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गोरखपुर: वीआईपी कोटे से कंफर्म टिकट के बाद भी स्टेशन से लौटा दिए गए यात्री, शुरू हुई जांच
Tue, 15 Sep 2020 12:47 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 15 Sep 2020 12:47 PM IST
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फाइल फोटो।
- फोटो : अमर उजाला।
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में रेलवे के वीआइपी कोटे से कंफर्म टिकट के आठ यात्रियों को वेटिंग कहकर रेलवे स्टेशन के गेट से ही वापस कर दिया गया। मामले की जानकारी जब रेलवे प्रशासन को हुई तो हड़कंप मच गया। मामले की जांच शुरू कर दी गई।
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जानकारी के मुताबिक, 02591 गोरखपुर-यशवंतपुर एक्सप्रेस के यात्री सोमवार को सुबह से ही स्टेशन पहुंचने लगे। आठ ऐसे यात्री थे जिनका टिकट एस-3 कोच में 18, 19, 20, 21, व 26, 27, 28 व 29 नंबर के बर्थ रेलवे के वीआइपी कोटे से आरक्षित था।
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प्लेटफार्म पर प्रवेश करते समय गेट पर खड़े टिकट परीक्षकों को उन्होंने टिकट दिखाया। दूर से ही टिकट देखने के बाद टिकट परीक्षकों ने कहा कि वेटिंग है। वेटिंग टिकट पर यात्रा करने की अनुमति नहीं है। गांव के कामगार यात्री निराश होकर गेट से ही लौट गए। टिकट परीक्षकों ने भी अपना चार्ट नहीं देखा और ना ही टिकट को चेक किया।
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आठों यात्री स्टेशन परिसर से बाहर निकलकर कंपनी मालिक को फोन करके शिकायत की तो मामला खुला। वहीं, कंपनी मालिक ने टिकट कंफर्म कराने के लिए रेलवे बोर्ड से ही पूर्वोत्तर रेलवे प्रशासन को आवेदन कराया था।
कामगार यात्री बंगलुरु स्थित कंपनी में काम करते हैं। प्रकरण जब रेलवे बोर्ड तक पहुंचा तो जांच शुरू कर दी गई है। मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने बताया कि जांच में दोषी पाए जाने वाले कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।