फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Youth left jobs and set up industries providing employment

बदल रहा है गोरखपुर: नौकरी छोड़कर युवाओं ने जमाए उद्योग, दे रहे हैं रोजगार

Wed, 29 Nov 2023 11:41 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Wed, 29 Nov 2023 11:41 AM IST
सार

गीडा सीईओ अनुज मलिक ने कहा कि अब युवा नौकरी खोजने की बजाय नौकरी देने वाले बन रहे हैं। यह पूर्वांचल के लिए अच्छी बात है। बड़ी संख्या में युवा गीडा में अपनी फैक्टरी खोल रहे हैं। फैक्टरी के लिए जमीन की तलाश में सबसे अधिक आवेदन युवाओं के ही आ रहे हैं।

विज्ञापन
Youth left jobs and set up industries providing employment
गोरखपुर के उद्यमी - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

गोरखपुर जिले में गीडा के विभिन्न सेक्टरों में युवा उद्यमियों ने अपनी मेहनत से नई पहचान बनाई है। गीडा की तरक्की में इनके उद्योगों की सफलता का भी बड़ा योगदान है। कोई प्लास्टिक का डिब्बा बना रहा है तो कोई डिस्पोजल पेपर। फ्लोर मिल से लेकर लौह उपकरणों तक में युवा उद्यमी हाथ आजमा रहे हैं।

विज्ञापन


पूर्वांचल में रोजगार की कमी का सबसे बड़ा कारण यही था कि आसपास कोई बड़ा औद्योगिक क्षेत्र नहीं था। ऐसे में जिन्हें सरकारी नौकरी नहीं मिली, वे यहां से रोजगार की तलाश में दिल्ली-मुंबई से लेकर विदेश तक की खाक छानते थे। अब इस स्थिति में बदलाव आने लगा है। गीडा में उद्योगों की स्थापना ने खुद को साबित करने का प्रयास करने वाले युवाओं को एक मौका दिया।
विज्ञापन


सस्ते रेट में जमीन, मजदूर और कच्चे माल की उपलब्धता ने इन युवाओं को उद्योग स्थापित करने के लिए प्रेरित किया। नतीजा यह है कि फ्लोर मिल, रेडिमेड गारमेंट्स, प्लास्टिक फैक्टरी से लेकर डिस्पोजल पेपर तक की फैक्टरी युवाओं ने लगाई और उसे सफलतापूर्वक चला भी रहे हैं। यहां तैयार माल को पड़ोसी प्रांत बिहार व पश्चिम बंगाल के अलावा नेपाल के मैदानी इलाकों तक भेजना आसान है, इसलिए उत्पादों को अच्छा व सस्ता बाजार भी मिल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसे भी पढ़ें: भू-माफिया कमलेश यादव के आईटीआई काॅलेज को सरकारी बनाने की तैयारी, जप्त हो चुकी है संपत्ति

बाजार की अच्छी समझ से मिल रहा फायदा
युवा उद्यमी बाजार की मांग व जरूरत को अच्छी तरह से समझ रहे हैं। यही वजह है कि वे ऐसी फैक्टरी लगा रहे हैं, जिसका उत्पादन यहां नहीं होता, लेकिन बाजार अच्छा है। इसका फायदा यह है कि इनके उत्पाद को तुरंत बाजार मिल जाता है। आयुष की फैक्टरी में खिलौने बनते हैं, जो मार्केट में हाथों-हाथ बिक जाते हैं तो वहीं मोहित ने बोतल बंद पानी का काम शुरू किया। इनका माल भी आसपास के बाजार के अलावा बिहार में खप जाता है।

इसे भी पढ़ें: सहालग की धूम से फिर जहरीली हुई गोरखपुर की हवा...घुटने रहा है दम

उद्यमी श्रेय जैन ने कहा कि मैंने एक कंपनी में पांच साल तक की नौकरी की। गोरखपुर का रहने वाला हूं तो यहां गीडा में हो रहे बदलाव से वाकिफ था। कोरोना संकट के बाद नौकरी के बजाय खुद की फैक्टरी खोलने के लिए गीडा कार्यालय से संपर्क किया। जमीन मिली तो यहां प्लास्टिक के कंटेनर व जार बनाने की फैक्टरी लगाई। आसपास के बाजार की पहले से ही अच्छी जानकारी थी। लिहाजा उत्पाद को बाजार तक पहुंचाने में कोई दिक्कत नहीं आई। आज फैक्टरी व मार्केटिंग टीम मिलाकर करीब 60 लोगों को रोजगार मिला है।

इसे भी पढ़ें: गोरखपुर विश्वविद्यालय: अभद्र टिप्पणी पर छात्रों के दो गुटों में चाकू चले, तीन घायल

उद्यमी सुधांशु टिबड़ेवाल ने कहा कि मैं एक विदेशी कंपनी में कार्यरत था। पांच साल तक नौकरी के बाद खुद की फैक्टरी लगाने का निर्णय लिया। पहले दिल्ली में कारोबार शुरू करने का लक्ष्य था, लेकिन जब गोरखपुर आकर नई दिल्ली और यहां के मार्केट की तुलना की तब लगा कि इस वक्त गीडा में काम शुरू करना ज्यादा बेहतर विकल्प है। पिछले साल डिस्पोजल पेपर बनाने का काम शुरू किया। इसका गोरखपुर व आसपास के बाजार में इतना अच्छा रिस्पांस मिला कि अब कारोबार पटरी पर आ गया है।

इसे भी पढ़ें: गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर लगेंगे 317 कैमरे, अपराधियों पर रहेगी नजर

गीडा सीईओ अनुज मलिक ने कहा कि अब युवा नौकरी खोजने की बजाय नौकरी देने वाले बन रहे हैं। यह पूर्वांचल के लिए अच्छी बात है। बड़ी संख्या में युवा गीडा में अपनी फैक्टरी खोल रहे हैं। फैक्टरी के लिए जमीन की तलाश में सबसे अधिक आवेदन युवाओं के ही आ रहे हैं।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed