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पुलिस पर महिला किसानों से बदसलूकी का आरोप, महिला आयोग से शिकायत
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पुलिस पर महिला किसानों से बदसलूकी का आरोप, महिला आयोग से शिकायत
नगीना। मेवात किसान संघर्ष समिति हरियाणा ने राज्य महिला आयोग में पुलिसकर्मियों के खिलाफ शिकायत देकर कार्रवाई करने की मांग की है। आरोप है कि बीते शनिवार को दिल्ली कूच कर रहीं महिला किसानों को रोककर पुलिस ने उसके साथ धक्का-मुक्की की। बिना महिला पुलिस के उन्हें गलत तरीके से रोका गया। संगठन की मांग है कि इस मामले में पुलिस को माफी मांगनी चाहिए। संघर्ष समिति का कहना है कि जो वीडियो महिला किसानों की तरफ से जारी किए गए हैं उनमें पुलिस और किसानों के बीच काफी धक्का-मुक्की और हाथ पकड़ने जैसी घटनाएं दिखाई दे रही है।
बता दें कि शनिवार दोपहर हुए संघर्ष में महिला किसानों का पांच बार पुलिस से टकराव हुआ, लाठियां छीनी गई थीं। किसान नेता ऐमना, इस्लामी ने बताया कि महिला किसानों को पुरुष पुलिसकर्मी रोक रहे थे। उनके साथ धक्का-मुक्की भी की गई। उन्होंने इसकी शिकायत केंद्रीय महिला आयोग और राज्य महिला आयोग में की दी। समिति की ओर से सैकड़ों महिला किसानों से हस्ताक्षर कराकर एक पत्र गृहमंत्री, सचिव गृह मंत्रालय भारत सरकार और गृह सचिव हरियाणा को भी भेजा गया है। यह महिला अधिकारों का हनन है। इस मामले में प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को भी पत्र भेजे जाएंगे। वहीं नगीना थाने के एसएचओ रमेश चंद्र ने बताया कि हमने घेराबंदी की थी, जब तक महिला पुलिस मौके पर नहीं पहुंची थी। सरकार के आदेश पर महिला किसानों को दिल्ली जाने से हर हाल में रोकना था। किसी के साथ धक्का-मुक्की हुई है तो उसकी जांच की जाएगी। महिला किसान हमारी माताएं-बहनें हैं। हम अपना कर्तव्य निभा रहे थे।
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नगीना। मेवात किसान संघर्ष समिति हरियाणा ने राज्य महिला आयोग में पुलिसकर्मियों के खिलाफ शिकायत देकर कार्रवाई करने की मांग की है। आरोप है कि बीते शनिवार को दिल्ली कूच कर रहीं महिला किसानों को रोककर पुलिस ने उसके साथ धक्का-मुक्की की। बिना महिला पुलिस के उन्हें गलत तरीके से रोका गया। संगठन की मांग है कि इस मामले में पुलिस को माफी मांगनी चाहिए। संघर्ष समिति का कहना है कि जो वीडियो महिला किसानों की तरफ से जारी किए गए हैं उनमें पुलिस और किसानों के बीच काफी धक्का-मुक्की और हाथ पकड़ने जैसी घटनाएं दिखाई दे रही है।
बता दें कि शनिवार दोपहर हुए संघर्ष में महिला किसानों का पांच बार पुलिस से टकराव हुआ, लाठियां छीनी गई थीं। किसान नेता ऐमना, इस्लामी ने बताया कि महिला किसानों को पुरुष पुलिसकर्मी रोक रहे थे। उनके साथ धक्का-मुक्की भी की गई। उन्होंने इसकी शिकायत केंद्रीय महिला आयोग और राज्य महिला आयोग में की दी। समिति की ओर से सैकड़ों महिला किसानों से हस्ताक्षर कराकर एक पत्र गृहमंत्री, सचिव गृह मंत्रालय भारत सरकार और गृह सचिव हरियाणा को भी भेजा गया है। यह महिला अधिकारों का हनन है। इस मामले में प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को भी पत्र भेजे जाएंगे। वहीं नगीना थाने के एसएचओ रमेश चंद्र ने बताया कि हमने घेराबंदी की थी, जब तक महिला पुलिस मौके पर नहीं पहुंची थी। सरकार के आदेश पर महिला किसानों को दिल्ली जाने से हर हाल में रोकना था। किसी के साथ धक्का-मुक्की हुई है तो उसकी जांच की जाएगी। महिला किसान हमारी माताएं-बहनें हैं। हम अपना कर्तव्य निभा रहे थे।
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