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Noida News: दिल्ली से न्यू नोएडा तक बिछेगा नए सड़कों का जाल
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दिल्ली से न्यू नोएडा तक बिछेगा सड़कों का जाल
-यातायात संबंधी रिजनल कनेक्टिविटी प्लान बनाने के लिए चुनी जाएगी सलाहकार एजेंसी
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। दिल्ली से डीएनजीआईआर यानी न्यू नोएडा क्षेत्र तक यातायात की सुविधा के लिए नई सड़कों का जाल बिछेगा। दिल्ली-एनसीआर में जाम की समस्या को दूर करने और विकसित किए जाने वाले क्षेत्र की बेहतर कनेक्टिविटी के लिए यह कदम उठाया जाएगा । नोएडा प्राधिकरण बोर्ड ने इसके लिए सलाहकार एजेंसी चयनित करने का फैसला किया है। जो पहले चरण में योजना बनाएगा। इसके लिए जल्द ही रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल (आरएफपी) जारी होगा।
दरअसल, दिल्ली-एनसीआर में जाम की समस्या आम है। जिसे दूर करने के लिए कई एलिवेटेड रोड, अंडरपास, फ्लाईओवर और एक्सप्रेसवे आदि बनाए गए हैं। लेकिन जैसे-जैसे जनसंख्या बढ़ती जा रही है। वैसे-वैसे सड़कों पर वाहनों का दबाव भी बढ़ता जा रहा है। आलम यह है कि नोएडा में लिंक रोड के अलावा एक्सप्रेसवे पर भी कई बार वाहनों को सुबह और शाम के व्यस्त समय में जाम में फंसना पड़ता है। ऐसे में अब यहां सड़कों का नेटवर्क सुधारने पर पूरा जोर होगा। इसी कड़ी में एक रिजनल कनेक्टिविटी प्लान पर काम शुरू करने का फैसला किया गया है। इसका दायरा दिल्ली से नोएडा, ग्रेटर नोएडा, बुलंदशहर तक होगा। यानी नए बसाए जा रहे न्यू नोएडा तक को इसका फायदा दिलाने का फैसला किया गया है।
तीनों प्राधिकरण की बनेगी समिति
यातायात संबंधी रिजनल कनेक्टिविटी प्लान के लिए नोएडा, ग्रेनो और यमुना प्राधिकरण के अधिकारियों की समिति बनेगी। खास बात यह कि तीनों प्राधिकरण मिलकर रिजनल प्लान का खर्च वहन करेंगे।
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लैंड यूज का रखा जाएगा ध्यान
सीईओ लोकेश एम ने बताया कि रिजनल प्लान बनाते हुए लैंड यूज का खासा ध्यान रखा जाएगा। यानी जहां से मुख्य सड़क निकाली जा रही है। वहां रिहाइशी इलाके हैं या फिर औद्योगिक या संस्थागत निर्माण हैं। इसकी मदद से नई सड़कों के निर्माण के लिए योजना बनाई जा सकेगी। स्कूल, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन तक पहुंच बनाने के लिए आम आदमी को सहूलियत देना जरूरी होगा।
औद्योगिक क्षेत्र का विशेष ध्यान रखा जाएगा
नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण के औद्योगिक क्षेत्र का इस रिजनल प्लान में जोर होगा। इसके माध्यम से यह देखा जाएगा कि औद्योगिक क्षेत्र के वेयर हाउस से रेलवे स्टेशन कितना दूर है। औद्योगिक क्षेत्र के कार्गो को स्टेशन तक पहुंचाने में कितना समय लगेगा। बीच में यातायात की व्यवस्था कैसी है। अगर वहां से किसी अन्य रास्ते से आसानी से पहुंचा जा सकता है तो इसके लिए सड़क बनाने पर फैसला होगा।
यहां के निवासियों को होगा फायदा
नोएडा, ग्रेटर नोएडा, दिल्ली, बुलंदशहर, खुर्जा
कुछ इस तरह की बनेंगीं नई सड़कें
पेरिफेरल रोड, आर्टेरियल रोड, एलिवेटेड रोड, फ्लाईओवर, एक्सप्रेसवे, ज्यादा चौड़ी सर्विस रोड, सेक्टरों को जोड़ने के लिए मुख्य सड़कें, शहर की मुख्य सड़क से कनेक्टिविटी आदि।
