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रेलवे क्वार्टर की गिरी छत, दो वर्ष का मासूम बचा
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- फोटो : Ambala
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अंबाला। रेलवे क्वार्टर की छत अचानक गिर गई। छत के गिरने से नीचे खेल रहा 2 वर्षीय मासूम बाल-बाल बच गया। शोर सुनकर परिजन व पड़ोसी मौके पर पहुंचे। बच्चे का डाक्टर से चेकअप कराया गया। छत गिरने के कारण बच्चा काफी डर गया है। मामले की जानकारी विभागीय अधिकारियों को दी गई है।
खस्ता होती रेलवे क्वार्टरों की व्यवस्था रेलवे कर्मचारियों व उनके परिजनों के लिए जान की आफत बनती जा रही है। जिन क्वार्टरों को रेेलवे ने पहले ही कंडम घोषित किया हुआ है, वो ही क्वार्टर रेलवे कर्मचारियो को रहने के लिए दिए जा रहे हैं। ऐसे ही एक कंडम क्वार्टर की वजह से मासूम बच्चे की जान आफत में पड़ गई। यह हादसा किसी चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के साथ नहीं ब्लकि एक अधिकारी के साथ हुआ जो खुद डीआरएम कार्यालय के स्टोर ब्रांच में अधीक्षक हैं।
एक सप्ताह पहले दिखाए थे हालात
अधीक्षक राजीव चतुर्वेदी ने बताया कि वह पुराने रेलवे क्वार्टर संख्या 383-सी में परिवार सहित रहते हैं। कुछ दिन पहले आंगन की छत का कुछ हिस्सा गिर गया था। इस संबंध में एक हफ्ता पहले ही आईओडब्लयू को जानकारी दी गई व हालात दिखाए गए, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस लापरवाही के कारण रविवार शाम छत का हिस्सा टूटकर जमीन पर गिर गया। गनीमत रही कि आंगन में खेल रहे बच्चे को चोट नहीं आई। लेकिन नीचे रखा सामान क्षतिग्रस्त हो गया।
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अभी व्यस्त हूं
हादसे की जानकारी मिली थी, मौके पर कर्मचारी को भेजा गया है। अभी मैं व्यस्त हूं, बाद में बात करूंगा।
आरजी मौर्य, एसएसई वर्क्स
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खस्ता होती रेलवे क्वार्टरों की व्यवस्था रेलवे कर्मचारियों व उनके परिजनों के लिए जान की आफत बनती जा रही है। जिन क्वार्टरों को रेेलवे ने पहले ही कंडम घोषित किया हुआ है, वो ही क्वार्टर रेलवे कर्मचारियो को रहने के लिए दिए जा रहे हैं। ऐसे ही एक कंडम क्वार्टर की वजह से मासूम बच्चे की जान आफत में पड़ गई। यह हादसा किसी चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के साथ नहीं ब्लकि एक अधिकारी के साथ हुआ जो खुद डीआरएम कार्यालय के स्टोर ब्रांच में अधीक्षक हैं।
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एक सप्ताह पहले दिखाए थे हालात
अधीक्षक राजीव चतुर्वेदी ने बताया कि वह पुराने रेलवे क्वार्टर संख्या 383-सी में परिवार सहित रहते हैं। कुछ दिन पहले आंगन की छत का कुछ हिस्सा गिर गया था। इस संबंध में एक हफ्ता पहले ही आईओडब्लयू को जानकारी दी गई व हालात दिखाए गए, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस लापरवाही के कारण रविवार शाम छत का हिस्सा टूटकर जमीन पर गिर गया। गनीमत रही कि आंगन में खेल रहे बच्चे को चोट नहीं आई। लेकिन नीचे रखा सामान क्षतिग्रस्त हो गया।
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हादसे की जानकारी मिली थी, मौके पर कर्मचारी को भेजा गया है। अभी मैं व्यस्त हूं, बाद में बात करूंगा।
आरजी मौर्य, एसएसई वर्क्स