फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Breathed new life onto the stage into timeless masterpieces like

Gorakhpur News: महाभोज-राग दरबारी जैसी कालजयी कृतियों को मंच पर दी नई धड़कन

Tue, 15 Sep 2026 02:24 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर Updated Tue, 15 Sep 2026 02:24 AM IST
विज्ञापन
Breathed new life onto the stage into timeless masterpieces like
गोरखपुर। बात जब हिंदी के विकास और उसकी यात्रा की होगी, तो इसके संवर्धन में अद्वितीय योगदान देने वालों में गोरखपुर विश्वविद्यालय की प्रो. गिरीश रस्तोगी का जिक्र भी जरूर आएगा। उन्होंने हिंदी की कालजयी कृतियों मन्नू भंडारी के ‘महाभोज’ और श्रीलाल शुक्ल के ‘राग दरबारी’ का ऐसा बेजोड़ नाट्य रूपांतरण किया, जिसने साहित्य को किताबों के बंद पन्नों से निकालकर आम जनता के बीच रंगमंच पर जीवंत कर दिया।
विज्ञापन

गोरखपुर विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग में आचार्य रहते हुए उन्होंने न केवल रंगमंच और हिंदी के अंतर्संबंधों को अकादमिक गहराई दी, बल्कि पूर्वांचल में थियेटर की एक पूरी नई पीढ़ी भी तैयार की। रंगमंच की लौ से आज भी रोशन उनकी स्मृतियां यह साबित करती हैं कि शब्दों को अभिनय की धड़कन देने वाली उनकी नाट्य दृष्टि और साधना हमेशा अमर रहेगी।
विज्ञापन

रंगमंच को जीवन की अभिव्यक्ति और साहित्य को समाज का दर्पण मानने वाली प्रो. गिरीश रस्तोगी की स्मृतियां आज भी गोरखपुर के रंगकर्म में जीवंत हैं। उनके सृजनात्मक अवदान को रूपांतर नाट्य मंच आज भी नाट्यांजलि के माध्यम से आगे बढ़ा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

गोरखपुर विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग की अध्यक्ष रहीं प्रो. रस्तोगी ने साहित्य, नाट्य लेखन और रंगमंच को एक साथ साधते हुए शहर की सांस्कृतिक चेतना को नई जमीन दी। प्रो. रस्तोगी ने वर्ष 1968 में रूपांतर नाट्य मंच की नींव रखी थी। उनके लिए रंगमंच केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं बल्कि सामाजिक सरोकारों और मानवीय संवेदनाओं की सशक्त अभिव्यक्ति था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed