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Gorakhpur News: डीडीयू गोरखपुर विश्वविद्यालय में एनडीएलआई क्लब बनेगा
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नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी ऑफ इंडिया मिशन के तहत क्लब की होगी स्थापना
शिक्षा मंत्रालय की तरफ से पहल, आईआईटी खड़गपुर से होगा संचालित
वैश्विक स्तर की डिजिटल सामग्री से छात्रों को जोड़ने की तैयारी
गोरखपुर। दीनदयाल दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में एनडीएलआई क्लब बनेगा। विश्वविद्यालय ने नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी ऑफ इंडिया (एनडीएलआई) मिशन के तहत एनडीएलआई क्लब की स्थापना के लिए स्वीकृति प्रदान की है। यह पहल भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय ने की। इसे भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) खड़गपुर के तरफ से संचालित किया जाएगा है।
क्लब की स्थापना का उद्देश्य विश्वविद्यालय के छात्रों, शोधार्थियों एवं शिक्षकों को विश्वसनीय, विविधतापूर्ण और गुणवत्तापूर्ण डिजिटल शैक्षणिक संसाधनों तक सहज पहुंच प्रदान करना है। एनडीएलआई पर लगभग आठ करोड़ से अधिक डिजिटल दस्तावेज शामिल हैं। इसमें शोध पत्र व रिपोर्ट्स, पत्रिकाएं एवं जर्नल्स ऑटोबायोग्राफीज़, पांडुलिपियां, वीडियो लेक्चर, डॉक्यूमेंट्रीज, सिविल सेवा, इंजीनियरिंग, मेडिकल, लॉ, मैनेजमेंट, मानविकी, विज्ञान व तकनीकी विषयों से संबंधित अध्ययन सामग्री शामिल हैं। ये सभी संसाधन 12 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध हैं, जिससे क्षेत्रीय भाषा में अध्ययन को भी बढ़ावा दिया जाएगा। क्लब की सदस्यता विश्वविद्यालय के सभी संकायों के छात्रों, शोधार्थियों, और शिक्षकों के लिए निशुल्क उपलब्ध होगी।
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क्लब की भूमिका और आगामी गतिविधियां
एनडीएलआई क्लब में न केवल अध्ययन सामग्री की पहुंच बढ़ाएगा, बल्कि यह विश्वविद्यालय में विविध शैक्षणिक गतिविधियां भी संचालित करेगा। इसमें वर्कशॉप्स एवं वेबिनार्स,बुक डिस्कशन क्लब, क्विज एवं डिबेट प्रतियोगिताएं, स्कॉलरशिप और रिसर्च अवेयरनेस सेशन, विषय-विशेषज्ञों के व्याख्यान इन गतिविधियों के माध्यम से छात्र डिजिटल संसाधनों के अधिकतम उपयोग के लिए प्रशिक्षित होंगे।
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एनडीएलआई क्लब छात्रों के लिए एक ऐसा मंच है, जो उन्हें वैश्विक स्तर की डिजिटल सामग्री से जोड़ने का अवसर देगा। यह पहल छात्रों के अध्ययन कौशल को उन्नत बनाएगी। उन्हें प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं, उच्च शिक्षा और शोध में सफलता पाने के लिए आवश्यक संसाधन प्रदान करेगी।
- प्रो. पूनम टंडन, कुलपति, गोरखपुर विश्वविद्यालय
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शिक्षा मंत्रालय की तरफ से पहल, आईआईटी खड़गपुर से होगा संचालित
वैश्विक स्तर की डिजिटल सामग्री से छात्रों को जोड़ने की तैयारी
गोरखपुर। दीनदयाल दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में एनडीएलआई क्लब बनेगा। विश्वविद्यालय ने नेशनल डिजिटल लाइब्रेरी ऑफ इंडिया (एनडीएलआई) मिशन के तहत एनडीएलआई क्लब की स्थापना के लिए स्वीकृति प्रदान की है। यह पहल भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय ने की। इसे भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) खड़गपुर के तरफ से संचालित किया जाएगा है।
क्लब की स्थापना का उद्देश्य विश्वविद्यालय के छात्रों, शोधार्थियों एवं शिक्षकों को विश्वसनीय, विविधतापूर्ण और गुणवत्तापूर्ण डिजिटल शैक्षणिक संसाधनों तक सहज पहुंच प्रदान करना है। एनडीएलआई पर लगभग आठ करोड़ से अधिक डिजिटल दस्तावेज शामिल हैं। इसमें शोध पत्र व रिपोर्ट्स, पत्रिकाएं एवं जर्नल्स ऑटोबायोग्राफीज़, पांडुलिपियां, वीडियो लेक्चर, डॉक्यूमेंट्रीज, सिविल सेवा, इंजीनियरिंग, मेडिकल, लॉ, मैनेजमेंट, मानविकी, विज्ञान व तकनीकी विषयों से संबंधित अध्ययन सामग्री शामिल हैं। ये सभी संसाधन 12 भारतीय भाषाओं में उपलब्ध हैं, जिससे क्षेत्रीय भाषा में अध्ययन को भी बढ़ावा दिया जाएगा। क्लब की सदस्यता विश्वविद्यालय के सभी संकायों के छात्रों, शोधार्थियों, और शिक्षकों के लिए निशुल्क उपलब्ध होगी।
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क्लब की भूमिका और आगामी गतिविधियां
एनडीएलआई क्लब में न केवल अध्ययन सामग्री की पहुंच बढ़ाएगा, बल्कि यह विश्वविद्यालय में विविध शैक्षणिक गतिविधियां भी संचालित करेगा। इसमें वर्कशॉप्स एवं वेबिनार्स,बुक डिस्कशन क्लब, क्विज एवं डिबेट प्रतियोगिताएं, स्कॉलरशिप और रिसर्च अवेयरनेस सेशन, विषय-विशेषज्ञों के व्याख्यान इन गतिविधियों के माध्यम से छात्र डिजिटल संसाधनों के अधिकतम उपयोग के लिए प्रशिक्षित होंगे।
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एनडीएलआई क्लब छात्रों के लिए एक ऐसा मंच है, जो उन्हें वैश्विक स्तर की डिजिटल सामग्री से जोड़ने का अवसर देगा। यह पहल छात्रों के अध्ययन कौशल को उन्नत बनाएगी। उन्हें प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं, उच्च शिक्षा और शोध में सफलता पाने के लिए आवश्यक संसाधन प्रदान करेगी।
- प्रो. पूनम टंडन, कुलपति, गोरखपुर विश्वविद्यालय