Bajrang Punia: बजरंग पूनिया को कोर्ट से राहत, मानहानि मामले में जारी हुआ था समन; इस वजह से नहीं हुए पेश
दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने मानहानि के मामले में ओलंपिक पदक विजेता पहलवान बजरंग पूनिया को राहत दे दी है। कोर्ट ने पुनिया को बतौर आरोपी छह सितंबर को तलब होने के लिए कहा था। कुश्ती कोच नरेश दहिया ने बजरंग पूनिया के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया था।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने गुरुवार को पहलवान बजरंग पूनिया को बड़ी राहत दी है। उनके वकील के द्वारा दायर की गए छूट आवेदन को स्वीकार कर लिया है। उनके वकील ने कोर्ट को बताया कि बजरंग पूनिया अभी आगामी एशियाी गेम्स को लेकर किर्गिस्तान में हैं। अभी वह खेल के लिए अभ्यास कर रहे हैं।
गुरुवार को सुनवाई के दौरान बजरंग पुनिया के वकील ने भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के पत्र का भी प्रतिनिधित्व किया, जिसमें कहा गया था कि पहलवान बजरंग पुनिया को उनके कोच सुजीत मान के साथ तैयारी के लिए 13 सितंबर 2023 को किर्गिस्तान में एक प्रशिक्षण शिविर के लिए भेजा गया था। आगामी एशियाई खेलों का आयोजन होने वाला है। कुश्ती प्रतियोगिताएं 4 अक्टूबर से शुरू होंगी और 7 अक्टूबर 2023 को समाप्त होंगी। कोर्ट ने सुनवाई की आखिरी तारीख तय करते हुए 17 अक्तूबर रख दी है। बजरंग पुनिया भी स्वास्थ्य कारणों से अदालत के सामने पेश नहीं हुए। तब अदालत ने उन्हें केवल उस दिन के लिए छूट दी थी
जानकारी के लिए बता दें कि शिकायतकर्ता नरेश दहिया ने आपराधिक मानहानि शिकायत में कहा कि 10 मई को जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन के दौरान, बजरंग पुनिया ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उनके खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की थी। भारतीय के शीर्ष पहलवानों के नेतृत्व में देश के 30 पहलवान जनवरी 2023 में धरने पर बैठ गए थे। पहलवानों ने कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह और कई कोच पर भी गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने कहा था कि बृजभूषण और कई कोच महिला खिलाड़ियों और महिला कोच का यौन शोषण करते हैं। हालांकि, खेल मंत्री अनुराग ठाकुर से बातचीत के बाद पहलवानों ने धरना खत्म कर दिया था।