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विकास से जुड़ने के लिए आत्म अनुशासन जरूरी : मुख्यमंत्री योगी
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गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि विकास से जुड़ने के लिए हमें आत्म अनुशासन को भी अपनाना होगा। इसी का परिणाम है कि आधुनिक भारत और उत्तर प्रदेश के आधुनिक गोरखपुर का दर्शन हो रहा है। सपा की सरकार में गोरखपुर में बिजली और स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं मिलती थीं। बीआरडी मेडिकल कॉलेज खुद बीमार हो गया था तो लोगों का बेहतर इलाज कैसे करता। सड़कों की दशा ऐसी थी कि पता ही नहीं चलता था कि सड़क पर गड्ढे हैं या गड्ढे में सड़क है। रामगढ़ताल गंदगी का ढेर बना हुआ था। अब जब डबल इंजन की सरकार है तो रामगढ़ताल पर्यटन का नया केंद्र बन गया है।
सीएम योगी ने बृहस्पतिवार को 1478 करोड़ 80 लाख 68 हजार रुपये के चार विकास कार्यों का शिलान्यास और 53 करोड़ 73 लाख 66 हजार रुपये के पांच विकास कार्यों का लोकार्पण किया। समारोह में सीएम ने कहा कि विकास की ये परियोजनाएं आने वाले समय में नए गोरखपुर का दर्शन और भी सशक्त रूप में कराएंगी।
सीएम ने कहा कि 1990 में सपा और कांग्रेस सरकार ने गोरखपुर के खाद कारखाना को बंद कर दिया। पिपराइच की चीनी मिल बंद ही नहीं थी, बल्कि इसे बेचने की तैयारी की जा रही थी। गोरखपुर का खाद कारखाना और पिपराइच की चीनी मिल दोबारा चालू हो गई है। बीआरडी मेडिकल कॉलेज की व्यवस्था सुदृढ़ हो गई है और गोरखपुर में एम्स भी शुरू हो गया है। हर तरफ टूलेन, फोरलेन और सिक्सलेन की रोड कनेक्टिविटी है। गोड़धोईया नाला का कार्य पूर्ण होते ही जलभराव की समस्या का भी स्थायी समाधान हो जाएगा।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि यह वर्ष बहुत महत्वपूर्ण होने वाला है। इसकी शुरुआत विकास कार्यों से हो रही है। उन्होंने बताया कि गोरखपुर में बन रहे वेटरनरी कॉलेज से जहां पशुपालन का प्रशिक्षण प्राप्त होगा तो वहीं कुशीनगर में कृषि विश्वविद्यालय बन रहा है। इससे कृषि की पढ़ाई के साथ किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकी का प्रशिक्षण सुलभ होगा। गोरखपुर के नवीनीकृत कृषि विद्यालय में भी किसानों को नए तौर तरीकों को सीखने का मौका मिलेगा।
इस अवसर पर मेयर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, पिपराइच के विधायक महेंद्रपाल सिंह, विधायक फतेह बहादुर सिंह, विपिन सिंह, डॉ. विमलेश पासवान, भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष कामेश्वर सिंह, भाजपा के जिलाध्यक्ष युधिष्ठिर सिंह, महानगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता आदि उपस्थित रहे।
पांच साल में धरातल पर उतरे 15 से 20 हजार करोड़ रुपये के निवेश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कार्य करने का जज्बा होना चाहिए। समाज के प्रति जवाबदेही का जज्बा होगा तो सभी समस्याओं का समाधान भी हो जाएगा। उन्होंने कहा कि गोरखपुर में पिपराइच चीनी मिल, खाद कारखाना, चिड़ियाघर खुला है तो लखनऊ, वाराणसी सहित सभी तरफ से शानदार रोड कनेक्टिविटी है। विकास होने से रोजगार के नए-नए अवसर भी आ रहे हैं। गोरखपुर में पांच साल में 15 से 20 हजार करोड़ रुपये का निवेश धरातल पर उतर चुका है। उद्योग लगने से हजारों युवाओं को रोजगार की गारंटी मिली है। आज गोरखपुर में चार विश्वविद्यालय हैं, वेटरनरी कॉलेज भी बन रहा है।
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विकास प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए डबल इंजन सरकार आवश्यक
