{"_id":"68b1b6974bb06f205809017e","slug":"rs-134-crore-recovered-from-fraudsters-noida-news-c-340-1-del1004-102918-2025-08-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: जालसाजों के पास से मिले 1.34 करोड़ रुपये","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: जालसाजों के पास से मिले 1.34 करोड़ रुपये
विज्ञापन
गाजियाबाद के लिए उपयोगी।
-दिल्ली एनसीआर में यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में दाखिले का झांसा देकर ठगी का मामला
-एडमिशन कंसल्टेंट बनकर दाखिले का देते थे झांसा, आयकर विभाग को सूचना भेजी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली एनसीआर में यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में दाखिले का झांसा देकर ठगी करने वाले आरोपियों कुशाग्र श्रीवास्तव और चिन्मय सिन्हा के कब्जे से पुलिस ने 1.34 करोड़ रुपये बरामद किए हैं। बड़ी मात्रा में बेहिसाबी नकदी बरामद होने के बाद पुलिस ने इसकी जानकारी आयकर विभाग को दी है। शुरुआती जांच में पता चला कि आरोपी प्रतिष्ठित कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के लिए एडमिशन कंसल्टेंट बनकर कॉलेजों में दाखिले का झांसा देकर ठगी कर रहे थे। मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को इंदिरापुरम, गाजियाबाद से गिरफ्तार किया था।
द्वारका जिला पुलिस उपायुक्त अंकित सिंह ने बताया कि 25 अगस्त को दिल्ली पुलिस की हवलदार ने साइबर सेल थाने में ठगी की शिकायत की। शिकायत में उन्होंने बताया कि उन्हें जेएम-आईपीयूयूडीएल-पी के नाम से एक मैसेज मिला, जिसमें उनके बेटे को आईपी यूनिवर्सिटी में मैनेजमेंट कोटे के तहत दाखिला देने का प्रस्ताव था। मैसेज में लावण्या नाम की एक महिला का नंबर था। उससे संपर्क करने पर उसने उन्हें नेहरू प्लेस स्थित कार्यालय बुलाया। बातचीत के दौरान जालसाजों ने सूरजमल कॉलेज में 3.5 लाख रुपये में दाखिला दिलाने पर सहमति जताई, जिसमें से 2.3 लाख रुपये पीड़ित ने 29 जुलाई को उनके कार्यालय में जमा कर दिए। इसके बाद जालसाजों ने अपने फोन बंद कर दिए और कार्यालय खाली कर भाग गए। साइबर सेल ने तकनीकी जांच कर इंदिरापुरम गाजियाबाद यूपी कुशाग्र श्रीवास्तव और चिन्मय सिन्हा को गिरफ्तार कर लिया। इनके पास से पुलिस को छह मोबाइल फोन, लैपटॉप और ठगी से संबंधित दस्तावेज मिले।
-- -- -- -- -- -- --
1 करोड़ से अधिक के लेनदेन की मिली जानकारी
पुलिस ने इनके बैंक खाते की जांच की, जिसमें एक करोड़ रुपये से अधिक की लेन-देन की जानकारी मिली। उसके बाद पुलिस ने आरोपियों को रिमांड पर लिया। पुलिस ने इनके निशानदेही पर 1.34 करोड़ रुपये बरामद किए।
विज्ञापन
-- -- -- --
आर्थिक अपराध शाखा भी कर रही है जांच
जांच में पता चला कि आरोपियों के खिलाफ कालका जी थाने में 31 लोगों ने ठगी की शिकायत की थी। इसे आर्थिक अपराध शाखा को सौंप दिया गया। शिकायतकर्ताओं ने बताया कि गैंग के जालसाजों ने दिल्ली के प्रतिष्ठित कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के प्रवेश सलाहकार बनकर ठगी को अंजाम दिया है। हाल ही में बारहवीं पास करने वाले इच्छुक छात्रों के अभिभावकों को एसएमएस भेजकर उन्हें निशाना बनाया। आरोपी प्रबंधन कोटे से प्रवेश दिलाने का आश्वासन देकर उनसे मोटी रकम वसूलते थे।
