{"_id":"5f3987eb8ebc3e3cc20571a5","slug":"soldier-dies-quarrels-in-family-gorakhpur-city-news-gkp3619554168","type":"story","status":"publish","title_hn":"सैनिक की मौत, परिवार में कोहराम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सैनिक की मौत, परिवार में कोहराम
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सैनिक की मौत, परिवार में कोहराम
चिल्लूपार (गोरखपुर)। बड़हलगंज क्षेत्र के ददरी गांव निवासी सैनिक रामसेवक गौड़ (40) की ड्यूटी के दौरान रुड़की के मिलिट्री हॉस्पिटल में शुक्रवार को मौत हो गई। शनिवार सुबह सूचना मिलते ही परिवार सहित गांव में मातम छा गया।
जानकारी के मुताबिक, रामसेवक पुत्र भभूती गौड़ बरेली हेडक्वार्टर से संबद्ध रुड़की में कार्यरत थे। शुक्रवार की रात उनकी तबीयत खराब हुई तो अधिकारियों ने रुड़की स्थित मिलिट्री हॉस्पिटल में भर्ती कराया जहां भोर चार बजे उन्होंने दम तोड़ दिया। वे वर्ष 2001 में बंगलूरू से सेना पुलिस (सीएमपी) में सिपाही पद पर भर्ती हुए थे। 19 वर्ष की सेवा में इन दिनों वे सीएमपी में नायक पद पर देश की सेवा कर रहे थे। बड़हलगंज पुलिस व सेना के अधिकारियों के द्वारा परिजनों को घटना की जानकारी दी गई। बताया गया कि उनका पार्थिव शरीर रुड़की स्थित हॉस्पिटल के मोर्चरी में रखा गया है।
15 अगस्त के कारण पोस्टमार्टम नहीं हुआ है। सोमवार को पार्थिव शरीर गांव पहुंचने की संभावना है। रामसेवक की पत्नी सुनीता गौड़ सहित तीन बच्चे हैं। बड़ी बेटी प्रिया (16), बेटा अर्जुन (14) वर्ष, सबसे छोटा बेटा गोलू (6) है। उनके सभी बच्चे रुद्रपुर स्थित खजुहा चौराहे पर अपने निजी मकान में रहकर पढ़ाई करते हैं। मौत की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पत्नी सहित परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
विज्ञापन
विज्ञापन
चिल्लूपार (गोरखपुर)। बड़हलगंज क्षेत्र के ददरी गांव निवासी सैनिक रामसेवक गौड़ (40) की ड्यूटी के दौरान रुड़की के मिलिट्री हॉस्पिटल में शुक्रवार को मौत हो गई। शनिवार सुबह सूचना मिलते ही परिवार सहित गांव में मातम छा गया।
जानकारी के मुताबिक, रामसेवक पुत्र भभूती गौड़ बरेली हेडक्वार्टर से संबद्ध रुड़की में कार्यरत थे। शुक्रवार की रात उनकी तबीयत खराब हुई तो अधिकारियों ने रुड़की स्थित मिलिट्री हॉस्पिटल में भर्ती कराया जहां भोर चार बजे उन्होंने दम तोड़ दिया। वे वर्ष 2001 में बंगलूरू से सेना पुलिस (सीएमपी) में सिपाही पद पर भर्ती हुए थे। 19 वर्ष की सेवा में इन दिनों वे सीएमपी में नायक पद पर देश की सेवा कर रहे थे। बड़हलगंज पुलिस व सेना के अधिकारियों के द्वारा परिजनों को घटना की जानकारी दी गई। बताया गया कि उनका पार्थिव शरीर रुड़की स्थित हॉस्पिटल के मोर्चरी में रखा गया है।
विज्ञापन
15 अगस्त के कारण पोस्टमार्टम नहीं हुआ है। सोमवार को पार्थिव शरीर गांव पहुंचने की संभावना है। रामसेवक की पत्नी सुनीता गौड़ सहित तीन बच्चे हैं। बड़ी बेटी प्रिया (16), बेटा अर्जुन (14) वर्ष, सबसे छोटा बेटा गोलू (6) है। उनके सभी बच्चे रुद्रपुर स्थित खजुहा चौराहे पर अपने निजी मकान में रहकर पढ़ाई करते हैं। मौत की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पत्नी सहित परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
विज्ञापन