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मोहर्रम : दुलदुल के कदीमी जुलूस में या हुसैन या अब्बास से गूंजी सदा
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गोरखपुर। हजरत इमाम हुसैन की याद में जुलूसों का सिलसिला जारी है। इसमें जहां शहर में विभिन्न इमामबाड़ों के जुलूस निकाले गए। वहीं दूसरी ओर मरहूम आगा मुख्तार हुसैन के घर से रात में शिया अजादारों ने दुलदुल का कदीमी जुलूस निकाला। दुलदुल के इस जुलूस में या हुसैन और या अब्बास की सदाएं गूंजती रहीं और मातम की आवाज आती रही। देर रात तक जुलूसों का सिलसिला चलता रहा।
हजरत इमाम हुसैन की इस्लाम के लिए अजीम कुर्बानी की याद में आगा मुख्तार हुसैन के घर से सोमवार की रात शिया अजादारों ने शहर में दुलदुल का कदीमी जंजीरी व मातमी जुलूस निकाला। जुलूस उनके निवास स्थान बसंतपुर मुतनाजा से निकला और नकी रोड, हैदर बाजार, उर्दू बाजार, घंटाघर, रेती चौक होता हुआ देर रात गीता प्रेस रोड स्थित इमामबाड़ा रानी अशरफुन्निसा खानम (आगा साहेबान) में संपन्न हुआ। दशकों से निकाला जाने वाला यह जुलूस शहर का पारंपरिक जुलूस है।
मातमी जुलूस में हजरत इमाम हुसैन के वफादार भाई और अलमदार ए करबला हजरत अब्बास के अलम और इमाम हुसैन की सवारी दुलदुल की शबीह निकाली जाती है। इसीलिए यह दुलदुल का जुलूस के नाम से मशहूर है। यह जुलूस हर साल आठ मोहर्रम को बड़ी अक़ीदत के साथ निकाला जाता है। इसके जरिए इमाम हुसैन की कुर्बानी को याद किया जाता है। इसी मोहर्रम के महीने की 10 तारीख 680 ईसवी (61 हिजरी) को करबला में इमाम हुसैन और उनके साथियों को भूखा प्यासा शहीद कर दिया गया। जुलूस में शिया अजादारों ने इमाम के गम में नौहाख्वानी, सीनाजनी, जंजीर और कमा का मातम कर के अकीदत का इजहार किया। जुलूस में सभी समुदाय के लोगों ने शिरकत की। यह जुलूस आगा शानदार हुसैन उर्फ पैगाम अली की सरपरस्ती में निकाला गया।
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इमामबाड़ा एस्टेट से निकाला गश्ती जुसूल
इमामबाड़ा एस्टेट से सोमवार को गश्ती जुलूस निकाला गया। सज्जादानशीं आदनान फर्रुख शाह की अगुवाई में निकाला गया जुलूस अपने निर्धारित मार्ग से रवाना हुआ। पहले मियां साहब ने बाबा रोशन अली शाह के आस्ताने पर फातिहा पढ़ी, जिसके बाद जुलूस निकाला गया।
आठवीं मुहर्रम पर जारी रहा जुलूसों का सिलसिला
गोरखपुर। आठवीं मुहर्रम को बिंद टोला, अफगान हाता, इस्माईलपुर, पुर्दिलपुर, अंधियारी बाग आदि कई मोहल्लों के इमाम चौकों से जुलूस निकला। पहाड़पुर व तुर्कमानपुर से लठिया सालार का जुलूस निकला। जुलूस देखने के लिए लोग सड़कों पर जमे रहे।
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72 लोगों के बीच राशन किट बांटा गया ।
इमामबाड़ा स्टेट के सज्जादानशीन व सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के सदस्य अदनान फर्रुख अली शाह के निर्देश पर इमामबाड़ा मुतवल्लियान कमेटी कर्बला के मैदान में शहीद हुए हजरत इमाम हुसैन और उनके 72 साथियों की याद में 72 लोगों के बीच राशन किट लाेगों के घरों तक पहुंचाए। जिला अध्यक्ष सैयद इरशाद अहमद के नेतृत्व में कमेटी के लोग निरंतर कार्यक्रम चला रहे हैं। इस दौरान हाजी सोहराब खान, तौकीर आलम, सैयद वसीम इकबाल, शकील शाही, परवेज अहमद, मिन्नत गोरखपुरी, फजल खान, सैयद मुख्तार अली, हामिद अंसारी तमाम लोग उपस्थित थे।
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हजरत इमाम हुसैन की इस्लाम के लिए अजीम कुर्बानी की याद में आगा मुख्तार हुसैन के घर से सोमवार की रात शिया अजादारों ने शहर में दुलदुल का कदीमी जंजीरी व मातमी जुलूस निकाला। जुलूस उनके निवास स्थान बसंतपुर मुतनाजा से निकला और नकी रोड, हैदर बाजार, उर्दू बाजार, घंटाघर, रेती चौक होता हुआ देर रात गीता प्रेस रोड स्थित इमामबाड़ा रानी अशरफुन्निसा खानम (आगा साहेबान) में संपन्न हुआ। दशकों से निकाला जाने वाला यह जुलूस शहर का पारंपरिक जुलूस है।
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मातमी जुलूस में हजरत इमाम हुसैन के वफादार भाई और अलमदार ए करबला हजरत अब्बास के अलम और इमाम हुसैन की सवारी दुलदुल की शबीह निकाली जाती है। इसीलिए यह दुलदुल का जुलूस के नाम से मशहूर है। यह जुलूस हर साल आठ मोहर्रम को बड़ी अक़ीदत के साथ निकाला जाता है। इसके जरिए इमाम हुसैन की कुर्बानी को याद किया जाता है। इसी मोहर्रम के महीने की 10 तारीख 680 ईसवी (61 हिजरी) को करबला में इमाम हुसैन और उनके साथियों को भूखा प्यासा शहीद कर दिया गया। जुलूस में शिया अजादारों ने इमाम के गम में नौहाख्वानी, सीनाजनी, जंजीर और कमा का मातम कर के अकीदत का इजहार किया। जुलूस में सभी समुदाय के लोगों ने शिरकत की। यह जुलूस आगा शानदार हुसैन उर्फ पैगाम अली की सरपरस्ती में निकाला गया।
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इमामबाड़ा एस्टेट से निकाला गश्ती जुसूल
इमामबाड़ा एस्टेट से सोमवार को गश्ती जुलूस निकाला गया। सज्जादानशीं आदनान फर्रुख शाह की अगुवाई में निकाला गया जुलूस अपने निर्धारित मार्ग से रवाना हुआ। पहले मियां साहब ने बाबा रोशन अली शाह के आस्ताने पर फातिहा पढ़ी, जिसके बाद जुलूस निकाला गया।
आठवीं मुहर्रम पर जारी रहा जुलूसों का सिलसिला
गोरखपुर। आठवीं मुहर्रम को बिंद टोला, अफगान हाता, इस्माईलपुर, पुर्दिलपुर, अंधियारी बाग आदि कई मोहल्लों के इमाम चौकों से जुलूस निकला। पहाड़पुर व तुर्कमानपुर से लठिया सालार का जुलूस निकला। जुलूस देखने के लिए लोग सड़कों पर जमे रहे।
72 लोगों के बीच राशन किट बांटा गया ।
इमामबाड़ा स्टेट के सज्जादानशीन व सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के सदस्य अदनान फर्रुख अली शाह के निर्देश पर इमामबाड़ा मुतवल्लियान कमेटी कर्बला के मैदान में शहीद हुए हजरत इमाम हुसैन और उनके 72 साथियों की याद में 72 लोगों के बीच राशन किट लाेगों के घरों तक पहुंचाए। जिला अध्यक्ष सैयद इरशाद अहमद के नेतृत्व में कमेटी के लोग निरंतर कार्यक्रम चला रहे हैं। इस दौरान हाजी सोहराब खान, तौकीर आलम, सैयद वसीम इकबाल, शकील शाही, परवेज अहमद, मिन्नत गोरखपुरी, फजल खान, सैयद मुख्तार अली, हामिद अंसारी तमाम लोग उपस्थित थे।