दिल्ली: 'जब मैं जेल में था, तब कहा गया कि जल बोर्ड घोटाला हुआ', जमानत के बाद सत्येंद्र जैन ने BJP पर बोला हमला
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जमानत पर रिहा होने के बाद आप नेता और पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन ने अपने आवास पर बयान दिया। उन्होंने कथित मामले को "तथाकथित घोटाला" बताया। जैन ने कहा कि जब वह जेल में थे, तब जल बोर्ड घोटाला होने की बात कही गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि निविदा आवंटन के समय वह मंत्री पद पर नहीं थे। जैन ने आरोप लगाया कि यह मामला सिर्फ प्रचार के लिए गढ़ा गया है। उन्होंने इसे सत्ताधारी दल की साजिश बताया।
रिहा होने के बाद अरविंद केजरीवाल ने एक्स पर लिखी यह बात-
The man who refuses to break.. pic.twitter.com/vvEl8BOD6q
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) September 3, 2026
राउज एवेन्यू कोर्ट से मिली जमानत
राउज एवेन्यू कोर्ट ने पूर्व दिल्ली मंत्री सत्येंद्र जैन को डीजेबी एसटीपी टेंडर घोटाला मामले में जमानत दे दी है। उन्हें भ्रष्टाचार निरोधक शाखा (एसीबी) ने इसी मामले में गिरफ्तार किए था। सत्येंद्र जैन को दो लाख रुपये के जमानत बॉन्ड और इतनी ही राशि के दो मुचलके पर जमानत मिली है।
जैन को एसीबी की टीम ने किया था गिरफ्तार
दिल्ली जल बोर्ड (डीजेबी) के सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) के टेंडर में कथित अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के मामले में एंटी करप्शन ब्रांच (एसीबी) ने बीती 18 अगस्त को पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन समेत छह आरोपियों को गिरफ्तार किया था। इनमें तत्कालीन डीजेबी सीईओ और आईएएस अधिकारी उदित प्रकाश राय, बोर्ड के पूर्व संविदा सलाहकार अंकित श्रीवास्तव, एएन एंटरप्राइजेज के प्रोपराइटर नागेंद्र यादव, यूरोटेक एनवायरमेंट प्राइवेट लिमिटेड के मालिक राजा कुमार कुर्रा और सृजनहार के प्रोपराइटर पंकज वर्मा शामिल थे।