{"_id":"647e4742bbff05ec69098497","slug":"caution-28-hotels-running-without-fire-noc-ambala-news-c-36-1-sknl1002-4619-2023-06-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"सावधान : बिना फायर एनओसी चल रहे 28 होटल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सावधान : बिना फायर एनओसी चल रहे 28 होटल
विज्ञापन
अंबाला सिटी। होटल, रेस्टोरेंट और बैंक्वेट हॉल में अगर आग लगने की कोई घटना होती है तो उससे निपट पाना तब तक मुमकिन नहीं है, जब तक कि फायर ब्रिगेड की गाड़ी न पहुंच जाए। अग्निशमन विभाग और नगर निगम की ओर से किए सर्वे में 28 होटल, रेस्टोरेंट और बैंक्वेट हॉल को नोटिस जारी किए थे।
टीम की ओर से 71 संस्थानों का दौरा किया था। जहां पर नियम की अवहेलना पाई गई तो नोटिस जारी किए । परंतु हैरानी की बात यह है कि इस बात को भी करीब 5 माह का समय बीत चुका है, लेकिन नोटिस देने के बाद इन संस्थानों ने फायर सेफ्टी को लेकर व्यवस्था की है या नहीं की है। इसको लेकर दोबारा कोई सर्वे नहीं हुआ है। यही कारण है कि यह संस्थान नोटिस मिलने के बाद भी बिना किसी डर के और नियमों को ताक पर रखते हुए अपने संस्थान को पहले की तरह ही चला रहे हैं। अगर दोबारा से सर्वे किया जाए तो स्थिति पहले की तरह ही मिलेगी।
हरकत में अब तक नहीं विभाग
इससे पहले अग्निशमन विभाग नगर निगम के अंडर आता था, परंतु अब विभाग को आपदा और प्रबंधन विभाग में शामिल कर दिया है। बावजूद इसके विभाग की ओर से फायर सेफ्टी के लिए पुख्ता इंतजाम कराने के लिए कोई खास अभियान नहीं चलाया है। जबकि होटल, रेस्टोरेंट और बैंक्वेट हॉल बहुत ही संवेदनशील संस्थान है, जहां पर आग लगने की घटनाएं होने की ज्यादा संभावना होती है। बावजूद इसके विभाग की ओर से कोई सख्त कार्रवाई नहीं की जा रही है।
विज्ञापन
एनओसी के यह है नियम
- बहुमंजिला इमारतों के लिए ये हैं एनबीसी 2016 के मानक बहुमंजिला इमारतों (होटल, अस्पताल व स्कूल) के एनबीसी के मानकों के अनुसार 15 फीट से ऊंची इमारतों में फायर सिस्टम की व्यवस्था होनी चाहिए। आने व जाने के लिए कम से कम दो प्रवेश द्वार होने चाहिए। एक कर्मचारी प्रवेशद्वार पर हर समय तैनात होना चाहिए जो आने व जाने वाले को गाइड कर सके।
- बहुमंजिला इमारतों में आग से सुरक्षा के लिए होजरील, फायर अलार्म सिस्टम, प्रिंकलर व फायर हाइड्रेंट की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए।
- भवन के चारों ओर इतना रिक्त स्थान होना चाहिए कि आग जैसी दुर्घटना के समय फायर ब्रिगेड का वाहन भवन के चारों ओर आसानी से जाकर आग बुझा सके।
- प्रवेशद्वार के पास वाहन नहीं होना चाहिए, जिससे किसी भी घटना के समय आसानी से बाहर लोग निकल सकें और फायर ब्रिगेड को भवन के पास तक पहुंचने में किसी प्रकार की कठिनाई न हो।
- एक ही प्लग से बिजली के कई कनेक्शन नहीं दिए जाने चाहिए। जिस स्थान पर रसोई गैस का सिलिंडर भंडारित किया जाता है वहां आग बुझाने के साधन होने चाहिए।
- भवन के पास बालू व पानी की व्यवस्था होनी चाहिए। इसके अलावा होटल, अस्पताल व अन्य प्रकार की बहुमंजिला इमारतों में स्ट्रप पम्प, फायर बीटर, सोडा एसिड, फोम व निष्क्रिय गैस भी होनी चाहिए। जिससे आवश्यकता पड़ने पर तत्काल आग बुझाई जा सके।
- आग बुझाने के लिए एक कर्मचारी होना चाहिए जो प्रशिक्षित हो। भवन में काम करने वाले कर्मचारियों को आग बुझाने के तरीकों के प्रति जागरूक किया जाना चाहिए।
वर्जन
अभी चार्ज संभाला है। जल्द ही हमारी ओर से सर्वे करवाया जाएगा। इस दौरान जो भी संस्थान नियमों की अवहेलना करते हुए पाए जाते हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
-रामकरण, अग्नि सुरक्षा अधिकारी, अंबाला सिटी।
विज्ञापन
टीम की ओर से 71 संस्थानों का दौरा किया था। जहां पर नियम की अवहेलना पाई गई तो नोटिस जारी किए । परंतु हैरानी की बात यह है कि इस बात को भी करीब 5 माह का समय बीत चुका है, लेकिन नोटिस देने के बाद इन संस्थानों ने फायर सेफ्टी को लेकर व्यवस्था की है या नहीं की है। इसको लेकर दोबारा कोई सर्वे नहीं हुआ है। यही कारण है कि यह संस्थान नोटिस मिलने के बाद भी बिना किसी डर के और नियमों को ताक पर रखते हुए अपने संस्थान को पहले की तरह ही चला रहे हैं। अगर दोबारा से सर्वे किया जाए तो स्थिति पहले की तरह ही मिलेगी।
विज्ञापन
हरकत में अब तक नहीं विभाग
इससे पहले अग्निशमन विभाग नगर निगम के अंडर आता था, परंतु अब विभाग को आपदा और प्रबंधन विभाग में शामिल कर दिया है। बावजूद इसके विभाग की ओर से फायर सेफ्टी के लिए पुख्ता इंतजाम कराने के लिए कोई खास अभियान नहीं चलाया है। जबकि होटल, रेस्टोरेंट और बैंक्वेट हॉल बहुत ही संवेदनशील संस्थान है, जहां पर आग लगने की घटनाएं होने की ज्यादा संभावना होती है। बावजूद इसके विभाग की ओर से कोई सख्त कार्रवाई नहीं की जा रही है।
विज्ञापन
एनओसी के यह है नियम
- बहुमंजिला इमारतों के लिए ये हैं एनबीसी 2016 के मानक बहुमंजिला इमारतों (होटल, अस्पताल व स्कूल) के एनबीसी के मानकों के अनुसार 15 फीट से ऊंची इमारतों में फायर सिस्टम की व्यवस्था होनी चाहिए। आने व जाने के लिए कम से कम दो प्रवेश द्वार होने चाहिए। एक कर्मचारी प्रवेशद्वार पर हर समय तैनात होना चाहिए जो आने व जाने वाले को गाइड कर सके।
- बहुमंजिला इमारतों में आग से सुरक्षा के लिए होजरील, फायर अलार्म सिस्टम, प्रिंकलर व फायर हाइड्रेंट की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए।
- भवन के चारों ओर इतना रिक्त स्थान होना चाहिए कि आग जैसी दुर्घटना के समय फायर ब्रिगेड का वाहन भवन के चारों ओर आसानी से जाकर आग बुझा सके।
- प्रवेशद्वार के पास वाहन नहीं होना चाहिए, जिससे किसी भी घटना के समय आसानी से बाहर लोग निकल सकें और फायर ब्रिगेड को भवन के पास तक पहुंचने में किसी प्रकार की कठिनाई न हो।
- एक ही प्लग से बिजली के कई कनेक्शन नहीं दिए जाने चाहिए। जिस स्थान पर रसोई गैस का सिलिंडर भंडारित किया जाता है वहां आग बुझाने के साधन होने चाहिए।
- भवन के पास बालू व पानी की व्यवस्था होनी चाहिए। इसके अलावा होटल, अस्पताल व अन्य प्रकार की बहुमंजिला इमारतों में स्ट्रप पम्प, फायर बीटर, सोडा एसिड, फोम व निष्क्रिय गैस भी होनी चाहिए। जिससे आवश्यकता पड़ने पर तत्काल आग बुझाई जा सके।
- आग बुझाने के लिए एक कर्मचारी होना चाहिए जो प्रशिक्षित हो। भवन में काम करने वाले कर्मचारियों को आग बुझाने के तरीकों के प्रति जागरूक किया जाना चाहिए।
वर्जन
अभी चार्ज संभाला है। जल्द ही हमारी ओर से सर्वे करवाया जाएगा। इस दौरान जो भी संस्थान नियमों की अवहेलना करते हुए पाए जाते हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
-रामकरण, अग्नि सुरक्षा अधिकारी, अंबाला सिटी।