{"_id":"69eba4419b6587f4fc0dbba1","slug":"two-lakh-city-dwellers-got-their-gas-connections-restarted-grnoida-news-c-23-1-lko1064-93111-2026-04-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: दो लाख शहरवासियों ने फिर शुरू कराया गैस कनेक्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: दो लाख शहरवासियों ने फिर शुरू कराया गैस कनेक्शन
विज्ञापन
जिले में 65 एजेंसियों के है दस लाख से अधिक उपभोक्ता
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा/ग्रेटर नोएडा। गैस सिलिंडर की किल्लत के दौरान करीब दो लाख उपभोक्ताओं ने कनेक्शन दोबारा से शुरू कराया है। लंबे समय तक गैस सिलिंडर नहीं लेने की वजह से इनके कनेक्शन अस्थायी रूप से बंद हो गए थे। जैसे ही सिलिंडर की मांग बढ़ी वैसे ही वे एजेंसी पहुंचे, जहां उनका ऑनलाइन सत्यापन के बाद गैस कनेक्शन दोबारा शुरू हुआ। जिले में भारत, एचपी और इंडियन कंपनी की 65 गैस एजेंसियां हैं।घरेलू गैस के करीब 10 लाख उपभोक्ता हैं।
दूसरी तरफ विभिन्न एजेंसियों पर गैस के लिए लगने वाली लंबी कतारें अब धीरे-धीरे कम हो रही हैं। पहले लाइनें दोपहर की भरी गर्मी के बीच भी नजर आती थीं। हालांकि जिनके कनेक्शन नहीं हैं वे गैस लिए अब भी भटक रहे हैं। खासकर श्रमिक वर्ग। सूरजपुर औद्योगिक क्षेत्र में ठेली-पटरी पर खाना बनाकर परिवार चलाने वाले लोगों की आय प्रभावित हो रही है। गैस न मिलने के कारण उन्हें सड़क किनारे चूल्हे पर खाना बनाना पड़ रहा है जिसके लिए रोजाना लकड़ी खरीदनी पड़ती है।
औद्योगिक क्षेत्र में बुद्धराम निजी कंपनी के सामने ठेली लगाकर पूड़ी-सब्जी और अन्य खाद्य सामग्री बेचते हैं। इस काम में उनकी पत्नी और दो बच्चे भी सहयोग करते हैं। उनके ग्राहक मुख्य रूप से कंपनियों में काम करने वाले श्रमिक हैं जो सुबह और दोपहर के समय खाना खाते हैं। इन दिनों उन्हें दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। एक ओर गैस सिलिंडर की किल्लत है, वहीं दूसरी ओर सिलिंडर की कीमत 3 से 4 हजार रुपये तक पहुंच गई है। गैस न मिलने पर उन्होंने सड़क किनारे चूल्हा बनाकर खाना पकाना शुरू कर दिया है। भीषण गर्मी में चूल्हे पर काम करना काफी कठिन हो जाता है। बुद्धराम का कहना है कि कम आय के कारण परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो रहा है। उनका मानना है कि कारोबार को पहले जैसी स्थिति में लौटने में अभी समय लगेगा, लेकिन वे परिवार के साथ मिलकर लगातार प्रयास कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा/ग्रेटर नोएडा। गैस सिलिंडर की किल्लत के दौरान करीब दो लाख उपभोक्ताओं ने कनेक्शन दोबारा से शुरू कराया है। लंबे समय तक गैस सिलिंडर नहीं लेने की वजह से इनके कनेक्शन अस्थायी रूप से बंद हो गए थे। जैसे ही सिलिंडर की मांग बढ़ी वैसे ही वे एजेंसी पहुंचे, जहां उनका ऑनलाइन सत्यापन के बाद गैस कनेक्शन दोबारा शुरू हुआ। जिले में भारत, एचपी और इंडियन कंपनी की 65 गैस एजेंसियां हैं।घरेलू गैस के करीब 10 लाख उपभोक्ता हैं।
दूसरी तरफ विभिन्न एजेंसियों पर गैस के लिए लगने वाली लंबी कतारें अब धीरे-धीरे कम हो रही हैं। पहले लाइनें दोपहर की भरी गर्मी के बीच भी नजर आती थीं। हालांकि जिनके कनेक्शन नहीं हैं वे गैस लिए अब भी भटक रहे हैं। खासकर श्रमिक वर्ग। सूरजपुर औद्योगिक क्षेत्र में ठेली-पटरी पर खाना बनाकर परिवार चलाने वाले लोगों की आय प्रभावित हो रही है। गैस न मिलने के कारण उन्हें सड़क किनारे चूल्हे पर खाना बनाना पड़ रहा है जिसके लिए रोजाना लकड़ी खरीदनी पड़ती है।
विज्ञापन
औद्योगिक क्षेत्र में बुद्धराम निजी कंपनी के सामने ठेली लगाकर पूड़ी-सब्जी और अन्य खाद्य सामग्री बेचते हैं। इस काम में उनकी पत्नी और दो बच्चे भी सहयोग करते हैं। उनके ग्राहक मुख्य रूप से कंपनियों में काम करने वाले श्रमिक हैं जो सुबह और दोपहर के समय खाना खाते हैं। इन दिनों उन्हें दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। एक ओर गैस सिलिंडर की किल्लत है, वहीं दूसरी ओर सिलिंडर की कीमत 3 से 4 हजार रुपये तक पहुंच गई है। गैस न मिलने पर उन्होंने सड़क किनारे चूल्हा बनाकर खाना पकाना शुरू कर दिया है। भीषण गर्मी में चूल्हे पर काम करना काफी कठिन हो जाता है। बुद्धराम का कहना है कि कम आय के कारण परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो रहा है। उनका मानना है कि कारोबार को पहले जैसी स्थिति में लौटने में अभी समय लगेगा, लेकिन वे परिवार के साथ मिलकर लगातार प्रयास कर रहे हैं।
विज्ञापन