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-यातायात संबंधी रिजनल कनेक्टिविटी प्लान बनाने के लिए चुनी जाएगी सलाहकार एजेंसी
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। दिल्ली से डीएनजीआईआर यानी न्यू नोएडा क्षेत्र तक यातायात की सुविधा के लिए नई सड़कों का जाल बिछेगा। दिल्ली-एनसीआर में जाम की समस्या को दूर करने और विकसित किए जाने वाले क्षेत्र की बेहतर कनेक्टिविटी के लिए यह कदम उठाया जाएगा । नोएडा प्राधिकरण बोर्ड ने इसके लिए सलाहकार एजेंसी चयनित करने का फैसला किया है। जो पहले चरण में योजना बनाएगा। इसके लिए जल्द ही रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल (आरएफपी) जारी होगा।
दरअसल, दिल्ली-एनसीआर में जाम की समस्या आम है। जिसे दूर करने के लिए कई एलिवेटेड रोड, अंडरपास, फ्लाईओवर और एक्सप्रेसवे आदि बनाए गए हैं। लेकिन जैसे-जैसे जनसंख्या बढ़ती जा रही है। वैसे-वैसे सड़कों पर वाहनों का दबाव भी बढ़ता जा रहा है। आलम यह है कि नोएडा में लिंक रोड के अलावा एक्सप्रेसवे पर भी कई बार वाहनों को सुबह और शाम के व्यस्त समय में जाम में फंसना पड़ता है। ऐसे में अब यहां सड़कों का नेटवर्क सुधारने पर पूरा जोर होगा। इसी कड़ी में एक रिजनल कनेक्टिविटी प्लान पर काम शुरू करने का फैसला किया गया है। इसका दायरा दिल्ली से नोएडा, ग्रेटर नोएडा, बुलंदशहर तक होगा। यानी नए बसाए जा रहे न्यू नोएडा तक को इसका फायदा दिलाने का फैसला किया गया है।
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तीनों प्राधिकरण की बनेगी समिति
यातायात संबंधी रिजनल कनेक्टिविटी प्लान के लिए नोएडा, ग्रेनो और यमुना प्राधिकरण के अधिकारियों की समिति बनेगी। खास बात यह कि तीनों प्राधिकरण मिलकर रिजनल प्लान का खर्च वहन करेंगे।
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लैंड यूज का रखा जाएगा ध्यान
सीईओ लोकेश एम ने बताया कि रिजनल प्लान बनाते हुए लैंड यूज का खासा ध्यान रखा जाएगा। यानी जहां से मुख्य सड़क निकाली जा रही है। वहां रिहाइशी इलाके हैं या फिर औद्योगिक या संस्थागत निर्माण हैं। इसकी मदद से नई सड़कों के निर्माण के लिए योजना बनाई जा सकेगी। स्कूल, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन तक पहुंच बनाने के लिए आम आदमी को सहूलियत देना जरूरी होगा।
औद्योगिक क्षेत्र का विशेष ध्यान रखा जाएगा
नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण के औद्योगिक क्षेत्र का इस रिजनल प्लान में जोर होगा। इसके माध्यम से यह देखा जाएगा कि औद्योगिक क्षेत्र के वेयर हाउस से रेलवे स्टेशन कितना दूर है। औद्योगिक क्षेत्र के कार्गो को स्टेशन तक पहुंचाने में कितना समय लगेगा। बीच में यातायात की व्यवस्था कैसी है। अगर वहां से किसी अन्य रास्ते से आसानी से पहुंचा जा सकता है तो इसके लिए सड़क बनाने पर फैसला होगा।
यहां के निवासियों को होगा फायदा
नोएडा, ग्रेटर नोएडा, दिल्ली, बुलंदशहर, खुर्जा
कुछ इस तरह की बनेंगीं नई सड़कें
पेरिफेरल रोड, आर्टेरियल रोड, एलिवेटेड रोड, फ्लाईओवर, एक्सप्रेसवे, ज्यादा चौड़ी सर्विस रोड, सेक्टरों को जोड़ने के लिए मुख्य सड़कें, शहर की मुख्य सड़क से कनेक्टिविटी आदि।