाद बुधवार से इस रूट को बहाल कर दिया जाएगा।
दिल्ली तक बस सेवा हुआ बहाल
रोडवेज विभाग की ओर मंगलवार को दिल्ली रूट के लिए कुछ बसों को रवाना किया गया। हालांकि इस दौरान कुछेक बसों को ही सड़कों पर उतारा गया। उधर, आंदोलन की दहशत की वजह से हालांकि बस स्टैंड पर भीड़ कम ही रहा, लेकिन उन लोगों ने बसों का सहारा लिया, जिन्हें जरूरी कामों से दिल्ली व अन्य शहरों की ओर जाना था।
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उधर, अंबाला रेल मंडल भी इस जाट आंदोलन के दौरान हुए नुकसान की समीक्षा करने में जुट गया है। रेलवे के आला अफसर रोजाना नुकसान की समीक्षा करते हुए हालातों पर नजर रखे हुए हैं। अंबाला के डीआरएम दिनेश कुमार लगातार कंट्रोल रूम से बने हुए हैं और रेल आवागमन को आ रही दिक्कतों का अपडेट ले रहे हैं। लेकिन उनका दावा है कि जब तक हालात पूरी तरह से नियंत्रण में नहीं होते, तब तक रेल सेवा बहाल नहीं की जा सकती। क्योंकि रेलवे यात्रियों की जिंदगी को खतरे में नहीं डाल सकता।
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इस तरह लगी एक करोड़ की चपत
अंबाला रेल मंडल को इस जाट आंदोलन के दौरान करीबन एक करोड़ की चपत लग चुकी है। अंबाला से दो बड़े रेल मार्ग बंद पड़े हैं। इसलिए इस रूट की सवा सौ के करीबन ट्रेनों को रद करना पड़ा। अभी भी अधिकतर ट्रेनें रद ही चल रही है। इस दौरान मंगलवार तक अंबाला मंडल में रेलवे के अनरिजर्व टिकट सिस्टम (यूटीएस) काउंटरों से 30 लाख और पैसेंजर रिजर्वेशन सिस्टम (पीआरएस)काउंटरों से करीबन 70 लाख के टिकट रद हो चुके हैं।
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रद हुई ट्रेनों का पूरा मिलेगा रिफंड: डीआरएम
अंबाला के डीआरएम दिनेश कुमार ने कहा कि रेलवे यात्रियों की असुविधा को लेकर खेद व्यक्त करता है, लेकिन ऐसी स्थिति में यात्रियों की जान खतरे में नहीं डाली जा सकती। इसलिए जब तक स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में नहीं रहती, तब तक रेलवे ट्रेनें नहीं चलाएगा। उनके अनुसार जल्द ही व्यवस्था को दुरुस्त करने का प्रयास कर रहा है। इतना ही नहीं जिन ट्रेनों को रेलवे ने आंदोलन के चलते रद किया है, उन ट्रेनों की टिकट का पूरा रिफंड रेलवे पैसेंजर को दे रहा है।
आज चंडीगढ़ शताब्दी वाया सहारनपुर दिल्ली जाएगी
डीआरएम दिनेश कुमार ने बताया कि चंडीगढ़ शताब्दी भी लगातार रद चल रही है। जिस वजह से यात्री खासे परेशान हो रहे हैं। इसी को देखते हुए अब चंडीगढ़ शताब्दी को दिल्ली के लिए सहारनपुर रूट से रवाना किया जाएगा। जबकि वापसी में चंडीगढ़ शताब्दी और कालका शताब्दी को अपने नियमित रूट से दिल्ली से चंडीगढ़ और कालका तक लाया जाएगा।
आज खुल जाएगा दिल्ली रेल मार्ग
डीआरएम दिनेश कुमार ने बताया कि दरअसल, उपद्रवियों ने सोनीपत इलाके में करीबन दो किलोमीटर की ओएचई (इलेक्ट्रनिक तार) को क्षतिग्रस्त कर दिया था। जिस वजह से मंगलवार को भी इस रूट को बंद रखा गया। लेकिन मंगलवार शाम को इस रूट पर एक ट्रायल के तौर पर शाम सवा पांच बजे दिल्ली से अंबाला तक एक मालगाड़ी को रवाना किया गया, ताकि देखा जा सके कि अब इस रूट तक कोई परेशानी तो नहीं है, उनके अनुसार उम्मीद है कि क्षतिग्रस्त ओएचई को भी मंगलवार रात तक ठीक कर दिया जाएगा, उसके बाद बुधवार से इस रूट को बहाल कर दिया जाएगा।
दिल्ली तक बस सेवा हुआ बहाल
रोडवेज विभाग की ओर मंगलवार को दिल्ली रूट के लिए कुछ बसों को रवाना किया गया। हालांकि इस दौरान कुछेक बसों को ही सड़कों पर उतारा गया। उधर, आंदोलन की दहशत की वजह से हालांकि बस स्टैंड पर भीड़ कम ही रहा, लेकिन उन लोगों ने बसों का सहारा लिया, जिन्हें जरूरी कामों से दिल्ली व अन्य शहरों की ओर जाना था।