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गर्भवती का अज्ञात में अंतिम संस्कार, पहचान होने पर दहेज हत्या का केस
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ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो वेस्ट में रहने वाली आठ माह की गर्भवती महिला का शव गाजियाबाद में रेलवे ट्रैक से बरामद हुआ और पहचान नहीं होने पर अज्ञात में उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया। शव के फोटो व कपड़े सोशल मीडिया पर शेयर होने के बाद मृत महिला की पहचान हुई। जानकारी होने पर मायके पक्ष ने पति समेत छह ससुराल वालों पर दहेज हत्या का केस दर्ज कराया है और सास पर रेलवे ट्रैक पर धक्का देने का शक जाहिर किया है। पुलिस मामले में जांच कर रही है।
जिला देवरिया निवासी रामविश्वास गौड़ ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उन्होंने अपनी बेटी सुधा का विवाह 10 मार्च 2015 को चिपियाना की पंचशील कॉलोनी में रहने वाले बीएसएफ के जवान अवधेश से किया था। उसे ससुराल पक्ष दहेज आदि की मांग को लेकर प्रताड़ित कर रहा था। कई बार सुधा ने इसकी मायके पक्ष से शिकायत की थी। उसकी रिकॉर्डिंग भी उनके पास मौजूद है। इस वजह से परिजन कई बार सुधा को मायके भी ले गए थे लेकिन बाद में समझा बुझाकर ससुराल भेजा गया था। सुधा आठ माह की गर्भवती थी। 24 जून को मायके पक्ष को सुधा की ट्रेन से कटकर मौत की सूचना मिली। पड़ताल करने पर पता चला कि सुधा का शव गाजियाबाद क्षेत्र में मिलने के बाद वहां की पुलिस ने उसका अंतिम संस्कार कर दिया। आरोप है कि 18 जून को सुधा को उसकी सास रेलवे लाइन के पास घुमाने के लिए ले गई थी। मायके पक्ष ने शक जाहिर किया है कि सास ने ही उसे रेलवे लाइन पर धक्का दिया, जिससे सुधा की मौत हुई है। बिसरख कोतवाली पुलिस का कहना है कि शिकायत के आधार पर पति समेत छह ससुराल वालों पर केस दर्ज कर जांच की जा रही है। हालांकि पता चला है कि घटना के दौरान पति ड्यूटी पर था।
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जिला देवरिया निवासी रामविश्वास गौड़ ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उन्होंने अपनी बेटी सुधा का विवाह 10 मार्च 2015 को चिपियाना की पंचशील कॉलोनी में रहने वाले बीएसएफ के जवान अवधेश से किया था। उसे ससुराल पक्ष दहेज आदि की मांग को लेकर प्रताड़ित कर रहा था। कई बार सुधा ने इसकी मायके पक्ष से शिकायत की थी। उसकी रिकॉर्डिंग भी उनके पास मौजूद है। इस वजह से परिजन कई बार सुधा को मायके भी ले गए थे लेकिन बाद में समझा बुझाकर ससुराल भेजा गया था। सुधा आठ माह की गर्भवती थी। 24 जून को मायके पक्ष को सुधा की ट्रेन से कटकर मौत की सूचना मिली। पड़ताल करने पर पता चला कि सुधा का शव गाजियाबाद क्षेत्र में मिलने के बाद वहां की पुलिस ने उसका अंतिम संस्कार कर दिया। आरोप है कि 18 जून को सुधा को उसकी सास रेलवे लाइन के पास घुमाने के लिए ले गई थी। मायके पक्ष ने शक जाहिर किया है कि सास ने ही उसे रेलवे लाइन पर धक्का दिया, जिससे सुधा की मौत हुई है। बिसरख कोतवाली पुलिस का कहना है कि शिकायत के आधार पर पति समेत छह ससुराल वालों पर केस दर्ज कर जांच की जा रही है। हालांकि पता चला है कि घटना के दौरान पति ड्यूटी पर था।
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