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रेड लाइट ऑन, गाड़ी ऑफ अभियान शुरू: पर्यावरण मंत्री बोले- पड़ोसी राज्यों में पराली न जलती तो दिल्ली में प्रदूषण न होता
Mon, 18 Oct 2021 08:23 PM IST
Harendra Chaudhary
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Harendra Chaudhary
Updated Mon, 18 Oct 2021 08:23 PM IST
सार
पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि राजधानी में प्रदूषण का सबसे बड़ा कारण वाहनों से निकलने वाला धुंआ होता है। यदि हम सब मिलकर प्रदूषण कम करने की कोशिश करेंगे, तो राजधानी का प्रदूषण कम किया जा सकेगा...
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रेड लाइट ऑन गाड़ी ऑफ अभियान शुरू
- फोटो : एएनआई (फाइल)
विस्तार
दिल्ली में प्रदूषण कम करने के लिए सोमवार से ‘रेड लाइट ऑन, गाड़ी ऑफ’ अभियान की शुरुआत की गई है। दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने आईटीओ की रेड लाइट पर पहुंचकर इस अभियान की शुरुआत की। इस अवसर पर सिविल डिफेंस कार्यकर्ताओं ने लोगों को फूल और बुके देकर रेड लाइट होने पर उनसे गाड़ी बंद करने का अनुरोध किया। वाहन चालकों से सप्ताह में कम से कम एक दिन वाहन न चलाने, एक फेरे में निजी वाहन का उपयोग न करने, सार्वजनकि वाहनों का इस्तेमाल करने और दूसरों को भी पर्यावरण के प्रति जागरूक करने का वचन लिया गया।
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इस अवसर पर पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि राजधानी में प्रदूषण का सबसे बड़ा कारण वाहनों से निकलने वाला धुंआ होता है। यदि हम सब मिलकर प्रदूषण कम करने की कोशिश करेंगे, तो राजधानी का प्रदूषण कम किया जा सकेगा। गोपाल राय ने कहा कि दिल्ली सरकार ने पराली गलाने वाले रसायन का निर्माण और छिड़काव तेजी के साथ शुरू कर दिया है। इससे राजधानी के किसानों को अपनी फसल को खेतों में जलाने की आवश्यकता नहीं रह गई है।
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उन्होंने कहा कि सैटेलाइट से प्राप्त चित्र बता रहे हैं कि पडोसी राज्यों में भारी मात्रा में पराली जलाई जा रही है। इससे राजधानी का प्रदूषण स्तर एक बार फिर खतरनाक लेवल पर जाने लगा है। उन्होंने कहा कि यदि पड़ोसी राज्य भी दिल्ली की तरह अपने किसानों को पराली जलाने का विकल्प दे पाए होते, तो इससे राजधानी को प्रदूषण की मार न झेलनी पड़ती। उन्होंने पडोसी राज्यों से अनुरोध किया कि वे पराली जलाने की घटनाओं को रोकने के लिए उचित कार्रवाई करें जिससे राजधानी का दम घुटने से बचाया जा सके।
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