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गोरखपुर विश्वविद्यालय : कृषक छात्रवृत्ति से संवरेगा कृषि विद्यार्थियों का भविष्य
Tue, 22 Sep 2026 02:40 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Updated Tue, 22 Sep 2026 02:40 AM IST
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गोरखपुर। गोरखपुर विश्वविद्यालय के कृषि व प्राकृतिक विज्ञान संस्थान के विद्यार्थियों के लिए आर्थिक मदद का रास्ता खुल गया है। मुख्यमंत्री कृषक छात्रवृत्ति योजना में संस्थान का नाम शामिल कर लिया गया है। इससे पात्र कृषक और खेतिहर मजदूरों के बेटे-बेटियों को मेरिट के आधार पर छात्रवृत्ति मिल सकेगी।
योजना का लाभ लेने के लिए विद्यार्थी का उत्तर प्रदेश का निवासी होना जरूरी है। संबंधित कृषक का नाम भू-अभिलेख में दर्ज होना चाहिए। स्नातक में यूपी बोर्ड से इंटरमीडिएट में न्यूनतम 70 प्रतिशत और अन्य बोर्ड से 85 प्रतिशत अंक जरूरी हैं। स्नातकोत्तर में स्नातक स्तर पर न्यूनतम 70 प्रतिशत अंक निर्धारित हैं। अन्य निर्धारित पात्रता शर्तें भी पूरी करनी होंगी।
राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद की इसी साल जुलाई में हुई बैठक में संस्थान को योजना में शामिल करने की मंजूरी दी गई। संस्थान के निदेशक प्रो. आरआर सिंह के प्रयास और कमिश्नर के सहयोग से यह संभव हुआ। कुलपति प्रो. कृष्ण पाल सिंह ने इसे विद्यार्थियों के हित में महत्वपूर्ण उपलब्धि बताते हुए बधाई दी। प्रो. आरआर सिंह ने इसे विद्यार्थियों के हित में अहम कदम बताया।
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योजना का लाभ लेने के लिए विद्यार्थी का उत्तर प्रदेश का निवासी होना जरूरी है। संबंधित कृषक का नाम भू-अभिलेख में दर्ज होना चाहिए। स्नातक में यूपी बोर्ड से इंटरमीडिएट में न्यूनतम 70 प्रतिशत और अन्य बोर्ड से 85 प्रतिशत अंक जरूरी हैं। स्नातकोत्तर में स्नातक स्तर पर न्यूनतम 70 प्रतिशत अंक निर्धारित हैं। अन्य निर्धारित पात्रता शर्तें भी पूरी करनी होंगी।
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राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद की इसी साल जुलाई में हुई बैठक में संस्थान को योजना में शामिल करने की मंजूरी दी गई। संस्थान के निदेशक प्रो. आरआर सिंह के प्रयास और कमिश्नर के सहयोग से यह संभव हुआ। कुलपति प्रो. कृष्ण पाल सिंह ने इसे विद्यार्थियों के हित में महत्वपूर्ण उपलब्धि बताते हुए बधाई दी। प्रो. आरआर सिंह ने इसे विद्यार्थियों के हित में अहम कदम बताया।
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