{"_id":"5c671997bdec2273a03260ca","slug":"11550260631-ambala-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"- कुश्ती और कबड्डी खेल के खिलाडिय़ों को मिलेंगी सुविधाएं -","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
- कुश्ती और कबड्डी खेल के खिलाडिय़ों को मिलेंगी सुविधाएं -
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अब मैट पर कुश्ती और कबड्डी के दांव-पेंच सीखेंगे खिलाड़ी
- अभी तक जमीन पर ही कोर्ट तैयार कर होता था कबड्डी का अभ्यास
- अखाड़ों का सर्वे कर रिपोर्ट भेजी, मैट और जिम की मिलेगी सुविधा
कुलदीप चहल
अंबाला कैंट। जिला खेल विभाग अब कबड्डी और कुश्ती जैसे खेलों का कायाकल्प की तैयारी में है। अभी तक मिट्टी में खेलने जाने वाले यह दोनों खेल अब आधुनिक मैट पर खेले जाएंगे। इसके लिए खेल विभाग ने अपनी तैयारी कर ली है। उम्मीद है कि जल्द ही यह सुविधाएं खिलाड़ियों के लिए जिला में उपलब्ध होंगी। इन सुविधाओं के उपलब्ध होने के बाद खिलाड़ियों के लिए नेशनल व इंटरनेशनल लेवल तक पहुंचने में और भी आसानी होगी।
बदल जाएगा कबड्डी में खिलाड़ियों का खेल
कबड्डी खेल की बात करें, तो अभी तक जमीन पर ही कोर्ट बनाने के बाद खिलाड़ी अपनी प्रैक्टिस करते रहे हैं। स्कूलों में भी इसी लेवल पर खिलाड़ियों की प्रैक्टिस करवाई जाती है। लेकिन अब कबड्डी का खेल भी मैट तक पहुंच चुका है। स्टेट या नेशनल अथवा इंटरनेशनल लेवल पर कबड्डी प्रतियोगिताएं मैट पर होने लगी हैं, जबकि अंबाला में अभी तक यह प्रैक्टिस जमीन पर ही की जाती रही है। अब खेल विभाग ने इस खेल के लिए मैट का बंदोबस्त किया है, जिसे इंस्टाल करने के बाद खिलाड़ी इसी मैट पर अपनी प्रैक्टिस कर सकेंगे। फिलहाल कैंट के वार हीरोज स्टेडियम में निर्माण कार्य चल रहा है, जबकि इसका निर्माण पूरा होने के बाद इसे इंस्टाल किया जाएगा। कबड्डी खिलाड़ियों के लिए यह एक बेहतर सुविधा साबित होगी। फिलहाल इसे अंबाला सिटी के राजीव गांधी खेल स्टेडियम में लगाए जाने की योजना है, जिसके बाद इसे वार हीरोज स्टेडियम में लाया जाएगा।
अखाड़ों को मिलेंगे मैट और जिम
अंबाला में कुश्ती खेल के लिए चल रहे अखाड़ों की कायाकल्प भी खेल विभाग करने जा रहा है। मौजूदा समय में खेल विभाग के तहत आठ अखाड़े हैं। बताया जाता है कि करीब 18 अखाड़े जिला भर में चल रहे हैं। इन अखाड़ों में देखा गया है कि उनमें क्या सुविधाएं हैं और मैट और जिम जैसी सुविधाओं का रखरखाव भी कर सकते हैं या नहीं। बताया जाता है कि इन अखाड़ों में जिला भर से करीब सात सौ खिलाड़ी प्रैक्टिस करते हैं। इसकी रिपोर्ट बनाकर भेजी है कि किन अखाड़ों में यह सुविधाएं प्रदान की जा सकती हैं। माना जा रहा है कि एक अखाड़े में लगभग साढ़े चार लाख रुपये का मैट और करीब ढाई लाख रुपये का जिम इंस्टाल किया जा सकता है। माना जा रहा है कि इसके बाद अंबाला में नए अखाड़े अस्तित्व में सामने आ सकेंगे, जबकि अंबाला से भी कुश्ती जैसे खेल में कई बेहतरीन पहलवान सामने आएंगे। फिलहाल इस योजना के लिए खेल विभाग को मंजूरी मिलने के बाद आगामी प्रक्रिया को अमल में लाया जाएगा।
विज्ञापन
कुश्ती जैसे खेल को सुविधाएं प्रदान करने के लिए अखाड़ों का सर्वे किया गया है। इसकी रिपोर्ट बनाकर भेजी गई है, जिस में कौन से अखाड़ों को मैट व जिम उपलब्ध कराया जा सकता है। इसी तरह कबड्डी गेम के लिए भी मैट मिला है, जिसे राजीव गांधी खेल स्टेडियम सिटी में लगाया जाएगा। कैंट के वार हीरोज स्टेडियम का निर्माण कार्य पूरा होने के बाद इसी स्टेडियम में शिफ्ट किया जाएगा। दोनों खेलों के लिए यह सुविधाएं काफी महत्वपूर्ण साबित होंगी।
