फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Director of Empire Township Developer Pvt Ltd accused of embezzling Rs.

Gorakhpur News: प्लॉट के नाम पर 10.50 लाख की ठगी, कंपनी के निदेशक और कर्मचारियों पर प्राथमिकी दर्ज

Tue, 02 Jun 2026 02:00 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 02 Jun 2026 02:00 AM IST
विज्ञापन
Director of Empire Township Developer Pvt Ltd accused of embezzling Rs.
गोरखपुर। कुशीनगर जिले के अहिरौली बाजार विजयीकाफ गांव निवासी 65 वर्षीय सुरेंद्र प्रताप सिंह से 10.50 लाख रुपये की ठगी हो गई। जालसाजों ने उनसे आवासीय प्लॉट दिलाने के नाम पर रुपये हड़प लिए। रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी दी।
विज्ञापन

मामले में कैंट पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर एम्पायर टाउनशिप डेवलपर प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक शमशाद आलम समेत अन्य अज्ञात लोगों पर धोखाधड़ी, आपराधिक षड्यंत्र और धमकी देने की धारा में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन


सुरेंद्र प्रताप सिंह के अनुसार, उन्हें गोरखपुर में आवासीय प्लॉट की जरूरत थी। इसी दौरान प्रचार माध्यमों से उन्हें एम्पायर टाउनशिप डेवलपर प्राइवेट लिमिटेड की जानकारी मिली। कंपनी के कार्यालय पहुंचने पर उनकी मुलाकात शमशाद आलम से हुई, जिसने खुद को कंपनी का निदेशक बताते हुए विभिन्न आवासीय योजनाओं की जानकारी दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

शिकायतकर्ता का कहना है कि कंपनी की योजनाओं और सुविधाओं से प्रभावित होकर उन्होंने 25 जनवरी 2019 को अपनी पत्नी देवंती देवी के नाम प्लॉट संख्या ए-35 बुक कराया। बुकिंग के समय 5,100 रुपये जमा किए गए। इसके बाद कंपनी के कहने पर अलग-अलग तिथियों में किस्तों के रूप में भुगतान जारी रखा गया। 11 मार्च 2019 से 5 फरवरी 2020 के बीच 10.50 लाख रुपये का भुगतान कंपनी को किया गया। बाद में उन्हें पता चला कि जिस एम्पायर इन्क्लेव परियोजना में प्लॉट आवंटित दिखाया गया था, उसका वास्तविक अस्तित्व ही नहीं है। उनका दावा है कि प्लॉट संख्या ए-35 केवल कागजों तक सीमित था और मौके पर ऐसी कोई व्यवस्था नहीं मिली।
पीड़ित के अनुसार, उन्होंने पहले कैंट थाने में शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद एसएसपी को भी प्रार्थना पत्र दिया गया फिर भी प्राथमिकी दर्ज नहीं की गई। इसके बाद उन्होंने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय में प्रार्थना पत्र दाखिल किया। न्यायालय के निर्देश के बाद कैंट थाना पुलिस ने शमशाद आलम तथा अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि विवेचना के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


कंपनी की आड़ में गिरोह चलाने का आरोप
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि कंपनी के नाम पर सुनियोजित तरीके से लोगों को झांसे में लेकर धन एकत्र किया जाता है। उनका कहना है कि जब उन्होंने अपनी जमा राशि वापस मांगी तो उन्हें लगातार टालमटोल का सामना करना पड़ा और बाद में धमकियां मिलने लगीं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed