नाबालिग से दुष्कर्म की अफवाह के बाद पुलिस में मचा हड़कंप
साइबरसिटी में मासूम बच्चियों के साथ लगातार सामने आ रहे दुष्कर्म के मामले
मामला गुड़गांव क्षेत्र के अंतर्गत आने के चलते देररात बच्ची का मेडिकल कराया गया। पुलिस के आला अधिकारियों की निगरानी में मेडिकल रिपोर्ट में दुष्कर्म की पुष्टि नहीं हुई। जिसके बाद पुलिस ने राहत की सांस ली।
शहर में हफ्तेभर में दो नाबालिग बच्चियों के घिनौनी वारदात सामने आने के बाद गुड़गांव पुलिस पहले ही सकते में थी। लेकिन देररात ग्वाल पहाड़ी गांव में संदिग्ध हालत में बच्ची के मिलने की सूचना के बाद पुलिस में हड़कंप मच गया।
मेडिकल में नहीं हुई पुष्टि
दुष्कर्म की आशंका को लेकर दिल्ली पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंच गई। मामला
देररात का होने के चलते पुलिस की दोनों टीमों ने जांच शुरू कर दी।
जिसमें
पाया गया कि बच्ची मंदबुद्धि है ऐसे में दुष्कर्म की आशंका को देखते हुए
डीएलएफ फेज एक थाना पुलिस टीम बच्ची को लेकर सिविल अस्पताल पहुंची। जहां
बच्ची का मेडिकल कराया गया।
इस मौके पर एसीपी सदर ममता खरब भी मौके पर
मौजूद रही। बच्ची के मेडिकल जांच के बाद दुष्कर्म की आशंका को खारिज कर
दिया गया।
बच्ची को देखकर फैलाई रेप की अफवाह
बताया जा रहा है कि पुलिस के आला अधिकारियों की मौजूदगी में नाबालिग के
परिजनों और आसपास के लोगों से बयान में भी फर्क मिलने के बाद पुलिस ने इसे
अफवाह करार दिया।
जिसके बाद पुलिस ने राहत की सांस ली। डीएलएफ फेज एक थाना
प्रभारी के अनुसार मामले की जांच में सामने आया कि कुछ लोगों ने बच्ची को
देखते हुए दुष्कर्म की अफवाह फैला दी।
इस संबंध में नाबालिग के परिजनों ने
लिखित शिकायत तक देने से मना कर दिया। जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज नहीं
किया।
शोषित महिला ने मोबाइल टावर पर चढ़ किया घंटों ड्रामा
पीड़िता को रातभर थाने में बैठाए जाने की बात को तूल पकड़ते देख पुलिस ने देर रात छापेमारी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। बुधवार को कोर्ट में पेशी के बाद उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस इस मामले को लेकर सफाई दे रही है कि महिला अपनी मनमर्जी से थाने में रुकी थी।
दो दिन पहले टिकरी गांव में स्टूडियो संचालक जेपी वालिया द्वारा शारीरिक शोषण के बाद पश्चिम बंगाल की महिला मोबाइल टावर पर चढ़ गई थी। करीब तीन घंटे तक चले ड्रामे के बाद पुलिस ने जैसे-तैसे महिला को नीचे उतारा। हालांकि इसके बाद पुलिस ने महिला का बयान दर्ज कर आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म का मामला दर्ज कर लिया था।
आरोपी के बजाय पीड़ित को ही बैठाया थाने में
जानकारी के अनुसार पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने की बजाय पीड़िता को ही सदर थाने में
बैठाए रखा। आरोपी के खुलेआम घूमने का जब मीडिया में खुलासा हुआ तो पहले
पुलिस अधिकारियों ने इसकी जानकारी ही नहीं होने की बात कही।
साथ ही
आरोपी के फरार होने की बात कही। लेकिन मीडिया के लगातार दबाव के बाद पुलिस
ने रातोंरात ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। इतना ही नहीं पुलिस ने तत्परता
दिखाते हुए आरोपी स्टूडियो संचालक को बुधवार को कोर्ट में पेश किया जहां से
उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।