Gorakhpur: सेडिका के पूर्व प्राचार्य के पुत्र समेत चार पर जालसाजी का केस, जमीन बैनामा करवाने का आरोप
पूर्व प्राचार्य जेके लाल ने कहा कि बेटे के साथ खुद जालसाजी हुई है। उसने एक जमीन को भरोसा करके लिया, जिसे ठगों ने फर्जी दस्तावेज तैयार करके बैनामा करा दिया है। इसका एक मामला सिविल कोर्ट में भी चल रहा है। पुलिस की जांच का सहयोग किया जाएगा।
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आरोप है कि कूटरचित दस्तावेज तैयार करके किसी दूसरे को खड़ाकर जमीन का बैनामा कराया गया है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर जतिन कुमार लाल, इंद्रपाल सिंह, संजय प्रसाद व अज्ञात विक्रेता को आरोपी बनाया है।
जानकारी के मुताबिक, रुद्रापुर निवासी राधेश्याम ने केस दर्ज कराया है। उनका कहना है कि गांव में उनकी पुश्तैनी जमीन है, जिसे फर्जी दस्तावेज पर आठ जून 2021 को बेच दिया गया।
गांव के कुछ लोगों ने जमीन के बेचे जाने की जानकारी दी, जिसके बाद उप निबंधक कार्यालय से नकल लिया तो पता चला कि जमीन को बशारतपुर निवासी जतिन कुमार लाल ने खरीदी है। इसमें संजय प्रसाद, इंद्रपाल सिंह गवाह बने हैं।
जमीन पर वर्तमान में राधेश्याम का कब्जा तो है, लेकिन आरोपियों ने जालसाजी कर जमीन का बैनामा करके हड़पने की कोशिश की है। एसएसपी के आदेश पर पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। जांच शुरू कर दी गई है।
तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है। जांच और साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। - कृष्ण कुमार विश्नोई, एसपी सिटी
पूर्व प्राचार्य जेके लाल ने कहा कि बेटे के साथ खुद जालसाजी हुई है। उसने एक जमीन को भरोसा करके लिया, जिसे ठगों ने फर्जी दस्तावेज तैयार करके बैनामा करा दिया है। इसका एक मामला सिविल कोर्ट में भी चल रहा है। पुलिस की जांच का सहयोग किया जाएगा।
गोपालगंज, बिहार की श्वेता राय पत्नी चंद्रशेखर राय ने एक केस दर्ज कराया है। उनका कहना है कि 31 मई 2017 को 1800 वर्गफीट जमीन कमलेश से खरीदा था। लेकिन, खारिज दाखिल नहीं हो सका। बाद में पता चला कि जमीन सीलिंग की है। जमीन के लिए 10 लाख 80 हजार रुपये लिए गए थे।
दूसरा केस गोपालगंज की शीला देवी पत्नी अमरेश शाही ने दर्ज कराया है। उनके साथ भी कमलेश, कमला देवी और विजयनाथ ने जालसाजी की है। उनका कहना है कि कमला देवी को कमलेश ने खड़ा करके जमीन का बैनामा कराया था। जमीन के लिए नौ लाख रुपये भी ले लिए थे।