फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Rang Mela exhibition adorned with the colors of Malwa's folk life and memories

Delhi NCR News: मालवा के लोकजीवन और स्मृतियों के रंगों से सजी रंग मेला प्रदर्शनी

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 03 Sep 2026 07:27 PM IST
विज्ञापन
-भगोरिया की उमंग और गांव-देहात की सहजता को दिखाती प्रदर्शनी का उद्घाटन, भगोरिया चित्र श्रृंखला की खास श्रृंखला
विज्ञापन



ज्योति सिंह
नई दिल्ली। कमलादेवी आर्ट गैलरी में कदम रखते ही मालवा के मेले, लोकजीवन, उत्सव और पुरानी स्मृतियां रंगों के जीवंत संसार में बदलती नजर आती हैं। कहीं भगोरिया की उमंग दिखाई देती है तो कहीं गांव-देहात की सहज लय। धार, मध्य प्रदेश के कलाकार अनूप श्रीवास्तव की चित्र प्रदर्शनी रंग मेला का मंगलवार को इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में उद्घाटन हुआ। प्रदर्शनी में मालवा और निमाड़ अंचल के जीवन को कलाकार ने महज लोकचित्रों के रूप में नहीं, बल्कि एक जीवंत सांस्कृतिक अनुभव के तौर पर प्रस्तुत किया है।
अनूप श्रीवास्तव के कैनवास पर आदिवासी समुदायों की सामूहिकता, मेलों की चहल-पहल, लोक परंपराओं की ऊर्जा और रोजमर्रा के जीवन से जुड़ी स्मृतियां रंगों और आकृतियों के जरिए आकार लेती दिखाई देती हैं। चित्र श्रृंखला में भगोरिया को विशेष स्थान दिया गया है। कलाकार के अनुसार, रंग मेला मालवा की मिट्टी और उससे जुड़ी स्मृतियों से निकली एक ऐसी चित्रयात्रा है, जो स्थानीय लोकजीवन को समकालीन कला की भाषा में सामने लाती है।
विज्ञापन

अनूप बताते हैं कि उनके लिए भगोरिया केवल एक लोकपर्व नहीं, बल्कि समुदाय, रिश्तों, उत्सव और जीवन के उल्लास को समझने का माध्यम है। यही कारण है कि उनके चित्रों में लोक संस्कृति किसी स्थिर फोक छवि के बजाय लगातार बदलते और सांस लेते जीवन की तरह नजर आती है। उन्होंने एक्रेलिक, ऑयल पेस्टल सहित विभिन्न मिश्रित दृश्य माध्यमों का प्रयोग किया है। इन माध्यमों के जरिए वास्तविक दृश्य और स्मृति के बीच की दूरी धुंधली होती दिखाई देती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

प्रदर्शनी के उद्घाटन अवसर पर आईआईसी दिल्ली के निदेशक केएन श्रीवास्तव, प्रोग्रेसिव आर्ट गैलरी के निदेशक आरएन सिंह और प्रख्यात कलाकार अखिलेश मौजूद रहे। इंटैक दिल्ली के चेयरमैन अशोक सिंह ठाकुर तथा उषार्थ आर्ट फाउंडेशन की संस्थापक श्रुति लखनपाल टंडन ने भी कार्यक्रम में शिरकत की। इस अवसर पर राजकुमारी सिद्धांगना कुमारी को विशेष श्रद्धांजलि अर्पित की गई। रंग मेला प्रदर्शनी 13 सितंबर तक प्रतिदिन सुबह 11 बजे से शाम 7 बजे तक दर्शकों के लिए खुली रहेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed