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Noida News: शासन को भेजने से पहले ही एसआईटी की रिपोर्ट लीक

Thu, 20 Jun 2024 08:28 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Thu, 20 Jun 2024 08:28 PM IST
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SIT report leaked even before sending it to the government
- एसआईटी के अध्यक्ष ने टीम के तीन सदस्यों के खिलाफ जांच की संस्तुति, रिपोर्ट शासन को भेजने से किया इन्कार
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माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। लीजबैक के खारिज 237 मामलों की विशेष जांच दल (एसआईटी) की रिपोर्ट शासन तक पहुंचने से पहले लीक हो गई है। एसआईटी के अध्यक्ष और यमुना प्राधिकरण (यीडा) के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने रिपोर्ट लीक होने के मामले में टीम के तीन सदस्यों के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति की है। डॉ. अरुणवीर सिंह ने एसआईटी की जांच रिपोर्ट को शासन भेजने से इन्कार कर दिया है। उन्होंने कई अधिकारियों की भूमिका को संदिग्ध मानते हुए वरिष्ठ अधिकारियों से शिकायत की है।
किसानों ने यीडा के सीईओ से एसआईटी की रिपोर्ट लीक होने की शिकायत की थी। जांच में रिपोर्ट लीक होने के बाद सही निकली। रिपोर्ट लीक होने के मामले में ग्रेनो प्राधिकरण के एक ओएसडी, रिटायर्ड अधिकारी और कर्मचारी की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। एसआईटी अध्यक्ष ने टीम के इन सदस्यों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की संस्तुति शासन से की है। उन्होंने एसआईटी रिपोर्ट शासन को भेजने से इन्कार कर दिया है। मामले में उन्होंने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ रवि एनजी से आपत्ति दर्ज कराई गई है। साथ ही रिपोर्ट लीक करने वालों की जांच कर कार्रवाई के लिए कहा गया है।
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शासन के निर्देश पर 237 प्रकरणों की दोबारा हुई थी सुनवाई
ग्रेनो प्राधिकरण के तत्कालीन चेयरमैन डॉ. प्रभात कुमार ने वर्ष 2011 में जमीन अधिग्रहण से प्रभावित गांवों की लीजबैक की जांच कराई थी। जिसमें अनियमितता पाई गई थीं। इसके बाद लीजबैक के सभी प्रकरणों की जांच के लिए एसआईटी गठित की गई थी। शासन ने यीडा के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह की अध्यक्षता में एसआईटी गठित की थी। मामले की जांच कर एसआईटी ने अपनी रिपोर्ट शासन को भेज दी थी। शासन स्तर 533 में से 237 प्रकरणों को बीते साल अक्तूबर में खारिज कर दिया गया था। किसानों के प्रदर्शन करने पर पुनः जांच के आदेश दिए गए थे। शासन के आदेश पर एसआईटी ने 237 प्रकरणों की दोबारा सुनवाई की। अब एसआईटी की पुनः जांच रिपोर्ट का अध्ययन करने के बाद ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की ओर से अंतिम रिपोर्ट तैयार की गई है। जो भेजे जाने से पहले लीक हो गई।
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एसआईटी की जांच रिपोर्ट लीक होने की शिकायत मिली है जो प्रथम दृष्टया सही पाई गई है। ग्रेनो प्राधिकरण के सीईओ से वार्ता कर आरोपी अधिकारियों व कर्मचारियों को जांच से अलग करने के लिए कहा गया है। पूरे प्रकरण की रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है। वहीं एसआईटी रिपोर्ट शासन को नहीं भेजी गई है। - डाॅ. अरुणवीर सिंह, अध्यक्ष, एसआईटी


एसीओ को सौंपी एसआईटी जांच रिपोर्ट लीक होने की जांच
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ रवि एनजी ने एसआईटी की जांच रिपोर्ट लीक होने के मामले की जांच अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी मेधा को सौंपी है। सीईओ ने बताया कि कंप्यूटर अनुभाग के दो कर्मचारियों को भी काम से हटाया गया है। रिपोर्ट लीक होने की शिकायत की जांच के पूरी होने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
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