गोरखपुर: कोरोना से मृत 105 रेलकर्मियों के आश्रितों को मिली आर्थिक मदद, 268 कर्मियों के अनुकंपा पर मिली नौकरी
पूर्वोत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल द्वारा मृत रेलकर्मियों के आश्रितों को समापक भुगतान (जीपीएफ) एवं अनुकंपा नियुक्ति की जानकारी देने के लिए ‘सहयोग‘ एप विकसित किया गया है। इसके अंतर्गत एमएमएस के माध्यम से कार्य की प्रगति से आश्रितों को सूचित किया जा रहा है।
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पूर्वोत्तर रेलवे प्रशासन ने वर्ष 2021-22 में अभी तक 268 मृत कर्मचारियों के आश्रितों को नियुक्ति दी है। इसमें 105 मामले कोरोना से मृत रेलकर्मियों से संबंधित हैं। सभी के आश्रितों को कर्मचारी कल्याण निधि से दो-दो लाख रुपये की आर्थिक मदद दे दी गई है। यही नहीं कैंसर व अन्य गंभीर बीमारी से ग्रस्त रेलकर्मियों को आर्थिक मदद भी मिली है। करीब डेढ़ करोड़ रुपये बच्चों की पढ़ाई पर खर्च किए गए हैं।
पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने कर्मचारी कल्याण निधि से दी गई मदद का ब्यौरा प्रस्तुत करते हुए बताया कि कैंसर व गंभीर बीमारियों से पीड़ित रेल कर्मचारियों एवं उनके परिवार को दो लाख की आर्थिक मदद की जाती है। वर्तमान वित्तीय वर्ष में अभी तक 24,15,800 रुपये का भुगतान किया जा चुका है। कर्मचारियों के शारीरिक, मानसिक दिव्यांग बच्चों एवं कर्मचारियों को कृत्रिम शारीरिक उपकरण एवं अन्य सहायक उपकरणों के लिए 26,58,800 रुपये की आर्थिक सहायता दी गई है।
सहयोग एप से आश्रितों को मिली राहत
पूर्वोत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल द्वारा मृत रेलकर्मियों के आश्रितों को समापक भुगतान (जीपीएफ) एवं अनुकंपा नियुक्ति की जानकारी देने के लिए ‘सहयोग‘ एप विकसित किया गया है। इसके अंतर्गत एमएमएस के माध्यम से कार्य की प्रगति से आश्रितों को सूचित किया जा रहा है। इस एप के बनने से कर्मचारी को भागदौड़ करने की जरूरत नहीं है।
पढ़ाई के लिए दी 1.45 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति
रेल कर्मचारियों के बच्चों को तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा के लिए छात्रवृत्ति के रूप में 1,45,25,297 रुपये दिए गए हैं। इस रकम का भुगतान कर्मचारी कल्याण निधि से किया गया है।