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चेक बाउंस में फंसला जेल वार्डन, छह माह सजा
Updated Sat, 28 Apr 2018 01:16 AM IST
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चेक बाउंस के मामले में जेल वार्डन को छह महीने की सजा
अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी।
चेेक बाउंस के मामले में कोर्ट ने शुक्रवार को जेल वार्डन रणधीर को छह महीने की सजा सुनाई और साथ ही पूरा पैसा वापस करने का आदेश दिया है। पीड़ित पक्ष के वकील बीएस बावा और अमन लांबा ने बताया कि साल 2015 में सेक्टर सात निवासी रणधीर ने दुर्गा नगर के रामकरण से कर्ज के तौर पर 4 लाख 80 हजार रुपये लिए थे। रणधीर इन दिनों करनाल जेल में जेल वार्डन के तौर पर कार्यरत है। रणधीर रकम को वापस करने में आनाकानी कर रहा था। इस दौरान उसने एक चेक दिया था जो बाउंस हो गया। इसके बाद रामकरण ने कोर्ट की शरण ली। जेएमआईसी शेर सिंह की कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए रणधीर को 26 अप्रैल को दोषी करार दे दिया। इस मामले में शुक्रवार को दोषी रणधीर को छह महीने की सजा सुनाई गई है।
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अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी।
चेेक बाउंस के मामले में कोर्ट ने शुक्रवार को जेल वार्डन रणधीर को छह महीने की सजा सुनाई और साथ ही पूरा पैसा वापस करने का आदेश दिया है। पीड़ित पक्ष के वकील बीएस बावा और अमन लांबा ने बताया कि साल 2015 में सेक्टर सात निवासी रणधीर ने दुर्गा नगर के रामकरण से कर्ज के तौर पर 4 लाख 80 हजार रुपये लिए थे। रणधीर इन दिनों करनाल जेल में जेल वार्डन के तौर पर कार्यरत है। रणधीर रकम को वापस करने में आनाकानी कर रहा था। इस दौरान उसने एक चेक दिया था जो बाउंस हो गया। इसके बाद रामकरण ने कोर्ट की शरण ली। जेएमआईसी शेर सिंह की कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए रणधीर को 26 अप्रैल को दोषी करार दे दिया। इस मामले में शुक्रवार को दोषी रणधीर को छह महीने की सजा सुनाई गई है।