आप आज करेगी राखी पर फैसला!
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हालांकि राखी बिडलान की उम्मीदवारी पर पार्टी में लगातार घमासान बढ़ता जा रहा है। राखी का विरोध कर रहे कुछ कार्यकर्ता बुधवार सुबह से पार्टी कार्यालय के सामने ही अनशन कर रहे हैं।
ऐसे में कमेटी पर राखी को टिकट न देने का दबाव है। लेकिन आम आदम पार्टी हमेशा से अपने नेताओं के पक्ष मे फैसले लेते आई है। इसलिए राखी को टिकट मिलना तय समझा जा रहा है।
राखी के विरोध अनशन कर रहे हैं कार्यकर्ता
लोकसभा चुनावों के लिए आप की ओर उत्तरी-पश्चिमी सीट पर राखी बिडलान का नाम आने का विरोध कर रहे आप कार्यकर्ताओं ने आप कार्यालय के सामने अनशन शुरू कर दिया है।
इससे पहले शनिवार को इस संसदीय सीट के कायकर्ताओं ने पार्टी कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया था। हालांकि तब पार्टी ने टिकट फाइनल न होने की बात कहकर इससे किनारा कर लिया था।
लेकिन शनिवार को दूसरी सूची जारी नहीं होने से साफ हो गया था कि इस सीट पर दिल्ली सरकार में मंत्री रह चुकी राखी बिडलान को ही चुनाव लड़ाया जाएगा। इससे नाराज कार्यकर्ताओं ने अनशन शुरू किया है।
इसी डर ने नहीं जारी की गई थी दूसरी लिस्ट
आम आदमी पार्टी की ओर से शनिवार को लोकसभा चुनाव के उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी होने की उम्मीद जताई जा रही थी। सूची आती इससे पहले ही कुछ सीटों पर उम्मीदवारों का नाम लीक हो गया।
इसमें मंगोलपुरी से विधायक राखी बिडलान का नाम भी चर्चा में आया। राखी का नाम दिल्ली की एकमात्र आरक्षित उत्तर-पश्चिमी लोकसभा सीट पर आया। पार्टी अब तक दावा करती रही कि विधायकों को टिकट नहीं दिया जाएगा।
लेकिन राखी का नाम सामने आया तो पार्टी के भीतर ही आलोचना शुरू हो गई। इसी बचने के लिए आप ने दूसरी सूची नहीं जारी की थी।
आशुतोष का भी फिर से हो सकता है विरोध
लोकसभा उम्मीदवारों के पहली लिस्ट जारी होने के साथ ‘आप’ में विरोध का सिलसिला भी शुरू हो गया था। अब इसके जोर पकड़ने के आसार हैं। दरअसल पार्टी कार्यकर्ताओं राखी का नाम आने से अधिक नाराजगी है। लेकिन चूंकि राखी का विरोध अनशन तक पहुंच गया है तो एसे में आशुतोष का विरोध भी तूल पकड़ता दिख रहा है।
इससे पहले सूची जारी होने बाद चांदनी चौक से पार्टी कार्यकर्ता बताते हुए कई लोगों तिलक लेन स्थित केजरीवाल के आवास पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि पार्टी के गठन के समय से ही वह जनाधार बढ़ाने के लिए काम कर रहे हैं, लेकिन टिकट बाहरी व्यक्ति आशुतोष को दे दिया गया है।
प्रदर्शनकारियों का आरोप था तयशुदा प्रक्रिया के तहत आवेदन करने वाले सैकड़ों कार्यकर्ताओं को पार्टी ने दरकिनार कर दिया था।