विज्ञापन
-दिल्ली एनसीआर में यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में दाखिले का झांसा देकर ठगी का मामला
-एडमिशन कंसल्टेंट बनकर दाखिले का देते थे झांसा, आयकर विभाग को सूचना भेजी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली एनसीआर में यूनिवर्सिटी और कॉलेजों में दाखिले का झांसा देकर ठगी करने वाले आरोपियों कुशाग्र श्रीवास्तव और चिन्मय सिन्हा के कब्जे से पुलिस ने 1.34 करोड़ रुपये बरामद किए हैं। बड़ी मात्रा में बेहिसाबी नकदी बरामद होने के बाद पुलिस ने इसकी जानकारी आयकर विभाग को दी है। शुरुआती जांच में पता चला कि आरोपी प्रतिष्ठित कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के लिए एडमिशन कंसल्टेंट बनकर कॉलेजों में दाखिले का झांसा देकर ठगी कर रहे थे। मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को इंदिरापुरम, गाजियाबाद से गिरफ्तार किया था।
द्वारका जिला पुलिस उपायुक्त अंकित सिंह ने बताया कि 25 अगस्त को दिल्ली पुलिस की हवलदार ने साइबर सेल थाने में ठगी की शिकायत की। शिकायत में उन्होंने बताया कि उन्हें जेएम-आईपीयूयूडीएल-पी के नाम से एक मैसेज मिला, जिसमें उनके बेटे को आईपी यूनिवर्सिटी में मैनेजमेंट कोटे के तहत दाखिला देने का प्रस्ताव था। मैसेज में लावण्या नाम की एक महिला का नंबर था। उससे संपर्क करने पर उसने उन्हें नेहरू प्लेस स्थित कार्यालय बुलाया। बातचीत के दौरान जालसाजों ने सूरजमल कॉलेज में 3.5 लाख रुपये में दाखिला दिलाने पर सहमति जताई, जिसमें से 2.3 लाख रुपये पीड़ित ने 29 जुलाई को उनके कार्यालय में जमा कर दिए। इसके बाद जालसाजों ने अपने फोन बंद कर दिए और कार्यालय खाली कर भाग गए। साइबर सेल ने तकनीकी जांच कर इंदिरापुरम गाजियाबाद यूपी कुशाग्र श्रीवास्तव और चिन्मय सिन्हा को गिरफ्तार कर लिया। इनके पास से पुलिस को छह मोबाइल फोन, लैपटॉप और ठगी से संबंधित दस्तावेज मिले।
विज्ञापन
1 करोड़ से अधिक के लेनदेन की मिली जानकारी
पुलिस ने इनके बैंक खाते की जांच की, जिसमें एक करोड़ रुपये से अधिक की लेन-देन की जानकारी मिली। उसके बाद पुलिस ने आरोपियों को रिमांड पर लिया। पुलिस ने इनके निशानदेही पर 1.34 करोड़ रुपये बरामद किए।
विज्ञापन
आर्थिक अपराध शाखा भी कर रही है जांच
जांच में पता चला कि आरोपियों के खिलाफ कालका जी थाने में 31 लोगों ने ठगी की शिकायत की थी। इसे आर्थिक अपराध शाखा को सौंप दिया गया। शिकायतकर्ताओं ने बताया कि गैंग के जालसाजों ने दिल्ली के प्रतिष्ठित कॉलेजों और विश्वविद्यालयों के प्रवेश सलाहकार बनकर ठगी को अंजाम दिया है। हाल ही में बारहवीं पास करने वाले इच्छुक छात्रों के अभिभावकों को एसएमएस भेजकर उन्हें निशाना बनाया। आरोपी प्रबंधन कोटे से प्रवेश दिलाने का आश्वासन देकर उनसे मोटी रकम वसूलते थे।