सीरो सर्वे: दिल्ली में बन गई हर्ड इम्युनिटी, 90 फीसदी से ज्यादा आबादी हुई संक्रमित
दिल्ली सरकार के छठे सीरो सर्वे में 90 फीसदी से ज्यादा आबादी में कोरोना के खिलाफ एंटीबॉडी मिलने की पुष्टि हुई है। इससे पहले पांचवां सीरो सर्वे इसी साल जनवरी में हुआ था उस दौरान 56.13 फीसदी आबादी में ही संक्रमण के खिलाफ एंटीबॉडी पाई गई थी।
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कोरोना महामारी को लेकर दिल्ली में हर्ड इम्युनिटी विकसित होने के साक्ष्य सामने आए हैं। पिछले डेढ़ साल से कोरोना महामारी के संकट का सामना किया जा रहा है लेकिन पहली बार सीरो सर्वे के जरिए यह पता चला है कि दिल्ली में दूसरी लहर के दौरान लगभग हर घर संक्रमण की चपेट में आया है। दिल्ली सरकार के छठे सीरो सर्वे में 90 फीसदी से ज्यादा आबादी में कोरोना के खिलाफ एंटीबॉडी मिलने की पुष्टि हुई है।
इससे पहले पांचवां सीरो सर्वे इसी साल जनवरी में हुआ था उस दौरान 56.13 फीसदी आबादी में ही संक्रमण के खिलाफ एंटीबॉडी पाई गई थी। दूसरी लहर गुजरने के बाद पहला सर्वे अब सामने आया है।
बुधवार को समिति ने सर्वे रिपोर्ट दिल्ली सरकार को सौंप दी है। इसके मुताबिक सर्वे के दौरान दिल्ली के 90 फीसदी से अधिक लोगों में कोरोना वायरस के खिलाफ एंटीबॉडी विकसित कर ली है। एक सरकारी अधिकारी ने बताया कि अप्रैल और मई में आई दूसरी लहर की तरह अब भविष्य में कोई नई लहर आने की संभावना नहीं दिखाई दे रही है क्योंकि दिल्ली की लगभग पूरी आबादी संक्रमण के खिलाफ एंटीबॉडी प्राप्त कर चुकी है।
हालांकि इससे अलग एक तथ्य यह भी है कि चिकित्सीय विज्ञान ने अब तक हर्ड इम्युनिटी पर पूरी तरह से भरोसा नहीं जताया है क्योंकि दुनिया के कई देशों में यह स्थिति आने के बाद भी महामारी का असर काफी गंभीर देखने को मिला है।
हर जिले में 85 फीसदी ज्यादा सीरो पॉजीटिविटी
जानकारी के अनुसार दिल्ली में दूसरी लहर से पहले तक पांच बार सीरो सर्वे हो चुका है। जबकि छठा सर्वे पिछले महीने तीन एनजीओ की सहायता लेकर शुरू किया था। दूसरी लहर के बाद यह पहला सीरो सर्वे है।
इसके तहत बीते 24 सितंबर से 280 वार्डों से कुल 28 हजार लोगों के रैंडम सैंपल लिए गए और उनकी जांच की गई। इस दौरान पता चला कि दिल्ली के हर जिले में सीरो पॉजीटिविटी दर यानी आबादी में संक्रमण 85 फीसदी से भी ज्यादा मिला है।
घर में रहकर महिलाओं को ज्यादा हुआ संक्रमण
सर्वे रिपोर्ट के अनुसार पुरुषों की तुलना में अधिक महिलाएं सीरो पॉजिटिव पाई गईं। घर में रहते हुए महिलाओं को सबसे अधिक संक्रमण हुआ जो बाहर से घर आने वालों में से किसी के संपर्क में आने के बाद संक्रमित हुईं। ज्यादातर महिलाओं को संक्रमित होने के पीछे स्त्रोत के बारे में भी जानकारी नहीं थी।
डेल्टा वेरिएंट से चिंता जरूरी
स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि दिल्ली में अभी डेल्टा वेरिएंट भी काफी देखने को मिल रहा है। यह वेरिएंट काफी गंभीर है इसलिए इसे लेकर चिंता जरूरी है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि जब तक कोई नया गंभीर रूप सामने नहीं आता, तब तक दूसरी लहर की तरह कोई नया संकट आने की संभावना काफी कम है।