मोदी सरकार ने केजरीवाल की पार्टी से मांगा विदेशी चंदे का ब्यौरा, आप बोली राजनीतितक उत्पीड़न
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सरकार ने दिल्ली में सत्ताधारी आम आदमी पार्टी से उसको मिले विदेश चंदों का ब्यौरा मांगा है। केंद्रीय गृह मंत्रालय एक अधिकारी ने कहा कि सरकार को संदेह है कि आप को मिले विदेशी चंदे में फॉरेन कॉन्ट्रिब्यूशन रेगुलेशन एक्ट (एफसीआरए) का उल्लंघन हो सकता है। केंद्र के इस कदम पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए आम आदमी पार्टी ने इसे ‘राजनीतिक उत्पीड़न’ बताया है।
शुक्रवार को विदेशी सहायता नियमन कानून 2010 एफसीआरए के तहत जारी नोटिस में पार्टी को बताना है कि किन-किन देशों से उसे चंदा मिला है। गृह मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक आम आदमी पार्टी को चंदे से संबंधित जानकारी देने के लिए 16 मई तक का समय दिया गया है।
पार्टी को विदेशी दानदाताओं कंपनी और अंशधारकों की सूची और धनराशि की भी जानकारी देनी होगी। इसके साथ ही कंपनी के शेयर होल्डर्स और इसके फॉरेन इक्विटी की जानकारी भी मांगी गई है।
आम आदमी पार्टी ने इसे राजनीतिक उत्पीड़न बताया
गृह मंत्रालय के अधिकारी ने कहा कि आप के साथ अन्य दलों को विदेशी चंदे से संबंधित भेजा गया पत्र ‘सामान्य’ पूछताछ का हिस्सा है। अधिकारी ने कहा कि यह कारण बताओ नोटिस नहीं है और इस संबंध में निर्णय आप के जवाब दाखिल करने के बाद लिया जाएगा।
वहीं आम आदमी पार्टी की ओर से जारी बयान में कहा गया कि यह स्पष्ट रूप से राजनीतिक उत्पीड़न का मामला है जो लोकतंत्र के लिए बहुत खतरनाक है। पार्टी ने कहा कि इसमें छुपाने के लिए कुछ भी नहीं है और वह किसी भी प्रकार की जांच का सामना करने के लिए तैयार है।
पार्टी इसमें सभी अधिकारियों और जांच एजेंसियों का पूरा सहयोग करेगी। बयान में कहा गया, ‘उल्लेखनीय है कि इस मुद्दे पर केंद्रीय गृह मंत्रालय हाईकोर्ट के समक्ष हमें क्लीनचिट दे चुका है और अब वह हमें नए नोटिस भेज रहा है।’