{"_id":"64edba096817197b3608a979","slug":"kantawala-forgotten-to-normalize-point-so-sampark-kranti-went-on-wrong-track-2023-08-29","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"टल गया था बड़ा हादसा: प्वाइंट नार्मल करना भूल गया था कांटावाला, इसलिए गलत ट्रैक पर चली गई थी संपर्क क्रांति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टल गया था बड़ा हादसा: प्वाइंट नार्मल करना भूल गया था कांटावाला, इसलिए गलत ट्रैक पर चली गई थी संपर्क क्रांति
Tue, 29 Aug 2023 02:57 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 29 Aug 2023 02:57 PM IST
सार
लोको पायलट दिनेश ने अपने बयान में बताया है कि एडीवी स्टार्टर से पहले कांटे की गलत सेटिंग पर उनकी नजर पड़ी तो इमरजेंसी ब्रेक लगाया। कांटा नई लाइन के लिए सेट था।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गोरखपुर कैंट स्टेशन पर शुक्रवार को बिहार संपर्क क्रांति के गलत ट्रैक पर जाने की घटना की जांच में यह बात सामने आई है कि कांटावाला, रेल ट्रैक के प्वाइंट 202 ए और 202 बी को नार्मल करना भूल गया था। सही सेटिंग नहीं हो पाने के चलते ट्रेन दूसरी ट्रैक पर करीब 52 मीटर आगे चली गई। जब लोको पायलट ने हादसा रोकने के लिए इमरजेंसी ब्रेक लगाई तो उस समय ट्रेन की रफ्तार 23 किलोमीटर प्रति घंटा थी।
विज्ञापन
गोरखपुर कैंट-कुसम्ही रेलवे स्टेशन पर बन रही तीसरी लाइन और कैंट स्टेशन के विस्तारीकरण कार्य के लिए नॉन इंटरलॉक का काम हो रहा है। बीते शुक्रवार की शाम पांच बजे दिल्ली जा रही बिहार संपर्क क्रांति कैंट स्टेशन का प्लेटफार्म पार करते वक्त गलत ट्रैक पर चली गई थी। लोको पायलट (ड्राइवर) को खतरे का अहसास हुआ तो उसने तत्काल इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन रोक दी। इससे एक बड़ा हादसा बाल-बाल बच गया। बाद में ट्रेन को बैक करके मेन लाइन पर लाने के बाद गोरखपुर जंक्शन के लिए रवाना किया गया।
विज्ञापन
इसे भी पढ़ें: बंद हो सकती हैं बड़ौदा यूपी बैंक की 268 शाखाएं, जानिए क्या है बड़ी वजह
विज्ञापन
इस दौरान करीब डेढ़ घंटे तक ट्रेन रुकी रही। इस मामले की जांच के लिए तीन वरिष्ठ पर्यवेक्षकों की टीम गठित की गई थी। रेलवे सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जांच टीम ने सभी कर्मचारियों, गार्ड, लोको पायलट और कांटावाला से पूछताछ की। टीम ने अपनी रिपोर्ट में इस बात का जिक्र किया है कि साउथ लाइन से नई लाइन की तरफ कांटा संख्या 202 ए और 202 बी पर कार्य के लिए टॉवर बैगन लगाया गया था।
कार्य समाप्त होने के बाद कांटावाला रौनक हुसैन ने कांटा संख्या 202 बी को नार्मल नहीं किया। शाम 4.53 बजे बिहार संपर्क क्रांति कैंट स्टेशन पर पहुंची, इससे पहले कांटावाला रौनक और स्टेशन मास्टर महेश के बीच प्राइवेट नंबर का आदान-प्रदान हो गया था, लेकिन प्वाइंट नार्मल नहीं हुआ था।
इसे भी पढ़ें: भाई के डॉक्टर बनने के सपने के लिए छोटी बहन ने भुला दिए अपने अरमान, मिशाल हैं 'मंजूलता'
ट्रेन संख्या 12565 सम्पर्कक्रांति एक्सप्रेस के लिए सही ट्रैक सेटिंग नहीं करने की वजह से यह घटना हुई है। कांटावाला ने जांच टीम को बताया कि प्लेटफार्म पर कई नए प्वाइंट डाले गए थे, जिसको समझ नहीं पाया और घबराहट में प्वाइंट नार्मल करना भूल गया। अगर साथ में कोई स्टेशन मास्टर होते तो यह गलती नहीं होती।
लोको पायलट दिनेश ने अपने बयान में बताया है कि एडीवी स्टार्टर से पहले कांटे की गलत सेटिंग पर उनकी नजर पड़ी तो इमरजेंसी ब्रेक लगाया। कांटा नई लाइन के लिए सेट था।
इसे भी पढ़ें: भाई के डॉक्टर बनने के सपने के लिए छोटी बहन ने भुला दिए अपने अरमान, मिशाल हैं 'मंजूलता'
ट्रेन संख्या 12565 सम्पर्कक्रांति एक्सप्रेस के लिए सही ट्रैक सेटिंग नहीं करने की वजह से यह घटना हुई है। कांटावाला ने जांच टीम को बताया कि प्लेटफार्म पर कई नए प्वाइंट डाले गए थे, जिसको समझ नहीं पाया और घबराहट में प्वाइंट नार्मल करना भूल गया। अगर साथ में कोई स्टेशन मास्टर होते तो यह गलती नहीं होती।
लोको पायलट दिनेश ने अपने बयान में बताया है कि एडीवी स्टार्टर से पहले कांटे की गलत सेटिंग पर उनकी नजर पड़ी तो इमरजेंसी ब्रेक लगाया। कांटा नई लाइन के लिए सेट था।