फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   West Arktika cancels Harsh Vardhan Jain membership in fake embassy case

फर्जी दूतावास: दान देकर वेस्ट आर्कटिका का मानद वाणिज्य दूत बना था हर्षवर्धन, सदस्यता निरस्त; जांच में देगा साथ

Fri, 25 Jul 2025 10:20 PM IST
श्याम जी. सवांद न्यूज एजेंसी, गाजियाबाद
सवांद न्यूज एजेंसी, गाजियाबाद Published by: श्याम जी. Updated Fri, 25 Jul 2025 10:20 PM IST
सार

हर्षवर्धन जैन ने वेस्ट आर्कटिका को दान देकर मानद वाणिज्य दूत का पद हासिल किया, लेकिन फर्जी दूतावास चलाकर आपराधिक गतिविधियों में शामिल हो गया। वेस्ट आर्कटिका ने उसकी सदस्यता निरस्त कर भारत की जांच में सहयोग का आश्वासन दिया। उसने देश के प्रोटोकॉल का उल्लंघन कर फर्जी पासपोर्ट और नंबर प्लेट का इस्तेमाल किया।

विज्ञापन
West Arktika cancels Harsh Vardhan Jain membership in fake embassy case
आरोपी हर्षवर्धन जैन - फोटो : संवाद

विस्तार

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फर्जी कंपनियां बनाकर लोगों से धोखाधड़ी करने वाले हर्षवर्धन ने स्वयंभू देश वेस्ट आर्कटिका को बड़ी धनराशि देकर मानद वाणिज्य दूत का पद हासिल किया। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वेस्ट आर्कटिका की छवि खराब करने पर उनकी सदस्यता निरस्त कर दी गई है। 

विज्ञापन


यह दावा सोशल मीडिया व कुछ जांच एजेंसियों को वेस्ट आर्कटिका के प्रवक्ता ग्रैंड ड्यूक ट्रैविस के नाम से जारी एक वीडियो और प्रेस विज्ञप्ति में किया गया है। विज्ञप्ति में भरोसा दिलाया गया है कि हर्षवर्धन के खिलाफ जारी पड़ताल में वेस्ट आर्कटिका भारत की जांच एजेंसियों का पूर्ण सहयोग करेगा। हालांकि एसटीएफ के अधिकारी इस पर आधिकारिक रूप से कुछ नहीं बोल रहे हैं। एसटीएफ अधिकारियों ने भी इसे देखा है।
विज्ञापन


हर्षवर्धन ने वर्ष 2016 में उनके देश को दान दिया था
दरअसल, कविनगर में फर्जी दूतावास चलाने के मामले में पकड़े गए हर्षवर्धन ने पूछताछ के दौरान एसटीएफ और खुफिया विभाग की टीम को खुद को स्वयंभू देश वेस्ट आर्कटिका का राजदूत बताया था। उसने राजदूत के प्रोटोकॉल के अनुसार लग्जरी गाड़ियों पर राजनयिक नंबर प्लेट लगाकर चलना अधिकृत बताया। इसी पर शुक्रवार को वेस्ट आर्कटिका के प्रवक्ता ग्रैंड ड्यूक ट्रैविस के नाम से जारी वीडियो व प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि हर्षवर्धन ने वर्ष 2016 में उनके देश को दान दिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

हर्षवर्धन जैन खुद को वेस्ट आर्कटिका का राजदूत बताने लगा
इसके बाद उनके देश की अंतरराष्ट्रीय स्वयंसेवकों की टीम ने हर्षवर्धन जैन को वेस्ट आर्कटिका के पर्यावरण और धर्मार्थ मिशन को आगे बढ़ाने के लिए भारत में मानद वाणिज्य दूत का पद आधिकारिक तौर पर दिया था। इस पद का लाभ उठाकर हर्षवर्धन जैन खुद को वेस्ट आर्कटिका का राजदूत बताने लगा। साथ ही फर्जी दूतावास खोलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आपराधिक गतिविधियों में शामिल हो गया।

हर्षवर्धन ने देश के प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया
विज्ञप्ति में दावा किया गया है कि हर्षवर्धन को कभी राजदूत का पद या अधिकार नहीं दिया गया। गिरफ्तारी के दौरान उसके पास से फर्जी मोहरें, पासपोर्ट और राजदूत की नंबर प्लेट आदि बरामद हुई हैं। मानद वाणिज्य दूत होने के नाते उन्हें देश की ऐसी वस्तुएं रखने का कोई अधिकार नहीं है। वेस्ट आर्कटिका स्वयं नंबर प्लेट या पासपोर्ट का उपयोग नहीं करता। ऐसे में हर्षवर्धन ने देश के प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया है।

हर्षवर्धन जैन की सदस्यता अनिश्चित काल के लिए निरस्त कर दी गई 
विज्ञप्ति में दावा किया गया है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपराधिक गतिविधियों के चलते संगठन के प्रतिनिधि के सदस्य के रूप में हर्षवर्धन जैन की सदस्यता अनिश्चित काल के लिए निरस्त कर दी गई है। साथ ही उनके संगठन ने हर्षवर्धन की जांच शुरू कर दी है। प्रवक्ता ने हर्षवर्धन के खिलाफ भारत में हो रही जांच में वेस्ट आर्कटिका की ओर से पूर्ण सहयोग देने का आश्वासन दिया है।

ऐसे काम करता है मानद वाणिज्य दूत
मानद वाणिज्य दूत ऐसा व्यक्ति होता है जिसे कोई देश किसी दूसरे देश में अपने वाणिज्य दूतावास के रूप में नियुक्त करता है। उसे वेतन नहीं दिया जाता और सूक्ष्म कार्यकाल होता है। इसका मुख्य काम दोनों देशों के बीच व्यापार और सांस्कृतिक संबंधों को बढ़ावा देना होता है। दावा है कि हर्षवर्धन जैन को वेस्ट आर्कटिका ने उनके देश के पर्यावरण और धर्मार्थ मिशन को आगे बढ़ाने का काम सौंपा था, लेकिन वह राजदूत बताकर लोगों को झांसे में लेने लगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed