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Gorakhpur Weather: सुबह से ही चलने लगे लू के थपेड़े, अब तो घर से निकलना भी मुश्किल
Fri, 16 Jun 2023 10:13 AM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Fri, 16 Jun 2023 10:13 AM IST
सार
वर्ष 2015 में इस तरह की गर्मी पड़ी थी। लगातार 11 दिन हीट वेब (लू) दर्ज की गई थी, यानी पारा 41 से 43 डिग्री सेल्सियस के बीच था। इस वर्ष नौ दिन हीट वेब के हो चुके हैं। लेकिन, इस समय रातें भी गर्म हैं। यानी न्यूनतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा है।
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गर्मी से हाल बेहाल।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बेतहाशा गर्मी से जन जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। अब दिन ही नहीं रात भी बहुत ज्यादा गर्मी हो होने लगी है। बृहस्पतिवार को न्यूनतम तापमान 32.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य तापमान से छह डिग्री ज्यादा है। दोपहर में 42 डिग्री तापमान के बीच 25 से 30 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलीं गर्म हवाएं शरीर को झुलसाती रही। हीट वेब पिछले आठ साल के अपने रिकार्ड को तोड़ने पर आमादा है।
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विभाग के मुताबिक अभी चार दिनों तक लू चलेगी, फिर बारिश के आसार बन रहे हैं। यानी अभी कुछ दिन और भीषण गर्मी झेलने को तैयार रहना होगा। वहीं, मौसम विशेषज्ञों के अनुसार गुजरात में आए चक्रवाती तूफान से मानसून पीछे खिसक गया है। अब 22 से 25 जून के बीच पूर्वांचल में मानसून के सक्रिय होने की संभावना है।
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बृहस्पतिवार को सुबह दस बजे से ही लू के थपेड़े चलने लगे। दोपहर में घरों से निकलना मुश्किल हो गया। ज्यादातर लोग घरों में ही कैद होकर रह गए। जो लोग निकले भी उनका बुरा हाल था। कार में बैठते ही लग रहा था कि जैसे आग के गोले के बीच आ गए हैं। एसी भी कार को ठंडा नहीं कर पा रही थी। यही हाल घरों का भी था। पंखे गर्म हवा फेंक रहे थे एसी बार-बार ट्रिप कर जा रही थी।
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वहीं, इस भीषण गर्मी में बिजली कटौती ने लोगों की मुसीबत और बढ़ा दी है। बिजली कटते ही लोग बेचैन हो जा रहे हैं। राहत पाने के लिए लोग घर से बाहर आ रहे हैं, लेकिन उनको कही राहत नहीं मिल रही है। शाम छह बजे तक सड़क से आंच आ रही थी और घर तप रहे थे। मौसम विभाग के मुताबिक अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम तापमान 32.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
आठ साल पहले पड़ी थी ऐसी गर्मी
वर्ष 2015 में इस तरह की गर्मी पड़ी थी। लगातार 11 दिन हीट वेब (लू) दर्ज की गई थी, यानी पारा 41 से 43 डिग्री सेल्सियस के बीच था। इस वर्ष नौ दिन हीट वेब के हो चुके हैं। लेकिन, इस समय रातें भी गर्म हैं। यानी न्यूनतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा है।
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वर्ष 2012 में भी लगतार 12 दिन अधिकतम पारा 40 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा था। इस बार 19 जून तक लू चलने की संभावना है और हीट वेब की स्थिति रहेगी। यानी पिछले 10 वर्षों की गर्मी का रिकॉर्ड भी टूट सकता है।
20 को बूंदाबांदी और फिर दो दिन हल्की बारिश
मौसम विज्ञानी कैलाश पांडेय ने कहा कि 20 जून को बूंदाबांदी और 21 व 22 जून को बारिश की संभावना है। गोरखपुर के दक्षिणी क्षेत्र में अच्छी बारिश हो सकती है। इस दौरान वायुमंडल में कम दबाव का क्षेत्र बनेगा। जहां तक मानूसन की बात है तो पूर्वांचल में कुछ दिन खिसक गया है। गुजरात में आए चक्रवाती तूफान के चलते मानसून कमजोर पड़ गया है। अमूमन, 15 जून से मानसून सक्रिय होता है लेकिन इस बार 25 जून तक आने की संभावना है।
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वर्ष 2012 में भी लगतार 12 दिन अधिकतम पारा 40 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा था। इस बार 19 जून तक लू चलने की संभावना है और हीट वेब की स्थिति रहेगी। यानी पिछले 10 वर्षों की गर्मी का रिकॉर्ड भी टूट सकता है।
20 को बूंदाबांदी और फिर दो दिन हल्की बारिश
मौसम विज्ञानी कैलाश पांडेय ने कहा कि 20 जून को बूंदाबांदी और 21 व 22 जून को बारिश की संभावना है। गोरखपुर के दक्षिणी क्षेत्र में अच्छी बारिश हो सकती है। इस दौरान वायुमंडल में कम दबाव का क्षेत्र बनेगा। जहां तक मानूसन की बात है तो पूर्वांचल में कुछ दिन खिसक गया है। गुजरात में आए चक्रवाती तूफान के चलते मानसून कमजोर पड़ गया है। अमूमन, 15 जून से मानसून सक्रिय होता है लेकिन इस बार 25 जून तक आने की संभावना है।