{"_id":"662d94712c44da0e18036bb9","slug":"uncle-and-aunt-created-the-story-of-kidnapping-to-get-nieces-property-worth-crores-gorakhpur-news-c-7-hsr1010-540443-2024-04-28","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: भांजी की करोड़ों की संपत्ति पाने को मामा-मामी ने रच दी अपहरण की कहानी- ऐसे खुला मामला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: भांजी की करोड़ों की संपत्ति पाने को मामा-मामी ने रच दी अपहरण की कहानी- ऐसे खुला मामला
Sun, 28 Apr 2024 05:42 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sun, 28 Apr 2024 05:42 AM IST
विज्ञापन
गुलरिहा थाना
- फोटो : अमर उजाला
गोरखपुर बीआरडी मेडिकल काॅलेज की स्टॉफ नर्स साधना चौरसिया (60) की शुक्रवार को मौत के बाद उनकी गोद ली बेटी के अपहरण का मामला शनिवार को सामने आया। शुक्रवार को दिल का दौरा पड़ने से नर्स की मौत हुई थी। बताया जा रहा है कि नर्स ने अपनी करोड़ों की संपत्ति गोद ली बेटी के नाम कर रखी है।
विज्ञापन
लिहाजा उसे अपने साथ रखने के लिए गुलरिहा पुलिस के सामने मामा-मामी ने अपहरण की झूठी कहानी रच दी। देर शाम पुलिस के पास नर्स की बेटी आई और बोली कि उसका कोई अपहरण नहीं हुआ है। वह मामा-मामी के साथ नहीं रहना चाहती है। इसके बाद पुलिस ने किशोरी को भेज दिया।
विज्ञापन
बताया जा रहा है कि नर्स के पति दिलीप चौहान की 17 वर्ष पहले मौत हो चुकी है, उनकी कोई संतान नहीं थी, इसलिए उन्होंने मेडिकल काॅलेज से एक नवजात बच्ची को गोद लिया था। नर्स अपनी ड्यूटी के समय नवजात बच्ची को देखभाल के लिए अपनी भाभी मंशा चौरसिया निवासी मोगलहा थाना गुलरिहा के हवाले कर देती थी।
विज्ञापन
बच्ची दोनों परिवार में घुल मिल गई थी। जब बेटी 11 वर्ष की हो गई तो उसे पिपराइच क्षेत्र के तुर्रा नाले के पास एक स्कूल में प्रवेश दिलाकर हॉस्टल में रख दिया। जहां प्रधानाचार्य उसकी देख-रेख करते हैं।
वर्तमान में किशोरी 14 वर्ष की हो गई है, कक्षा नौ में पढ़ती है। मामा-मामी का आरोप है कि नर्स की मौत के बाद शव का अंतिम संस्कार करवाकर स्कूल का प्रधानाचार्य किशोरी को लेकर चला गया। अन्य क्रिया कर्म करवाने के लिए जब किशोरी को बुलाने गए तब प्रधानाचार्य ने उसे वहां से हटा दिया। किशोरी की मामी मंशा चौरसिया ने गुलरिहा थाने में लिखित तहरीर दी।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मेरी ननद के नाम से करोड़ों की संपत्ति व बैंक में जमा धन है, जिसकी वारिस किशोरी है। इसी लालच में स्कूल का प्रधानाचार्य व अन्य चार व्यक्ति अपहरण किए हैं। पुलिस का कहना है कि किशोरी मामा-मामी के साथ नहीं रहना चाहती है, इसलिए उसे जहां रह रही है, वहां भेज दिया गया।