यूपी: 18 घंटे बाद मिला नदी में डूबे दो बच्चों का शव, अंतिम विदाई में रो पड़ा गांव
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उत्तर प्रदेश के संतकबीरनगर में सोमवार को नदी में डूबे दो किशारों का शव 18 घंटे बाद मिला। दोनों शव मछुवारों के जाल में फंसा था। पुलिस ने पंचनामा के बाद शव को परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
महुली क्षेत्र के खरवनिया कला के प्रधान का 14 वर्षीय बेटा प्रांजल सिंह और गांव का ही 12 वर्षीय शिवा उर्फ शिवाननंद सोमवार को दोपहर में कठिनईया नदी में नहाते दौरान गहराई में जाकर डूब गए। सूचना पर पुलिस ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से करीब सात घंटे तक लापता दोनों किशोरों की तलाश नदी में कराया, लेकिन कुछ पता नहीं चला।
एसओ ने रिपोर्ट देकर एसडीआरएफ की मांग की थी। इधर मंगलवार को मछुवारों की ओर से नदी में लगाए गए जाल में दोनों किशोरों का शव फंसा मिला। पुलिस ने दोनों शवों को बाहर निकलवाया। मौके पर काफी भीड़ जुट गई। एसओ प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि परिजन शवों का पोस्टमार्टम नहीं कराने की मांग की। जिससे पंचनामा के बाद शवों को उनके परिजनों को सौंप दिया गया।
मातम में लोगों के घरों में नहीं जला चूल्हा
कठिनईया में लापता हुए दोनों दोस्त का शव मिलने की जैसे ही खबर खरवनिया कला गांव में पहुंची, वैसे ही कोहराम मच गया। समूचे गांव में मातम फैल गया। पीड़ित परिजनों के साथ ही गांव के अधिकांश घरों में चूल्हा नहीं जला। पीड़ित परिजनों का रो- रोकर बुरा हाल है। आसपास गांवों के लोग भी पीड़ितों के घर पहुंच कर सांत्वना दिए।
अंतिम विदाई में रो पड़े गांव के लोग
प्रांजल और शिवा की अंतिम विदाई के दौरान समूचा गांव रो पड़ा। लोग दोनों किशारों की गहरी दोस्तों का जिक्र किए और उनकी आंखें नम हो गई। लोग यहीं कह रहे थे कि इस घटना में एक साथ दो घरों को जख्म मिला है। जिसे भरने में वक्त लगेगा। लोग पीड़ित परिजनों के दुख को कम करने के लिए उन्हें ढांढस बंधा रहे थे। देर शाम पीड़ित परिजनों के घरों पर आने-जाने वाला का सिलसिला जारी था।