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21 तक बड़ी एनएचएम कर्मियों की हड़ताल
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अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी। मांगों को लेकर चल रही एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल सोमवार को 14वें दिन भी जारी रही। सोमवार को मंच संचालन प्रधान तरनदीप ने किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि आउट सोर्सिंग पॉलिसी के तहत ड्राइवर हायर किए गए, परंतु हायर किए गए इन ड्राइवरों ने एनएचएम की जायज मांगों को समझते हुए एंबुलेंस चलाने से मना कर दिया।
उन्होंने कहा कि जिला अंबाला के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर स्वास्थ्य सुविधाओं का बहुत बुरा हाल। सभी सेवाएं ठप हो चुकी हैं। जिला उपप्रधान अनिता ने कहा कि जब सरकार अतिथि अध्यापकों को रेगुलर करने बारे विचार कर रही है तो एनएचएम कर्मचारी तो केवल सेवा सुरक्षा की मांग कर रहे हैं इस पर सरकार सोचे। एनएचएम एसोसिएशन के जिला प्रधान तरणदीप ने बताया कि उनकी एसोसिएशन ने अपनी हड़ताल को 21 फरवरी तक बड़ा दिया है। अब हड़ताल दिन-रात चलेगी और मंगलवार से सभी जिलों में एनएचएम कर्मचारी 72 घंटे की भूख हड़ताल पर बैठेंगे। यदि सरकार ने सकारात्मक हल न निकाला तो उसके बाद कर्मचारी आमरण अनशन पर बैठेंगे। जिला सचिव हरिंदर ने कहा कि पहले उच्च अधिकारियों द्वारा बुलाई गई मीटिंग विफल रहने के बाद हड़ताल को समाप्त करने व स्वास्थ्य सेवाएं पुन: बहाल कराने को लेकर सरकार द्वारा अभी तक वार्तालाप के लिए कोई संज्ञान नहीं लिया गया है। सोमवार को हड़ताल में जिला प्रधान तरनदीप, डीपीएम कविता, कुणाल, डीएमईओ मनोज, आरटीएस लालचंद व दौलत राम, निर्मल सिंह, कृष्ण कुमार, अजय, विनोद कुमार, प्रवीण कुमार, दर्शन प्रधान, मीडिया प्रभारी विजय शर्मा व अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।
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अंबाला सिटी। मांगों को लेकर चल रही एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल सोमवार को 14वें दिन भी जारी रही। सोमवार को मंच संचालन प्रधान तरनदीप ने किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि आउट सोर्सिंग पॉलिसी के तहत ड्राइवर हायर किए गए, परंतु हायर किए गए इन ड्राइवरों ने एनएचएम की जायज मांगों को समझते हुए एंबुलेंस चलाने से मना कर दिया।
उन्होंने कहा कि जिला अंबाला के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर स्वास्थ्य सुविधाओं का बहुत बुरा हाल। सभी सेवाएं ठप हो चुकी हैं। जिला उपप्रधान अनिता ने कहा कि जब सरकार अतिथि अध्यापकों को रेगुलर करने बारे विचार कर रही है तो एनएचएम कर्मचारी तो केवल सेवा सुरक्षा की मांग कर रहे हैं इस पर सरकार सोचे। एनएचएम एसोसिएशन के जिला प्रधान तरणदीप ने बताया कि उनकी एसोसिएशन ने अपनी हड़ताल को 21 फरवरी तक बड़ा दिया है। अब हड़ताल दिन-रात चलेगी और मंगलवार से सभी जिलों में एनएचएम कर्मचारी 72 घंटे की भूख हड़ताल पर बैठेंगे। यदि सरकार ने सकारात्मक हल न निकाला तो उसके बाद कर्मचारी आमरण अनशन पर बैठेंगे। जिला सचिव हरिंदर ने कहा कि पहले उच्च अधिकारियों द्वारा बुलाई गई मीटिंग विफल रहने के बाद हड़ताल को समाप्त करने व स्वास्थ्य सेवाएं पुन: बहाल कराने को लेकर सरकार द्वारा अभी तक वार्तालाप के लिए कोई संज्ञान नहीं लिया गया है। सोमवार को हड़ताल में जिला प्रधान तरनदीप, डीपीएम कविता, कुणाल, डीएमईओ मनोज, आरटीएस लालचंद व दौलत राम, निर्मल सिंह, कृष्ण कुमार, अजय, विनोद कुमार, प्रवीण कुमार, दर्शन प्रधान, मीडिया प्रभारी विजय शर्मा व अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।
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