लुटेरा जवान: गोरखपुर में लूट के बाद चला जाता जम्मू-कश्मीर, बोला- पार्ट टाइम में हो जाती थी अच्छी खासी कमाई
आरोपी ने कहा कि पार्ट टाइम में ऐसा करके लूट कर अच्छी खासी कमाई हो जाती है। आरोपी के पास से 95 हजार रुपये, मोबाइल फोन और बाइक बरामद हुई है। आरोपी ने बताया कि रुपयों के लालच में वह लूट की घटनाओं में शामिल हो गया।
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जम्मू-कश्मीर में तैनात एसएसबी जवान मारुति नंदन गोरखपुर में लूट की वारदात कराता था। रामगढ़ताल में मुठभेड़ में पकड़े गए मनोज और अजीत से पूछताछ के बाद मारुति का नाम सामने आने पर कैंट पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपी के पास से 95 हजार रुपये, मोबाइल फोन और बाइक बरामद की है। पूछताछ में आरोपी ने घटना में शामिल होना स्वीकार करते हुए बताया कि रुपयों के लालच में वह लूट की घटनाओं में शामिल हो गया।
पकड़ा गया आरोपी मारुति नंदन चिलुआताल के मोहरीपुर चौहान टोला का मूल निवासी है। सीओ कैंट श्यामदेव बिंद और इंस्पेक्टर शशिभूषण राय ने पकड़े गए बदमाश के बारे में जानकारी दी। सीओ ने बताया कि लूट के आरोपी जवान को रिजनल स्टेडियम के पास से गिरफ्तार किया गया है। 4 अप्रैल 2022 की शाम रुस्तमपुर के पास दो बाइक सवार अज्ञात बदमाशों ने शैलेंद्र कुमार मिश्रा से रुपयों से भरा बैग लूट लिया था। बैग में कुल 4 लाख 60 हजार रुपये थे।
सीओ ने बताया कि आरोपी मारुति एसएसबी में तैनात है। पुलिस अब उसके बटालियन से पत्राचार कर संपर्क कर रही है। सही जानकारी जुटा रही है। ताकि, उसके गिरफ्तारी की सूचना उसकी बटालियन तक पहुंचाई जा सके और उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई हो सके। आरोपी मारुति ने बताया कि वह अपने लुटेरे साथियों की सूचना पर किसी भी घटना को अंजाम देने के पहले गांव आता था और लूट की घटना को अंजाम देकर वापस ड्यूटी चला जाता था। पिछले दो महीने से ही वह गांव आया था।
सीओ कैंट ने बताया कि आरोपी जवान मारुति अपने गांव के दोस्तों के साथ मिलकर लूट की घटना हो अंजाम देता था। अपने दोस्त मनोज चौहान के बताए हुए व्यक्ति को टारगेट करके उसके पीछे अपनी बाइक से लग जाता है। अपने साथियों को उसका लोकेशन बताता रहता है। जैसे ही टारगेट किए हुए व्यक्ति के सूनसाथ स्थान पर रोककर लूट की घटना करता था। इसी प्रकार 4 अप्रैल को हुई लूट की घटना में भी मारुति नंदन ने पीड़ित का पीछा किया था। फिर रुस्तमपुर में वारदात को अंजाम दिया था।
पुलिस ने एसएसबी के जवान के पास से 95 हजार बरामद किए हैं। ये रुपये उसे लूट की घटना में उसके हिस्से के रूप में मिले थे। जवान ने बताया कि वह ज्यादा रुपये कमाने के लालच में वह बहक गया और गांव के इन लुटेरों के साथ मिल गया। चूंकि, वह अपनी बाइक से रेकी करता था और उसकी बाइक प्रयोग हुई थी। उसने सोचा कि पार्ट टाइम में ऐसा करके लूट कर अच्छी खासी कमाई हो जाती है। मारुति नंदन के खिलाफ इसके पहले और कोई केस दर्ज नहीं है।