फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Electricity corporation dues 22 crore rupees on 117 departments including police department

Exclusive: सरकारी बकाएदारी, बिजली निगम पर भारी, जानिए कहां लटक रहा है मामला

Sat, 06 Feb 2021 11:03 AM IST
vivek shukla रोहित सिंह, गोरखपुर।
रोहित सिंह, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Sat, 06 Feb 2021 11:03 AM IST
विज्ञापन
Electricity corporation dues 22 crore rupees on 117 departments including police department
प्रतीकात्मक तस्वीर। - फोटो : पेक्सेल्स
उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में सरकारी बकाएदारी से बिजली निगम का गणित बिगड़ गया है। सबसे ज्यादा बकाएदारी पुलिस महकमे पर है। लिहाजा, निगम बिजली नहीं काट पा रहा है। मामला जहां का तहां फंसा है। राजस्व वसूली में कमजोरी की वजह से ही पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण की कवायद शुरू की गई थी। इसे लेकर अधिकारी व कर्मचारियों संगठनों ने आंदोलन किया था। बाद में सरकार व संगठनों के बीच समझौता हुआ। तय हुआ कि वसूली अभियान में तेजी लाई जाएगी लेकिन सरकारी विभागों पर आकर मामला लटक गया।
विज्ञापन


बिजली निगम के पास जो आंकड़ा है, उसके मुताबिक 117 विभागों पर 22 करोड़ रुपये की बकाएदारी है। इसमें से 5.67 करोड़ की बकाएदारी पुलिस महकमे पर है। शिक्षा विभाग, डाक विभाग, चिकित्सा विभाग, संयुक्त आयुक्त, रेशम, एग्रो, औद्योगिक विभाग, शस्त्र सीमा बल समेत कई ऐसे कार्यालय हैं, जिनका बिजली बिल लंबे समय से नहीं जमा हुआ है।
विज्ञापन

 
खंड              सरकारी विभाग     बकाया (रुपये में)
प्रथम                 60                   7 करोड़ से ज्यादा
द्वितीय               10                   2.40 करोड़
तृतीय                24                  12.40 करोड़
चतुर्थ                20                  1.15 करोड़

अलग अलग विभागों की बकाएदारी

  • पुलिस लाइंस - 5.67 करोड़
  • पुलिस लाइंस परिसर बस स्टैंड के बगल - 95.11 लाख
  • विश्वविद्यालय - 1.26 करोड़
  • परियोजना प्रबंधक( वाटर ट्रीटमेंट प्लांट पैडलेगंज) - 1.39 करोड़
  • वाटर ट्रीटमेंट प्लांट कांशीराम आवास के पास - 1.17 करोड़
  • जिला अस्पताल - 4.87 लाख
  • जिला महिला के बगल में 100 बेड अस्पताल- 26.92 लाख
  • मुख्य भवन दीवानी कचहरी - 68.26 लाख रुपये

मुख्य अभियंता देवेंद्र सिंह ने बताया कि बकाएदारी है लेकिन शासन के पास फंड की कमी नहीं है। 15 मार्च तक बकाया बिल वसूल लिया जाएगा। इसके लिए संबंधित विभागाध्यक्षों से संपर्क स्थापित किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed