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वीकेंड पर 'इंदु सरकार' देखने का है प्लान, तो पहले पढ़ें ये 10 बातें

Sat, 29 Jul 2017 09:13 AM IST
रवि बुले
रवि बुले Updated Sat, 29 Jul 2017 09:13 AM IST
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Madhur Bhandarkar Indu Sarkar Movie Review In 10 Points Kirti Kulhari Anupam Kher Neil Nitin Mukesh
इंदु सरकार
बड़े पर्दे पर इस शुक्रवार साल की सबसे विवादित फिल्म यानी 'इंदु सरकार' रिलीज हुई। 'इंदु सरकार' को मधुर भंडारकर ने डायरेक्ट किया है और कीर्ति कुल्हारी, नील नितिन मुकेश और अनुपम खेर ने फिल्म में मुख्य भूमिका निभाई है। इस फिल्म को अगर देखने का मन बना रहे हैं तो इन 10 प्वाइंट्स में जान लें कैसी है फिल्म-
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1. मधुर भंडारकर फिल्मों में हमेशा जोखिम वाले विषय चुनते आए हैं। इस लिहाज से 'इंदु सरकार' उनका अब तक का सबसे बड़ा जोखिम है क्योंकि देश में राजनीतिक सिनेमा बनाना आसान नहीं है। नतीजा फिल्म पूरा सच नहीं दिखा सकती। नाम नहीं ले सकती।
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2. यही कुछ मधुर की 'इंदु सरकार' के साथ हुआ। आप देश के इमरजेंसी काल (1975-77) में प्रधानमंत्री को जानते हैं, पर्दे के पीछे असली संचालक बने हुए ‘चीफ’ और उनके सहायकों को जानते हैं परंतु अंगुली नहीं उठा सकते।
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3. इंदु की खूबसूरती इसकी नायिका का नाम है जिसमें आप आपातकाल की ध्वनि लगातार सुनते रहते हैं। गरीबों की झुग्गियों पर चले बुलडोजर, जबरा-नसबंदी के सीन और जेल में ठूंस दिया गया राजनीतिक विपक्ष फिल्म में दिखाई देता है। परंतु मुख्य कहानी यह नहीं है।

4. फिल्म उस दौर की याद दिलाते हुए जनता के मौलिक अधिकारों को लेकर आज भी प्रासंगिक सवाल उठाती है परंतु पूरी तरह से राजनीतिक नहीं होती।

5. मधुर कम समय में उस दौर को स्थापित करने में कामयाब हैं और कहानी इंदु के जीवन-संघर्ष पर फोकस हो जाती है। उसकी व्यक्तिगत लड़ाई में बदल जाती है।

6. कृति का अभिनय शानदार है। 'पिंक' में प्रभाव छोड़ने के बाद वह फिर से यहां दर्शक पर छाप छोड़ती हैं।

7. फिल्म इंदु और नवीन सरकार के अलावा बाकी किरदारों पर अधिक बात नहीं करती और कहीं-कहीं यह बात खटकती है।

8. प्रधानमंत्री और चीफ के दृश्यों में कमी की बातें समझ आती है परंतु नानाजी के किरदार को और विस्तार देने की कहीं-कहीं आवश्यकता महसूस होती है। फिल्म एक स्तर पर आजादी की दूसरी लड़ाई जैसा भी एहसास देती है।

9. निर्देशक के रूप में 'इंदु सरकार' एक बार फिर मधुर को स्थापित करती है। सेंसर की मुश्किलों के बावजूद उन्होंने साहस से कई बातें कही। फिल्म पर उनकी पकड़ बनी रहती है।


10. खास तौर पर पहला हिस्सा सशक्त है। अगर आप राजनीतिक सिनेमा में रुचि रखते हैं तो 'इंदु सरकार' अवश्य देख सकते हैं। अगर ऐसे सिनेमा में आपकी दिलचस्पी कम भी है तो इसे एक दौर को समझने तथा कृति के अभिनय के लिए देखा जा सकता है।
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