{"_id":"6ab98ba1af29580a6300611c","slug":"three-new-floating-jetties-will-be-built-at-ramgarh-tal-gorakhpur-news-c-7-gkp1062-1465443-2026-09-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: रामगढ़ताल में बनेगी तीन नई फ्लोटिंग जेटी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: रामगढ़ताल में बनेगी तीन नई फ्लोटिंग जेटी
विज्ञापन
गोरखपुर। रामगढ़ताल में एसी फेरी सेवा (विशेष नाव) शुरू करने की कवायद तेज हो गई है। फेरी के संचालन के लिए ताल में तीन स्थानों पर फ्लोटिंग जेटी बनाई जाएंगी। आरकेबीके के पास, चिड़ियाघर और सहारा एस्टेट के नजदीक इन जेटी को विकसित करने की योजना है। सेवा के संचालन के लिए तीन फर्मों ने आवेदन किया है। जीडीए जल्द ही इनमें से एक फर्म का चयन करेगा।
आरकेबीके के पास, चिड़ियाघर और सहारा एस्टेट के पास फ्लोटिंग जेटी प्रस्तावित हैं। इन स्थानों पर टिकट काउंटर, प्रतीक्षालय और शौचालय समेत यात्रियों के लिए जरूरी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। फेरी सेवा का संचालन सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मोड पर किया जाएगा। चयनित फर्म को फेरी संचालन के साथ यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा से जुड़ी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करनी होंगी। जेटी के निर्माण के बाद इन स्थानों से यात्रियों को फेरी पर चढ़ने और उतरने की सुविधा मिलेगी।
प्रस्तावित जेटी पर यात्रियों के लिए टिकट काउंटर, प्रतीक्षालय और शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इससे फेरी का इंतजार करने वाले यात्रियों को खुले में खड़े रहने की जरूरत नहीं होगी। जेटी को इस तरह विकसित किया जाएगा कि यात्रियों की आवाजाही सुगम रहे और फेरी से उतरते-चढ़ते समय सुरक्षा बनी रहे।
विज्ञापन
फेरी संचालन के दौरान यात्रियों की सुरक्षा के लिए जरूरी इंतजाम किए जाएंगे। इसमें सुरक्षा उपकरणों के साथ नेविगेशन सिस्टम की व्यवस्था भी शामिल होगी। ताल में फेरी के आवागमन को व्यवस्थित रखने के लिए निर्धारित मार्ग और संचालन व्यवस्था पर भी ध्यान दिया जाएगा।
प्रमुख हिस्सों को जोड़ने में मिलेगी मदद
जीडीए उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने बताया कि रामगढ़ताल में अलग-अलग स्थानों पर जेटी बनने से फेरी सेवा को ताल के प्रमुख हिस्सों से जोड़ने में मदद मिलेगी। इससे ताल क्षेत्र में आने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक जलमार्ग से जाने का विकल्प मिल सकेगा। फेरी सेवा को पर्यटन गतिविधियों से जोड़ने की भी संभावना है। जीडीए के स्तर से फर्म चयन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई शुरू होगी। चयनित फर्म को तय शर्तों के अनुसार फेरी और जेटी से जुड़ी व्यवस्थाएं विकसित करनी होंगी। इसके बाद संचालन शुरू करने की दिशा में काम आगे बढ़ाया जाएगा।
विज्ञापन
आरकेबीके के पास, चिड़ियाघर और सहारा एस्टेट के पास फ्लोटिंग जेटी प्रस्तावित हैं। इन स्थानों पर टिकट काउंटर, प्रतीक्षालय और शौचालय समेत यात्रियों के लिए जरूरी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। फेरी सेवा का संचालन सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मोड पर किया जाएगा। चयनित फर्म को फेरी संचालन के साथ यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा से जुड़ी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करनी होंगी। जेटी के निर्माण के बाद इन स्थानों से यात्रियों को फेरी पर चढ़ने और उतरने की सुविधा मिलेगी।
विज्ञापन
प्रस्तावित जेटी पर यात्रियों के लिए टिकट काउंटर, प्रतीक्षालय और शौचालय की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इससे फेरी का इंतजार करने वाले यात्रियों को खुले में खड़े रहने की जरूरत नहीं होगी। जेटी को इस तरह विकसित किया जाएगा कि यात्रियों की आवाजाही सुगम रहे और फेरी से उतरते-चढ़ते समय सुरक्षा बनी रहे।
विज्ञापन
फेरी संचालन के दौरान यात्रियों की सुरक्षा के लिए जरूरी इंतजाम किए जाएंगे। इसमें सुरक्षा उपकरणों के साथ नेविगेशन सिस्टम की व्यवस्था भी शामिल होगी। ताल में फेरी के आवागमन को व्यवस्थित रखने के लिए निर्धारित मार्ग और संचालन व्यवस्था पर भी ध्यान दिया जाएगा।
प्रमुख हिस्सों को जोड़ने में मिलेगी मदद
जीडीए उपाध्यक्ष अभिनव गोपाल ने बताया कि रामगढ़ताल में अलग-अलग स्थानों पर जेटी बनने से फेरी सेवा को ताल के प्रमुख हिस्सों से जोड़ने में मदद मिलेगी। इससे ताल क्षेत्र में आने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक जलमार्ग से जाने का विकल्प मिल सकेगा। फेरी सेवा को पर्यटन गतिविधियों से जोड़ने की भी संभावना है। जीडीए के स्तर से फर्म चयन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई शुरू होगी। चयनित फर्म को तय शर्तों के अनुसार फेरी और जेटी से जुड़ी व्यवस्थाएं विकसित करनी होंगी। इसके बाद संचालन शुरू करने की दिशा में काम आगे बढ़ाया जाएगा।