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Gorakhpur News: बायो मेडिकल वेस्ट का निस्तारण अगले महीने से जिले में ही

Sat, 22 Jun 2024 04:41 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 22 Jun 2024 04:41 AM IST
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Disposal of bio medical waste in the district itself from next month
अस्पतालों से निकलने वाले बायो मेडिकल वेस्ट का निस्तारण अब अपने जिले में ही हो सकेगा। इसके लिए करीब पांच करोड़ रुपये की लागत से भनवापुर ब्लॉक क्षेत्र के बभनी गांव में निस्तारण केंद्र बन रहा है। इस केंद्र के अगले महीने शुरू होने की उम्मीद है। इन्वेस्ट यूपी के तहत उद्योग विभाग के सहयोग से यह प्लांट बनाया जा रहा है। इस प्लांट के शुरू होने से न सिर्फ बायोमेडिकल वेस्ट निस्तारित होगा, बल्कि स्थानीय लोगों को रोजगार का अवसर भी मिलेगा।
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जिले में मेडिकल कॉलेज के अलावा 14 सीएचसी, 60 से अधिक पीएचसी और 50 से अधिक निजी अस्पताल हैं, जहां से रोज औसतन 80-100 क्विंटल बॉयो मेडिकल वेस्ट निकलता है। जानकारों के अनुसार, इन मेडिकल वेस्ट का अगर समय से निस्तारण न किया जाए तो यह आम लोगों के लिए भी कई गंभीर बीमारियों का कारण बन जाती हैं। जिले का मेडिकल वेस्ट फिलहाल संतकबीरनगर जिले में निस्तारण के लिए जाता है। वहां से कई बार गाड़ियां कई दिनों के अंतर से आती हैं, जिस कारण मेडिकल वेस्ट का अंबार लग जाता है। इसे देखते हुए शासन ने यहां मेडिकल वेस्ट के निस्तारण के लिए प्लांट लगाने का फैसला किया, जो अब पूरा होनेवाला है।
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बड़ी संख्या में रोजगार के अवसर

रोजगार के लिए बड़ी संख्या में लोग गैर प्रांत जाते हैं। सरकार स्थानीय स्तर पर इसीलिए उद्योग लगाने के लिए इंवेस्ट योजना चला रही है, ताकि लोगों को घर के पास ही रोगजार मिले और पलायन रुके। बायोमेडिकल वेस्ट निस्तारण केंद्र बनने से मेडिकल वेस्ट उठाने, वाहन चलाने, कंपनी तक पहुंचाने और वहीं मशीन में प्लास्टिक को प्लास्टिक और निडिल को स्टील के रूप में परिवर्तित करने सहित अन्य कार्यों में 500 से अधिक लोगों को प्रत्यक्ष रूप से रोगजार मिलेगा।
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इस प्रकार से होगा काम

अस्पताल से निकलने वाले बायो मेडिकल वेस्ट में जो प्लास्टि, जैसे ग्लूकोज के बोतल, पाइप, सीरिंज, सहित अन्य प्रकार के प्लास्टिक को गलाकर उसका दाना बनाया जाएगा, जिसको कंपनी बाहर बेच सकेगी। इसी प्रकार से निडिल सहित अन्य स्टील जो इलाज करने ऑपरेशन करने के बाद फेंका जाता है, उसे गला स्टील का दाना बनाया जाएगा। वहीं, जो अन्य प्रकार के मेडिकल वेस्ट होंगे, जो किसी उपयोग के नहीं होंगे उसे नष्ट कर दिया जाएगा।


इंवेस्ट यूपी के तहत बायो मेडिकल वेस्ट निस्तारण के लिए भनवापुर क्षेत्र में प्रोजेक्ट लगा है, जिसका कार्य लगभग पूरा हो चुका है। इस कंपनी में बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा।

दया शंकर सरोज, उपायुक्त रोगजार
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