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मंत्री के आवास पर प्रदर्शन, सीएम घेराव की चेतावनी 

Sun, 15 May 2016 01:19 AM IST
अंबाला ब्यूरो/ अमर उजाला
अंबाला ब्यूरो/ अमर उजाला Updated Sun, 15 May 2016 01:19 AM IST
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134A CASE private school cover anil vij home in ambala, 134A CASE ambala
अनिल विज को ज्ञापन सौंपते स्कूल संचालक। - फोटो : amar ujala
हरियाणा शिक्षा नियमावली के रूल 134ए को खत्म कर आरटीई लागू करवाने की मांग को लेकर प्राइवेट स्कूल संचालकों ने शनिवार को मंत्री अनिल विज के आवास की कालोनी के बाहर प्रदर्शन कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान प्रदर्शनकारी मंत्री आवास तक जाना चाहते थे। लेकिन पुलिस ने उन्हे शास्त्री कालोनी के गेट पर ही रोक लिया।
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बाद में प्राइवेट स्कूल संचालक वहीं धरने पर बैठ गए। उधर, मंत्री विज ने बाद में प्राइवेट स्कूल संचालकों को अपने आवास तक आने के लिए पुलिस को छूट देने को कहा। जिसके बाद वे खुद प्राइवेट स्कूल संचालकों के बीच आए और प्राइवेट स्कूल संचालकों की बात सुनी व उनसे ज्ञापन भी लिया। विज ने उन्हे आश्वस्त किया कि आला अधिकारी व सीएम खुद इस मसले पर गंभीर है और जल्द इसका समाधान निकाला जा रहा है।
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इस प्रदर्शन की अध्यक्षता फेडरेशन ऑफ प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के हरियाणा अध्यक्ष एवं एवं नेशनल इंडीपेंडेंट स्कूलस एलाइंस के राष्ट्रीय अध्यक्ष कुलभूषण शर्मा ने की। पूर्व निर्धारित प्लानिंग के तहत निजी स्कूल संचालक सुबह से ही विज निवास पर एकत्रित होने शुरू हो गए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस सुरक्षा को भी बढ़ाया गया था।
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इस दौरान फेडरेशन के अध्यक्ष कुलभूषण शर्मा ने विज को ज्ञापन सौंपा और रूल 134ए को समाप्त करने के साथ साथ अन्य कई मांगों को उठाया। वही गरीब बच्चों को सीधा कैश वाउचर देने की भी मांग की। कुलभूषण शर्मा ने साफ कर दिया कि यदि सरकार ने अभी भी निजी स्कूलों के हितों की तरफ ध्यान नहीं दिया तो 25 मई को दोबारा सीएम मनोहर लाल खट्टर का घेराव किया जाएगा।

इस दौरान शर्मा ने स्कूल संचालकों को संबोधित करते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने सत्ता में आने से पहले वायदा किया था कि भाजपा सरकार बनने के बाद निजी स्कूल संचालकों के लिए सरल पॉलिसी बनाई जाएगी और 134ए का हल किया जाएगा। लेकिन भाजपा सरकार ने कांग्रेस की राह पर चलते हुए निजी स्कूल संचालकों को तंग कर रही है और स्कूल बंद करने पर मजबूर कर रही है। उन्होंने कहा कि निजी स्कूल संचालक 134ए का विरोध करके उन 90 प्रतिशत अभिभावकों की लड़ाई लड़ रहे हैं, जिनकी जेबों पर 10 प्रतिशत गरीब बच्चों को फ्री पढ़ाने पर बोझ पड़ेगा। 


कुलभूषण शर्मा ने कहा कि फेडरेशन ने इलेक्शन से पूर्व भाजपा को समर्थन स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज की ईमानदार छवि को देखते हुए दिया था और उस समय विज विधायक दल के नेता थे। अब सभी निजी स्कूल संचालक विज से मांग करते हैं कि उनकी मांगों पर ध्यान देते हुए उनकी समस्याओं को हल किया जाए। इस अवसर पर अंबाला से एएस महाजन, बंसीलाल कपूर, मास्टर ओम प्रकाश, विक्रांत शर्मा, सतीश सैनी, हरपाल सिंह, बोबी सैनी, रीटा मुंजाल, रमा शर्मा, उमादेवी, कैथल से जोगिंद्र ढुल, पंचकूला से श्रीचंद सहित कई स्कूल संचालक मौजूद रहे।


इन मांगों के साथ सौंपा ज्ञापन
-134ए को समाप्त कर आरटीई हरियाणा में लागू करवाई जाएं और गरीब बच्चों को 2500 रुपए का वाउचर उपलब्ध करवाया जाएं। 
-किसी भी सूरत में स्कूलों को गरीबों का पैसा न दिया जाएं और यह पैसा एजूकेशन वाउचर के रूप में सीधा गरीब बच्चों के खाते में जमा करवा दिया जाए।
-पांचवीं और आठवीं मान्यता प्राप्त स्कूलों को आवश्यक अतिरिक्त कमरें बनवा कर अपग्रेड किया जाए

- गैरमान्यता प्राप्त स्कूलों को नियमों में सरलीकरण करके मान्यता प्रदान की जाएं।
-स्कूूलों पर लगाए गए प्रॉपर्टी टैक्स व अन्य कर्मिशयल टैक्सों को वापस लिया जाए।
-बसों के परमिट पर बढ़ाए गए टैक्स को तुरंत प्रभाव से वापस लिया जाए। स्कूल बसों की लाइफ किलोमीटर के आधार पर या कम से कम 15 वर्ष तय की जाए।
-स्कूल प्रिंसिपलों पर स्कूल बस की दुर्घटना की स्थिति में गिरफ्तार करने का कानून को रद किया जाए।
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