- अरुणकांत, खेल उपनिदेशक
विज्ञापन
- अभी तक जमीन पर ही कोर्ट तैयार कर होता था कबड्डी का अभ्यास
- अखाड़ों का सर्वे कर रिपोर्ट भेजी, मैट और जिम की मिलेगी सुविधा
कुलदीप चहल
अंबाला कैंट। जिला खेल विभाग अब कबड्डी और कुश्ती जैसे खेलों का कायाकल्प की तैयारी में है। अभी तक मिट्टी में खेलने जाने वाले यह दोनों खेल अब आधुनिक मैट पर खेले जाएंगे। इसके लिए खेल विभाग ने अपनी तैयारी कर ली है। उम्मीद है कि जल्द ही यह सुविधाएं खिलाड़ियों के लिए जिला में उपलब्ध होंगी। इन सुविधाओं के उपलब्ध होने के बाद खिलाड़ियों के लिए नेशनल व इंटरनेशनल लेवल तक पहुंचने में और भी आसानी होगी।
बदल जाएगा कबड्डी में खिलाड़ियों का खेल
कबड्डी खेल की बात करें, तो अभी तक जमीन पर ही कोर्ट बनाने के बाद खिलाड़ी अपनी प्रैक्टिस करते रहे हैं। स्कूलों में भी इसी लेवल पर खिलाड़ियों की प्रैक्टिस करवाई जाती है। लेकिन अब कबड्डी का खेल भी मैट तक पहुंच चुका है। स्टेट या नेशनल अथवा इंटरनेशनल लेवल पर कबड्डी प्रतियोगिताएं मैट पर होने लगी हैं, जबकि अंबाला में अभी तक यह प्रैक्टिस जमीन पर ही की जाती रही है। अब खेल विभाग ने इस खेल के लिए मैट का बंदोबस्त किया है, जिसे इंस्टाल करने के बाद खिलाड़ी इसी मैट पर अपनी प्रैक्टिस कर सकेंगे। फिलहाल कैंट के वार हीरोज स्टेडियम में निर्माण कार्य चल रहा है, जबकि इसका निर्माण पूरा होने के बाद इसे इंस्टाल किया जाएगा। कबड्डी खिलाड़ियों के लिए यह एक बेहतर सुविधा साबित होगी। फिलहाल इसे अंबाला सिटी के राजीव गांधी खेल स्टेडियम में लगाए जाने की योजना है, जिसके बाद इसे वार हीरोज स्टेडियम में लाया जाएगा।
विज्ञापन
अखाड़ों को मिलेंगे मैट और जिम
अंबाला में कुश्ती खेल के लिए चल रहे अखाड़ों की कायाकल्प भी खेल विभाग करने जा रहा है। मौजूदा समय में खेल विभाग के तहत आठ अखाड़े हैं। बताया जाता है कि करीब 18 अखाड़े जिला भर में चल रहे हैं। इन अखाड़ों में देखा गया है कि उनमें क्या सुविधाएं हैं और मैट और जिम जैसी सुविधाओं का रखरखाव भी कर सकते हैं या नहीं। बताया जाता है कि इन अखाड़ों में जिला भर से करीब सात सौ खिलाड़ी प्रैक्टिस करते हैं। इसकी रिपोर्ट बनाकर भेजी है कि किन अखाड़ों में यह सुविधाएं प्रदान की जा सकती हैं। माना जा रहा है कि एक अखाड़े में लगभग साढ़े चार लाख रुपये का मैट और करीब ढाई लाख रुपये का जिम इंस्टाल किया जा सकता है। माना जा रहा है कि इसके बाद अंबाला में नए अखाड़े अस्तित्व में सामने आ सकेंगे, जबकि अंबाला से भी कुश्ती जैसे खेल में कई बेहतरीन पहलवान सामने आएंगे। फिलहाल इस योजना के लिए खेल विभाग को मंजूरी मिलने के बाद आगामी प्रक्रिया को अमल में लाया जाएगा।
विज्ञापन
कुश्ती जैसे खेल को सुविधाएं प्रदान करने के लिए अखाड़ों का सर्वे किया गया है। इसकी रिपोर्ट बनाकर भेजी गई है, जिस में कौन से अखाड़ों को मैट व जिम उपलब्ध कराया जा सकता है। इसी तरह कबड्डी गेम के लिए भी मैट मिला है, जिसे राजीव गांधी खेल स्टेडियम सिटी में लगाया जाएगा। कैंट के वार हीरोज स्टेडियम का निर्माण कार्य पूरा होने के बाद इसी स्टेडियम में शिफ्ट किया जाएगा। दोनों खेलों के लिए यह सुविधाएं काफी महत्वपूर्ण साबित होंगी।
- अरुणकांत, खेल उपनिदेशक