{"_id":"66ec81408a1e3316d2002d76","slug":"shooters-left-ghaziabad-due-to-fear-of-cm-yogi-delhi-police-surrounded-them-in-khatauli-2024-09-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Catching Criminals : शूटर्स ने सीएम योगी के डर से छोड़ा गाजियाबाद, दिल्ली पुलिस ने खतौली में घेरकर किया...","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Catching Criminals : शूटर्स ने सीएम योगी के डर से छोड़ा गाजियाबाद, दिल्ली पुलिस ने खतौली में घेरकर किया...
Fri, 20 Sep 2024 05:34 AM IST
दुष्यंत शर्मा
पुरुषोत्तम वर्मा, नई दिल्ली
पुरुषोत्तम वर्मा, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Fri, 20 Sep 2024 05:34 AM IST
सार
उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का गाजियाबाद में आना दिल्ली पुलिस के लिए बड़ी कामयाबी मिलने का कारण बन गया।
विज्ञापन
गिरफ्त में आरोपी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का गाजियाबाद में आना दिल्ली पुलिस के लिए बड़ी कामयाबी मिलने का कारण बन गया। मुख्यमंत्री के आगमन के चलते होटल, रेस्त्रां में चेकिंग की जानकारी दिल्ली ट्रांसयमुना के गैंगस्टर हाशिम बाबा के शूटर अनस व असद को हुई तो उन्होंने गाजियाबाद छोड़ दिया। दोनों गाजियाबाद के एक होटल में ठहरे हुए थे। उनके भागने की जानकारी जैसे ही दिल्ली पुलिस को लगी तो वह उनके पीछे लग गई। स्पेशल सेल की टीम ने इनको खतौली में घेर लिया। इस दौरान हुई मुठभेड़ में अनस के घुटने व असद के टखने में गोली लगी है।
विज्ञापन
दिल्ली पुलिस दिल्ली के जीटीबी हत्याकांड में इन दोनों की जोर-शोर से तलाश कर रही थी। हाशिम बाबा के कहने पर ही अनस ने जीटीबी अस्पताल में हत्याकांड को अंजाम दिलवाया था। इसमें इलाज करा रहे बेगुनाह नागरिक रियाजुद्दीन की मौत हो गई थी। स्पेशल सेल के पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हाशिम बाबा ने विरोधी गिरोह सरगना गैंगस्टर वासिम की हत्या के आदेश अनस को दिए थे। गोलियां लगने से वसीम जीटीबी अस्पताल में भर्ती था। उसे गोलियां हाशिम बाबा ने ही मरवाई थीं। वसीम बच गया था और वह जीटीबी अस्पताल में भर्ती था। अनस ने दो शूटरों को इंतजाम किया। उन्हें हथियार दिए।
विज्ञापन
उसने शूटरों को वसीम के वार्ड व बैड नंबर बता दिया था। मगर उसने मंजिल नहीं बताई। ऐसे में शूटर दूसरी मंजिल पर चले गए और वहां अपना इलाज करा रहे आम नागरिक रियाजुद्दीन की गोलियां बरसाकर हत्या कर दी। दिल्ली के इस बहुचर्चित रहे इस हत्याकांड में दिल्ली पुलिस की बहुत किरकिरी हुई थी। हालांकि दिल्ली पुलिस इस मामले का खुलासा कर कई आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी हैं। मगर अनस व उसका साथी असद फरार थे। इन दोनों को पकड़ने का जिम्मा स्पेशल सेल के एसीपी ललित मोहन की देखरेख में इंस्पेक्टर शिव कुमार की टीम को सौंपा गया।
विज्ञापन
आरोपियों के हरिद्वार जाने की मिली थी सूचना
पश्चिमी उत्तरप्रदेश में गैंगस्टर व बदमाशों को सफाया करने वाले इंस्पेक्टर शिवकुमार को सूचना मिली थी कि दोनों शूटर चेकिंग के डर से गाजियाबाद छोड़कर हरिद्वार जा रहे हैं। स्पेशल सेल ने यूपी पुलिस को शामिल कर दोनों को खतौली, मुजफ्फरनगर, यूपी के इलाके में मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया।
मोबाइल से होती है बात-
इनसे पूछताछ में ये बात सामने आई है कि हाशिम बाबा मंडोली जेल में बंद हैं और वह मोबाइल का इस्तेमाल कर रहा है। वह विभिन्न एप के जरिए हाशिम बाबा से बात करते थे। हालांकि पेशी के दौरान भी अनस हाशिम बाबा से मिलता था।