पर्दाफाश: एक हजार रुपये और शराब की खातिर दोस्त ने की थी मजदूर की हत्या, दूसरे को फंसाने की कोशिश में पकड़ा गया
एसएसपी ने बताया कि शंकर साहनी ने राजू से एक हजार रुपया कुछ महीने पहले उधार लिया था। अब राजू के पास शराब पीने के लिए पैसे नहीं थे। इस वजह से वह शंकर से उधार दिए रुपये वापस मांग रहा था। रुपये वापस न देना और शराब भी न पिलाना शंकर की मौत की वजह बन गई।
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गोरखपुर जिले में गगहा इलाके के गजपुर में मजदूर शंकर साहनी की हत्या दोस्त ने उधार लिए गए महज एक हजार रुपये और शराब न पिलाने की वजह से की थी। आरोपी राजू को पुलिस ने सोमवार को गिरफ्तार कर घटना का पर्दाफाश कर दिया। आरोपी के निशानदेही पर पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल चाकू भी बरामद कर लिया है। आरोपी ने पहले पुलिस को गुमराह करके अपने एक दुश्मन संदीप को भी फंसाने की कोशिश की, लेकिन जांच में राजू ही दोषी पाया गया। आरोपी को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेजा गया।
वहीं आरोपी राजू को हत्या करने के बाद भी पछतावा नहीं है। मीडिया के सामने वह मुस्कुरा के पूरे घटनाक्रम को बता रहा था। हंसते हुए बोल रहा था कि मेरे रुपये नहीं दे रहा था। शराब भी नहीं पिला रहा था, इस वजह से मार दिया। आरोपी राजू गगहा के भाटपार गजपुर का रहने वाला है।
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एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर व एसपी साउथ अरुण कुमार सिंह ने संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस कर घटना का पर्दाफाश किए। एसएसपी ने बताया कि शंकर साहनी ने राजू से एक हजार रुपया कुछ महीने पहले उधार लिया था। अब राजू के पास शराब पीने के लिए पैसे नहीं थे। इस वजह से वह शंकर से उधार दिए रुपये वापस मांग रहा था।
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उसने कहा कि रुपये नहीं दे सकते हो तो आज शराब ही पिला दो। 18 अगस्त को शराब के लिए कई बार कहने के बाद भी शंकर ने न तो रुपये ही दिए, न ही शराब ही पिलाई। इसके बाद शंकर 18 अगस्त की रात में खुद शराब पीने गया था। उसे शराब पीता देख राजू को गुस्सा आ गया और उसने एक बार फिर अपने रुपये की मांग की। लेकिन, उसने गाली देते हुए भगा दिया था।
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इसके बाद घरवालों को शक हुआ, लेकिन पुलिस से उन्होंने राजू पर ही शक जाहिर किया। जांच के दौरान राजू की गतिविधि संदिग्ध लगने पर पुलिस ने हिरासत में ले लिया। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने जुल्म कबूल करते हुए घटना में इस्तेमाल चाकू बरामद करा दिया।