बाइक बोट और गो-वे के बाद बाइक कैब के नाम पर एक और फर्जीवाड़े का खुलासा, एमडी समेत 3 गिरफ्तार
बाइक बोट की तर्ज पर एक और पाेंजी स्कीम लांच कर बाइक फॉर यू नाम की फर्जी कंपनी का नोएडा पुलिस ने खुलासा किया है। इस कंपनी के एमडी समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। इनके पास से चार कारें व आठ बाइकें बरामद की गई हैं।
फर्जी कंपनी के लोगों ने देशभर के छह हजार से अधिक लोगों से ठगी की है। सेक्टर-63 में चल रही बाइक फॉर यू कंपनी के संचालकों ने बाइक चलवाने के नाम पर प्रति व्यक्ति 60 हजार पांच सौ रुपये लिए।
बदले में एक साल तक प्रत्येक माह प्रति व्यक्ति को साढ़े आठ हजार दिए जाने का झांसा दिया गया। अप्रैल में इस कंपनी के खिलाफ कोतवाली फेज थ्री में मुकदमा दर्ज किया गया था। फर्जी कंपनी खोलने वाला एटा का हिस्ट्रीशीटर है।
एसएसपी वैभव कृष्ण ने बताया कि, अगस्त 2018 में सेक्टर-63 के जी ब्लॉक में बाइक फॉर यू नामक कंपनी शुरू हुई। बिल्डिंग के भूतल पर कंपनी का कार्यालय था। इस कंपनी ने अपना एक ऑनलाइन विज्ञापन जारी कर अपनी कंपनी का प्रमोशन किया और लोगों को बताया कि ओला उबर, बाइक बोट की तर्ज पर बाइक का संचालन एनसीआर में करेंगे।
कोई भी व्यक्ति इस कंपनी में अपनी बाइक किराए पर लगवाने के लिए पैसे जमा कर सकता है। कंपनी खुद बाइक खरीदेगी और उसे कैब के तौर पर चलवाएगी। प्रत्येक व्यक्ति को 60 हजार 500 रुपये निवेश करने होंगे। इसके बाद कंपनी निवेशक को एक साल तक प्रत्येक माह साढ़े आठ हजार रुपये देगी।
इसके बाद देशभर के करीब छह हजार से अधिक लोगों ने इस कंपनी में निवेश किया। इसके बाद निवेशकों के खाते में कुछ महीने तक तो पैसे दिए, लेकिन मार्च से पैसे नहीं दिए। कंपनी की तरफ से बार बार पैसे देने का आश्वासन दिया गया।
जब अप्रैल महीने में भी पैसे नहीं आए तो निवेशकों को अपने साथ ठगी होने का संदेह हुआ। इसके बाद निवेशक कंपनी कार्यालय पहुंचने लगे। 17 अप्रैल को काफी संख्या में निवेशक कंपनी के दफ्तर पहुंचे थे।
दफ्तर में कंपनी का मालिक नहीं था। इसके बाद निवेशकों ने हंगामा किया था। इसके बाद एसएसपी के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया था। कोतवाली फेज थ्री पुलिस ने रविवार सुबह बाइक फॉर यू कंपनी के एमडी एटा निवासी बबलू यादव, मास्टर माइंड रुड़की निवासी रोहित चौहान और आगरा निवासी जीवन को गिरफ्तार कर लिया है।