सीएम योगी ने सभी लोगों को नए साल, आगामी खिचड़ी मेला और महाकुंभ की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचे, इसमें सबकी सहभागिता होनी चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सबका साथ-सबका विकास का मंत्र भी इसीलिए है कि हर वंचित, गरीब, किसान, महिला औ युवा को योजनाओं का लाभ बिना किसी भेदभाव के प्राप्त हो।
1932 में बना राजकीय कृषि विद्यालय भवन जीर्ण-शीर्ण था
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजकीय कृषि विद्यालय के नवीनीकृत होने पर किसानों को बधाई देते हुए कहा कि यह विद्यालय 1932 में बना था, लेकिन इसका भवन जीर्ण-शीर्ण हो गया था। अब नए भवन के साथ किसानों को नई तकनीकी के प्रशिक्षण और सरकारी योजनाओं को जानने का सुविधाजनक अवसर मिलेगा।
नौसड़-कालेसर तटबंध सुदृढ़ होने में एक युग बीत गया
राप्ती नदी पर नौसड़-कालेसर तटबंध के सुदृढ़ीकरण कार्य का लोकार्पण करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 1998 में आई बाढ़ सबको याद है। इसमें नौसड़-कालेसर तटबंध टूट गया था। इसके सुदृढ़ होने में 25 साल लग गए। एक युग बीत गया, एक पीढ़ी बीत गई। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार पहले रही होती तो यह कार्य भी तत्काल हो गया होता।
गोरखपुर से पिपराइच जाने में लगेंगे सात से आठ मिनट
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर-पिपराइच फोरलेन के शिलान्यास को विकास के नए आयाम से जोड़ते हुए कहा कि इससे विकास को नई गति मिलेगी। गोरखपुर-पिपराइच के बीच आने-जाने में बीस मिनट लगते थे। फोरलेन बन जाने से सिर्फ सात से आठ मिनट लगेंगे। उन्होंने राप्ती नदी पर बनने वाले दो पुलों से होने वाली सहूलियत का भी उल्लेख किया।
सुशासन का नया आयाम स्थापित किया सीएम योगी ने : कृषि मंत्री
प्रदेश सरकार के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि चतुर्दिक विकास के साथ संपूर्ण उत्तर प्रदेश का कायाकल्प हुआ है। सीएम योगी ने देश और दुनिया में सुशासन का नया आयाम स्थापित किया है। कृषि मंत्री ने बताया कि सरकार सभी विकास खंडों पर किसान कल्याण केंद्र की स्थापना करने के साथ ही ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन बना रही है। इससे न्याय पंचायत स्तर पर ही किसानों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से मौसम की भावी जानकारी मिलने से उन्हें सिंचाई व खाद, बीज डालने का समय चुनने में आसानी होगी। पूरे प्रदेश के किसानों के हित संवर्धन के लिए सरकार ने विश्व बैंक के सहयोग से चार हजार करोड़ रुपये की एक विशेष परियोजना को आगे बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा डीएपी के लिए 3850 करोड़ रुपये अनुदान का प्रावधान किए जाने से अब प्रति बोरी अनुदान भी बढ़कर 2500 रुपये हो जाएगा।
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सीएम योगी ने इन विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण
-राजकीय कृषि विद्यालय चरगांवा में नवीन प्रशासनिक भवन (लागत- 9.88 करोड़ रुपये)
-राजकीय कृषि विद्यालय चरगांवा में किसान हॉस्टल प्रशासनिक भवन (लागत- 9.08 करोड़ रुपये)
-नथमलपुर में क्षेत्रीय जन विश्लेषक प्रयोगशाला (लागत- 24.44 करोड़ रुपये)
-राप्ती नदी पर नौसढ़ से कालेसर तक गोरखपुर रोड के समानांतर स्थित तटबंध पर 6 किलोमीटर की लंबाई में सुदृढ़ीकरण (लागत- 10.28 करोड़ रुपये)
इन विकास परियोजनाओं का सीएम के हाथों हुआ शिलान्यास
-लखनऊ-गोरखपुर मार्ग, अप स्ट्रीम पर स्थित राप्ती नदी सेतु एनएच-28 के राजघाट पर अतिरिक्त दो लेन के नदी सेतु, पहुंच मार्ग, सुरक्षात्मक कार्य एवं भूमि अध्याप्ति कार्य (लागत- 103.93 करोड़ रुपये)
