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Noida News: जान जोखिम में डाल पार कर रहे ट्रैक
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फोटो-11- साइकिल लेकर रेलवे ट्रैक पार करतीं छात्राएं। संवाद
- फोटो : मेडिकल कॉलेज के महिला विंग में लगी स्टेरिलाइजेशन मशीन।
गंजमुरादाबाद। नगर में संचालित प्राइवेट स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं एक किमी के चक्कर से बचने के लिए जान जोखिम में डालकर रेलवे ट्रैक पार करते हैं। इससे कभी भी हादसा हो सकता है।
रेलवे क्रासिंग कस्बे की बस्ती से करीब 500 मीटर दूर है। आने जाने में करीब एक किमी का चक्कर हो जाता है। इससे बचने के लिए ताजपुर, कपूरपुर, पंपापुर, हसनापुर, तहिरापुर, आजमखेड़ा सहित कई गांवों के छात्र-छात्राएं जान जोखिम में डालकर प्लेटफार्म से रेलवे ट्रैक पार करते हैं। इससे कभी भी अप्रिय घटना हो सकती है। गलत तरीके से रेलवे ट्रैक पार करने से रोकने के लिए विभाग ने प्लेटफार्म के पास खड़े बोल्डर लगा रखे हैं। इसके बावजूद लोग जोखिम उठाने से बाज नहीं आते।
रेलवे के सीनियर इंजीनियर आरबी गौतम ने बताया कि रेलवे ट्रैक पार करने से रोकने के लिए बोल्डर लगाए जा चुके हैं। फिर भी लोग रेलवे ट्रैक से आवागमन करते हैं तो कार्रवाई की जाएगी।
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रेलवे क्रासिंग कस्बे की बस्ती से करीब 500 मीटर दूर है। आने जाने में करीब एक किमी का चक्कर हो जाता है। इससे बचने के लिए ताजपुर, कपूरपुर, पंपापुर, हसनापुर, तहिरापुर, आजमखेड़ा सहित कई गांवों के छात्र-छात्राएं जान जोखिम में डालकर प्लेटफार्म से रेलवे ट्रैक पार करते हैं। इससे कभी भी अप्रिय घटना हो सकती है। गलत तरीके से रेलवे ट्रैक पार करने से रोकने के लिए विभाग ने प्लेटफार्म के पास खड़े बोल्डर लगा रखे हैं। इसके बावजूद लोग जोखिम उठाने से बाज नहीं आते।
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रेलवे के सीनियर इंजीनियर आरबी गौतम ने बताया कि रेलवे ट्रैक पार करने से रोकने के लिए बोल्डर लगाए जा चुके हैं। फिर भी लोग रेलवे ट्रैक से आवागमन करते हैं तो कार्रवाई की जाएगी।
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