-लखनऊ-गोरखपुर मार्ग, डाउन स्ट्रीम पर स्थित राप्ती नदी सेतु एनएच-28 के राजघाट पर अतिरिक्त दो लेन के नदी सेतु, पहुंच मार्ग, सुरक्षात्मक कार्य एवं भूमि अध्याप्ति कार्य (लागत- 118 करोड़ रुपये)
-गोरखपुर-पिपराइच मार्ग का 19.485 किमी लंबाई में फोरलेन में चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण (लागत- 917 करोड़ रुपये)
-चारफाटक-असुरन मार्ग का 2.60 किमी लंबाई में फोरलेन में चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण (लागत- 279 करोड़ रुपये)
-गोरखपुर-खजनी-सिकरीगंज मार्ग का 13 किमी लंबाई में चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण (लागत- 60.58 करोड़ रुपये)
सीएम ने सौंपा किसानों को प्रमाणपत्र और ट्रैक्टर की चाबी सौंपी
राजकीय कृषि विद्यालय के प्रशासनिक भवन और किसान हॉस्टल का फीता काटकर लोकार्पण करने के बाद मुख्यमंत्री ने दोनों का भ्रमण एवं निरीक्षण किया। इस अवसर पर उन्होंने कृषि विद्यालय परिसर में कृषि विभाग के सात लाभार्थी किसानों/फार्मर्स प्रोड्यूसर कंपनियों के प्रतिनिधियों को ट्रैक्टर की चाबी सौंपी। इसके बाद उन्होंने जनता इंटर कॉलेज चरगांवा में बने मंच पर कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं के 14 लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किया। इन लाभार्थियों को रोटावेटर, पॉवर टिलर, सोलर पंप, थ्रेसर, स्ट्रा रिपर, कंबाइन हार्वेस्टर, स्माल गोदाम, मानव रहित चेफ कटर व सम्मान निधि का लाभ प्राप्त हुआ।
सीएम ने स्टालों पर उत्पादों को देखा, बच्चों का कराया अन्नप्राशन
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर कृषि, उद्यान, पशुपालन, मत्स्यपालन आदि विभागों और फार्मर्स प्रोड्यूसर कंपनियों की तरफ से लगाए गए स्टालों का भी अवलोकन किया। उन्होंने स्टालों पर प्रदर्शित उत्पादों के बारे में जानकारी ली। कृषि नमो ड्रोन के स्टाल पर मुख्यमंत्री ने नमो ड्रोन दीदी और अन्य स्टालों पर मौजूद लोगों से बातचीत कर हौसला आफजाई की। बाल विकास विभाग के स्टाल पर सीएम योगी ने बच्चों का अन्नप्राशन कराया और खूब दुलारकर कर उन्हें उपहार व आशीर्वाद दिया। उन्होंने इसी स्टाल पर गर्भवती महिलाओं की गोदभराई कर उन्हें पोषण किट का उपहार दिया।
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सीएम योगी ने बृहस्पतिवार को 1478 करोड़ 80 लाख 68 हजार रुपये के चार विकास कार्यों का शिलान्यास और 53 करोड़ 73 लाख 66 हजार रुपये के पांच विकास कार्यों का लोकार्पण किया। समारोह में सीएम ने कहा कि विकास की ये परियोजनाएं आने वाले समय में नए गोरखपुर का दर्शन और भी सशक्त रूप में कराएंगी।
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सीएम ने कहा कि 1990 में सपा और कांग्रेस सरकार ने गोरखपुर के खाद कारखाना को बंद कर दिया। पिपराइच की चीनी मिल बंद ही नहीं थी, बल्कि इसे बेचने की तैयारी की जा रही थी। गोरखपुर का खाद कारखाना और पिपराइच की चीनी मिल दोबारा चालू हो गई है। बीआरडी मेडिकल कॉलेज की व्यवस्था सुदृढ़ हो गई है और गोरखपुर में एम्स भी शुरू हो गया है। हर तरफ टूलेन, फोरलेन और सिक्सलेन की रोड कनेक्टिविटी है। गोड़धोईया नाला का कार्य पूर्ण होते ही जलभराव की समस्या का भी स्थायी समाधान हो जाएगा।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि यह वर्ष बहुत महत्वपूर्ण होने वाला है। इसकी शुरुआत विकास कार्यों से हो रही है। उन्होंने बताया कि गोरखपुर में बन रहे वेटरनरी कॉलेज से जहां पशुपालन का प्रशिक्षण प्राप्त होगा तो वहीं कुशीनगर में कृषि विश्वविद्यालय बन रहा है। इससे कृषि की पढ़ाई के साथ किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकी का प्रशिक्षण सुलभ होगा। गोरखपुर के नवीनीकृत कृषि विद्यालय में भी किसानों को नए तौर तरीकों को सीखने का मौका मिलेगा।
इस अवसर पर मेयर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, पिपराइच के विधायक महेंद्रपाल सिंह, विधायक फतेह बहादुर सिंह, विपिन सिंह, डॉ. विमलेश पासवान, भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष कामेश्वर सिंह, भाजपा के जिलाध्यक्ष युधिष्ठिर सिंह, महानगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता आदि उपस्थित रहे।
पांच साल में धरातल पर उतरे 15 से 20 हजार करोड़ रुपये के निवेश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कार्य करने का जज्बा होना चाहिए। समाज के प्रति जवाबदेही का जज्बा होगा तो सभी समस्याओं का समाधान भी हो जाएगा। उन्होंने कहा कि गोरखपुर में पिपराइच चीनी मिल, खाद कारखाना, चिड़ियाघर खुला है तो लखनऊ, वाराणसी सहित सभी तरफ से शानदार रोड कनेक्टिविटी है। विकास होने से रोजगार के नए-नए अवसर भी आ रहे हैं। गोरखपुर में पांच साल में 15 से 20 हजार करोड़ रुपये का निवेश धरातल पर उतर चुका है। उद्योग लगने से हजारों युवाओं को रोजगार की गारंटी मिली है। आज गोरखपुर में चार विश्वविद्यालय हैं, वेटरनरी कॉलेज भी बन रहा है।
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विकास प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए डबल इंजन सरकार आवश्यक
सीएम योगी ने सभी लोगों को नए साल, आगामी खिचड़ी मेला और महाकुंभ की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचे, इसमें सबकी सहभागिता होनी चाहिए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सबका साथ-सबका विकास का मंत्र भी इसीलिए है कि हर वंचित, गरीब, किसान, महिला औ युवा को योजनाओं का लाभ बिना किसी भेदभाव के प्राप्त हो।
1932 में बना राजकीय कृषि विद्यालय भवन जीर्ण-शीर्ण था
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजकीय कृषि विद्यालय के नवीनीकृत होने पर किसानों को बधाई देते हुए कहा कि यह विद्यालय 1932 में बना था, लेकिन इसका भवन जीर्ण-शीर्ण हो गया था। अब नए भवन के साथ किसानों को नई तकनीकी के प्रशिक्षण और सरकारी योजनाओं को जानने का सुविधाजनक अवसर मिलेगा।
नौसड़-कालेसर तटबंध सुदृढ़ होने में एक युग बीत गया
राप्ती नदी पर नौसड़-कालेसर तटबंध के सुदृढ़ीकरण कार्य का लोकार्पण करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि 1998 में आई बाढ़ सबको याद है। इसमें नौसड़-कालेसर तटबंध टूट गया था। इसके सुदृढ़ होने में 25 साल लग गए। एक युग बीत गया, एक पीढ़ी बीत गई। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार पहले रही होती तो यह कार्य भी तत्काल हो गया होता।
गोरखपुर से पिपराइच जाने में लगेंगे सात से आठ मिनट
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर-पिपराइच फोरलेन के शिलान्यास को विकास के नए आयाम से जोड़ते हुए कहा कि इससे विकास को नई गति मिलेगी। गोरखपुर-पिपराइच के बीच आने-जाने में बीस मिनट लगते थे। फोरलेन बन जाने से सिर्फ सात से आठ मिनट लगेंगे। उन्होंने राप्ती नदी पर बनने वाले दो पुलों से होने वाली सहूलियत का भी उल्लेख किया।
सुशासन का नया आयाम स्थापित किया सीएम योगी ने : कृषि मंत्री
प्रदेश सरकार के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने कहा कि चतुर्दिक विकास के साथ संपूर्ण उत्तर प्रदेश का कायाकल्प हुआ है। सीएम योगी ने देश और दुनिया में सुशासन का नया आयाम स्थापित किया है। कृषि मंत्री ने बताया कि सरकार सभी विकास खंडों पर किसान कल्याण केंद्र की स्थापना करने के साथ ही ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन बना रही है। इससे न्याय पंचायत स्तर पर ही किसानों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से मौसम की भावी जानकारी मिलने से उन्हें सिंचाई व खाद, बीज डालने का समय चुनने में आसानी होगी। पूरे प्रदेश के किसानों के हित संवर्धन के लिए सरकार ने विश्व बैंक के सहयोग से चार हजार करोड़ रुपये की एक विशेष परियोजना को आगे बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा डीएपी के लिए 3850 करोड़ रुपये अनुदान का प्रावधान किए जाने से अब प्रति बोरी अनुदान भी बढ़कर 2500 रुपये हो जाएगा।
सीएम योगी ने इन विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण
-राजकीय कृषि विद्यालय चरगांवा में नवीन प्रशासनिक भवन (लागत- 9.88 करोड़ रुपये)
-राजकीय कृषि विद्यालय चरगांवा में किसान हॉस्टल प्रशासनिक भवन (लागत- 9.08 करोड़ रुपये)
-नथमलपुर में क्षेत्रीय जन विश्लेषक प्रयोगशाला (लागत- 24.44 करोड़ रुपये)
-राप्ती नदी पर नौसढ़ से कालेसर तक गोरखपुर रोड के समानांतर स्थित तटबंध पर 6 किलोमीटर की लंबाई में सुदृढ़ीकरण (लागत- 10.28 करोड़ रुपये)
इन विकास परियोजनाओं का सीएम के हाथों हुआ शिलान्यास
-लखनऊ-गोरखपुर मार्ग, अप स्ट्रीम पर स्थित राप्ती नदी सेतु एनएच-28 के राजघाट पर अतिरिक्त दो लेन के नदी सेतु, पहुंच मार्ग, सुरक्षात्मक कार्य एवं भूमि अध्याप्ति कार्य (लागत- 103.93 करोड़ रुपये)
-लखनऊ-गोरखपुर मार्ग, डाउन स्ट्रीम पर स्थित राप्ती नदी सेतु एनएच-28 के राजघाट पर अतिरिक्त दो लेन के नदी सेतु, पहुंच मार्ग, सुरक्षात्मक कार्य एवं भूमि अध्याप्ति कार्य (लागत- 118 करोड़ रुपये)
-गोरखपुर-पिपराइच मार्ग का 19.485 किमी लंबाई में फोरलेन में चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण (लागत- 917 करोड़ रुपये)
-चारफाटक-असुरन मार्ग का 2.60 किमी लंबाई में फोरलेन में चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण (लागत- 279 करोड़ रुपये)
-गोरखपुर-खजनी-सिकरीगंज मार्ग का 13 किमी लंबाई में चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण (लागत- 60.58 करोड़ रुपये)
सीएम ने सौंपा किसानों को प्रमाणपत्र और ट्रैक्टर की चाबी सौंपी
राजकीय कृषि विद्यालय के प्रशासनिक भवन और किसान हॉस्टल का फीता काटकर लोकार्पण करने के बाद मुख्यमंत्री ने दोनों का भ्रमण एवं निरीक्षण किया। इस अवसर पर उन्होंने कृषि विद्यालय परिसर में कृषि विभाग के सात लाभार्थी किसानों/फार्मर्स प्रोड्यूसर कंपनियों के प्रतिनिधियों को ट्रैक्टर की चाबी सौंपी। इसके बाद उन्होंने जनता इंटर कॉलेज चरगांवा में बने मंच पर कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं के 14 लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किया। इन लाभार्थियों को रोटावेटर, पॉवर टिलर, सोलर पंप, थ्रेसर, स्ट्रा रिपर, कंबाइन हार्वेस्टर, स्माल गोदाम, मानव रहित चेफ कटर व सम्मान निधि का लाभ प्राप्त हुआ।
सीएम ने स्टालों पर उत्पादों को देखा, बच्चों का कराया अन्नप्राशन
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर कृषि, उद्यान, पशुपालन, मत्स्यपालन आदि विभागों और फार्मर्स प्रोड्यूसर कंपनियों की तरफ से लगाए गए स्टालों का भी अवलोकन किया। उन्होंने स्टालों पर प्रदर्शित उत्पादों के बारे में जानकारी ली। कृषि नमो ड्रोन के स्टाल पर मुख्यमंत्री ने नमो ड्रोन दीदी और अन्य स्टालों पर मौजूद लोगों से बातचीत कर हौसला आफजाई की। बाल विकास विभाग के स्टाल पर सीएम योगी ने बच्चों का अन्नप्राशन कराया और खूब दुलारकर कर उन्हें उपहार व आशीर्वाद दिया। उन्होंने इसी स्टाल पर गर्भवती महिलाओं की गोदभराई कर उन्हें पोषण किट का उपहार दिया।